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तहसीलदार, एसओ के सामने महिला ने पिया कीटनाशक
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Updated Sat, 25 Jun 2016 01:35 AM IST
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खेत की पैमाइश करने गए तहसीलदार और एसओ के सामने महिला ने कीटनाशक पी लिया। हालत बिगड़ने पर परिवार के लोगों ने उसे सीएचसी में भर्ती कराया। घटना के बाद से अधिकारी लौट गए। महिला पैमाइश का विरोध कर रही थी।
सरपतहा, गांव के पाठा टोला निवासी भगवान दास व देवेंद्र के बीच जमीन के सीमांकन को लेकर विवाद है। एसडीएम कोर्ट में मामला विचाराधीन है। दोनों पक्ष की बात सुनने के बाद एसडीएम ने सीमांकन कराने का आदेश दिया था। शुक्रवार को तहसीलदार विपिन सिंह, एसओ बृजेश यादव फोर्स के साथ गांव में विवाद को निपटाने पहुंचे थे। जानकारी के बाद देवेंद्र के साथ ही उनकी पत्नी उषा भी आ गईं। अधिकारियों ने खेत की पैमाइश शुरू की तो उषा ने विरोध कर दिया। सख्ती दिखाने पर सबके सामने ही उसने कीटनाशक पी लिया।
हालत बिगड़ने पर परिवार के लोग लेकर सीएचसी चले गए। घटना के बाद तहसीलदार और एसओ बिना पैमाइश कराए ही लौट गए। प्राथमिक उपचार के बाद देर शाम डॉक्टर ने उषा को घर भेज दिया। महिला का कहना था कि नेताओं के दबाव में अधिकारी उसकी बात को अनसुनी कर मनमानी कर रहे थे। तहसीलदार और एसओ ने अपने सामने कोई घटना होने से इंकार किया है।
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सरपतहा, गांव के पाठा टोला निवासी भगवान दास व देवेंद्र के बीच जमीन के सीमांकन को लेकर विवाद है। एसडीएम कोर्ट में मामला विचाराधीन है। दोनों पक्ष की बात सुनने के बाद एसडीएम ने सीमांकन कराने का आदेश दिया था। शुक्रवार को तहसीलदार विपिन सिंह, एसओ बृजेश यादव फोर्स के साथ गांव में विवाद को निपटाने पहुंचे थे। जानकारी के बाद देवेंद्र के साथ ही उनकी पत्नी उषा भी आ गईं। अधिकारियों ने खेत की पैमाइश शुरू की तो उषा ने विरोध कर दिया। सख्ती दिखाने पर सबके सामने ही उसने कीटनाशक पी लिया।
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हालत बिगड़ने पर परिवार के लोग लेकर सीएचसी चले गए। घटना के बाद तहसीलदार और एसओ बिना पैमाइश कराए ही लौट गए। प्राथमिक उपचार के बाद देर शाम डॉक्टर ने उषा को घर भेज दिया। महिला का कहना था कि नेताओं के दबाव में अधिकारी उसकी बात को अनसुनी कर मनमानी कर रहे थे। तहसीलदार और एसओ ने अपने सामने कोई घटना होने से इंकार किया है।
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