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फर्जी लाइसेंस प्रकरण के आरोपियों पर रासुका की प्रक्रिया शुरू
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फर्जी लाइसेंस प्रकरण के आरोपियों पर रासुका की प्रक्रिया शुरू
गोरखपुर। फर्जी लाइसेंस पर असलहा खरीदने के सनसनीखेज मामले में पकड़े गए आरोपियों पर पुलिस ने रासुका के तहत कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी है। उधर, पुलिस को मुखबिर के जरिए चार और नाम पता चले है, जिन्होंने फर्जी लाइसेंस पर असलहा खरीदा है। पुलिस का कहना है कि चारो की लोकेशन पता की जा रही है। पूरी पुष्टि होने के बाद आरोपियों को दबोच लिया जाएगा। इस मामले में अभी तक पूर्व असलहा बाबुओं समेत 12 लोगों को जेल भेजा जा चुका है।
14 अगस्त को गोरखनाथ इलाके से तनवीर नाम के शख्स को फर्जी लाइसेंस और उसपर खरीदे गए असलहे के साथ पकड़े जाने के बाद पहली बार यह मामला सामने आया था। इसके बाद शुरू हुई जांच में एक के बाद एक तथ्य सामने आते गए। मामला उजागर होने के बाद असलहा बाबू राम सिंह की तहरीर पर कैंट थाने में केस दर्ज कराया गया था। इसमें रवि आर्म्स के मालिक का नाम भी शामिल था। जांच आगे बढ़ी और पुलिस ने तनवीर, प्रापर्टी डीलर विजय प्रताप, शमशाद आलम, ढाबा संचालक प्रणय प्रताप सिंह, रवि गन हाउस के मालिक के बेटे रवि प्रकाश पांडेय, शिवम मिश्रा, विकास तिवारी, असलहा बाबू रहे राम सिंह, अशोक गुप्ता, विजय प्रकाश, कंप्यूटर ऑपरेटर रहे अजय गिरी, सपा नेता आजम लारी समेत 12 लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा। प्रशासन की ओर से सूची ना आने की वजह से अभी जांच तो रुकी है लेकिन पुलिस मुखबिरों की मदद से जांच आगे बढ़ा रही है।
रवि गन हाउस मालिक की जल्द हो सकती है गिरफ्तारी
रवि गन हाउस के मालिक प्रकाश नारायण पांडेय की जल्द गिरफ्तारी हो सकती है। पुलिस को उसकी लोकेशन मिल गई है। खबर है एक टीम उसकी गिरफ्तारी के लिए लगाई गई है।
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आरोपियों पर रासुका की कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। चार और लोगों का नाम सामने आया है, उनकी लोकेशन पता कर जल्द ही गिरफ्तारी की जाएगी। -बोत्रे रोहन प्रमोद, एएसपी
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गोरखपुर। फर्जी लाइसेंस पर असलहा खरीदने के सनसनीखेज मामले में पकड़े गए आरोपियों पर पुलिस ने रासुका के तहत कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी है। उधर, पुलिस को मुखबिर के जरिए चार और नाम पता चले है, जिन्होंने फर्जी लाइसेंस पर असलहा खरीदा है। पुलिस का कहना है कि चारो की लोकेशन पता की जा रही है। पूरी पुष्टि होने के बाद आरोपियों को दबोच लिया जाएगा। इस मामले में अभी तक पूर्व असलहा बाबुओं समेत 12 लोगों को जेल भेजा जा चुका है।
14 अगस्त को गोरखनाथ इलाके से तनवीर नाम के शख्स को फर्जी लाइसेंस और उसपर खरीदे गए असलहे के साथ पकड़े जाने के बाद पहली बार यह मामला सामने आया था। इसके बाद शुरू हुई जांच में एक के बाद एक तथ्य सामने आते गए। मामला उजागर होने के बाद असलहा बाबू राम सिंह की तहरीर पर कैंट थाने में केस दर्ज कराया गया था। इसमें रवि आर्म्स के मालिक का नाम भी शामिल था। जांच आगे बढ़ी और पुलिस ने तनवीर, प्रापर्टी डीलर विजय प्रताप, शमशाद आलम, ढाबा संचालक प्रणय प्रताप सिंह, रवि गन हाउस के मालिक के बेटे रवि प्रकाश पांडेय, शिवम मिश्रा, विकास तिवारी, असलहा बाबू रहे राम सिंह, अशोक गुप्ता, विजय प्रकाश, कंप्यूटर ऑपरेटर रहे अजय गिरी, सपा नेता आजम लारी समेत 12 लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा। प्रशासन की ओर से सूची ना आने की वजह से अभी जांच तो रुकी है लेकिन पुलिस मुखबिरों की मदद से जांच आगे बढ़ा रही है।
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रवि गन हाउस मालिक की जल्द हो सकती है गिरफ्तारी
रवि गन हाउस के मालिक प्रकाश नारायण पांडेय की जल्द गिरफ्तारी हो सकती है। पुलिस को उसकी लोकेशन मिल गई है। खबर है एक टीम उसकी गिरफ्तारी के लिए लगाई गई है।
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आरोपियों पर रासुका की कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। चार और लोगों का नाम सामने आया है, उनकी लोकेशन पता कर जल्द ही गिरफ्तारी की जाएगी। -बोत्रे रोहन प्रमोद, एएसपी