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रसोइयों ने एनजीओ से मिड-डे मील न बनने देने की दी चेतावनी
Protest of rasowiya
Updated Sun, 18 Sep 2016 09:09 PM IST
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नार्मल परिसर में रसोइया दिवस मनातीं रसोइया कार्यकत्री कल्याण समिति की महिलाएं।
- फोटो : Shivharsh Dwivedi
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रसोइया कार्यकत्री कल्याण समिति के बैनर तले रविवार को नार्मल परिसर में रसोइया दिवस मनाया। इस दौरान आयोजित सम्मेलन में रसोइयों ने पाल्य व्यवस्था योजना समाप्त करने और मानदेय बढ़ाकर तीन हजार रुपये करने की मांग की। रसोइयों ने कहा कि स्कूलों में एनजीओ से मिड-डे मील बनवाने की प्रदेश सरकार मंशा को कामयाब नहीं होने देंगे।
समिति के प्रदेश अध्यक्ष रामललित वर्मा ने कहा कि सरकार को रसोइया नियुक्ति में पाल्य व्यवस्था योजना को समाप्त किया जाना चाहिए। कहा कि रसोइयों का मानदेय मनरेगा मजदूरों के बराबर नहीं है, यह अत्यंत ही दुखद है। प्रदेश महासचिव रामपाल पांडेय ने कहा कि विगत कई वर्षों से कार्य कर रही रसोईयों का मानदेय किसी भी शासन काल में नहीं बढ़ाया गया। पुराना मानदेय आज भी दिया जा रहा है इसे बढ़ाकर 3 हजार रुपये किया जाना चाहिए।
मंडल अध्यक्ष रीता देवी ने कहा कि छात्र संख्या की कमी होने पर रसोइयों को निष्कासित करने की प्रक्रिया को बंद किया जाना चाहिए। छात्रों की संख्या बढ़ाने की जिम्मेदारी शिक्षकों की होती है न की रसोइयों की है। सम्मेलन में बड़ी संख्या में रसोइयां बेलन लेकर पहुंचीं थीं। रामवृक्ष यादव, जगदीश यादव, गीता देवी, मंजू देवी, संजू देवी, अहिल्या शुक्ला, प्रियंका देवी, रमाशंकर गौड़, बेबी गौड़, पार्वती देवी, प्रभुनाथ गुप्ता आदि मौजूद थे।
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समिति के प्रदेश अध्यक्ष रामललित वर्मा ने कहा कि सरकार को रसोइया नियुक्ति में पाल्य व्यवस्था योजना को समाप्त किया जाना चाहिए। कहा कि रसोइयों का मानदेय मनरेगा मजदूरों के बराबर नहीं है, यह अत्यंत ही दुखद है। प्रदेश महासचिव रामपाल पांडेय ने कहा कि विगत कई वर्षों से कार्य कर रही रसोईयों का मानदेय किसी भी शासन काल में नहीं बढ़ाया गया। पुराना मानदेय आज भी दिया जा रहा है इसे बढ़ाकर 3 हजार रुपये किया जाना चाहिए।
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मंडल अध्यक्ष रीता देवी ने कहा कि छात्र संख्या की कमी होने पर रसोइयों को निष्कासित करने की प्रक्रिया को बंद किया जाना चाहिए। छात्रों की संख्या बढ़ाने की जिम्मेदारी शिक्षकों की होती है न की रसोइयों की है। सम्मेलन में बड़ी संख्या में रसोइयां बेलन लेकर पहुंचीं थीं। रामवृक्ष यादव, जगदीश यादव, गीता देवी, मंजू देवी, संजू देवी, अहिल्या शुक्ला, प्रियंका देवी, रमाशंकर गौड़, बेबी गौड़, पार्वती देवी, प्रभुनाथ गुप्ता आदि मौजूद थे।
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