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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   पार्षद ने निगम कर्मचारियों को पीटा, कार्य बहिष्कार

पार्षद ने नगर निगम कर्मचारियों को पीटा, कार्य बहिष्कार

Tue, 27 Mar 2018 08:40 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर।
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर। Updated Tue, 27 Mar 2018 08:40 PM IST
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पार्षद ने निगम कर्मचारियों को पीटा, कार्य बहिष्कार
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जाफरा बाजार के पार्षद इरशाद अहमद पर दो कर्मचारियों ने पीटने और जबरदस्ती काम लेने का आरोप लगाया है। कर्मचारियों की पिटाई की जानकारी मिलने के बाद निर्माण विभाग के फील्ड के सभी कर्मचारियों ने कार्य बहिष्कार कर दिया और बैठक कर पार्षद के माफी मांगने तक उनके वार्ड में काम न करने का निर्णय लिया।
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शनिवार को नगर निगम के निर्माण विभाग के बेलदार भागीरथी और दिवाकर जाफरा बाजार में इंटरलॉकिंग का काम कर रहे थे। नगर निगम कर्मचारी समन्वय समिति के कार्यवाहक अध्यक्ष कौशल कुमार शुक्ल ने बताया कि शनिवार को तकरीबन साढे़ चार बजे काम निपटाने के बाद कर्मचारी जाने लगे तो पार्षद इरशाद अहमद ने उन्हें रोक लिया। देर शाम तक काम करने का दबाव बनाने लगे। आरोप है कि कर्मचारियों के अगले दिन काम करने की बात पर पार्षद ने कर्मचारियों को गाली देना शुरू कर दिया, और फिर मारने-पीटने लगे।
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कर्मचारियों ने मंगलवार को घटना की जानकारी नगर आयुक्त, चीफ इंजीनियर के अलावा कर्मचारी नेताओं को दी। इसके बाद निर्माण विभाग के फील्ड के सभी कर्मचारियों ने बैठक की और पार्षद के माफी मांगने तक जाफरा बाजार वार्ड में कार्य बहिष्कार का निर्णय लिया। इस दौरान शेषनाथ पांडेय, रामअधार दास, रुदल यादव, संजय श्रीवास्तव समेत काफी संख्या में कर्मचारी मौजूद रहे।
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मेयर ने पार्षद को दी नसीहत
इस मसले पर कर्मचारी मेयर सीताराम जायसवाल से भी मिले। मेयर ने पार्षद को फोन कर रवैए पर आपत्ति जताई और फिर से ऐसी घटना न हो, इसकी सख्त हिदायत दी। मेयर ने कहा कि पार्षद ने घटना पर दुख जताते हुए माफी भी मांगी।

कुछ दिन पहले भी पार्षद ने की थी मारपीट
पिछले माह वार्ड में स्ट्रीट लाइट की समस्या दूर कराने की मांग लेकर जलकल परिसर पहुंचे पार्षद इरशाद अहमद की निगम के कर्मचारियों से बहस हो गई थी। गाली गलौज और मारपीट के बाद दोनों पक्षों ने थाने में तहरीर दी थी।

निगम के कर्मचारियों का आरोप पूरी तरह से झूठा है। इन कर्मचारियों से केवल काम करने के लिए कहा जा रहा था, लेकिन उन्होंने दूसरी बात फैला दी। ऐसा लगता है कि पार्षद होने के बावजूद हमें अपने क्षेत्र में काम कराने का कोई अधिकार ही नहीं रह गया है।

- इरशाद अहमद, पार्षद, जाफरा बाजार

कर्मचारियों ने इस संबंध में जानकारी दी है। अपर आयुक्त को मामले की जांच की जिम्मेदारी दी गई है। सभी पक्षों से बात कर वह जांच रिपोर्ट देंगे। इसके बाद कार्रवाई की जाएगी।
- प्रेमप्रकाश सिंह, नगर आयुक्त
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