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बैंक बंद-एटीएम सूखे और भटके लोग
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Updated Wed, 07 Dec 2016 01:25 AM IST
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बैक रोड मुख्य शाखा के एटीएम पर रुपये निकालने के लिए कतार मे खड़े लोग।
- फोटो : Rajesh Kumar
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नोट की उम्मीद में मंगलवार को बैंक और एटीएम पहुुंचे अधिकांश लोगों को निराशा हाथ लगी। नकदी की किल्लत का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि शहर के 268 में सिर्फ 28 एटीएम में ही लोगों को रुपये मिले। बाकी एटीएम पर लोग चक्कर काटते रहे। देर रात तक जिन एटीएम में रुपये निकले, वहां भी लाइनें लगी रहीं।
सिटी मॉल के सामने यश बैंक और कोटक महिंद्रा बैंक, अलहदादापुर स्थित एचडीएफसी बैंक और एसबीआई मेन ब्रांच के एटीएम पर नोट निकालने के लिए लंबी-लंबी कतारें लगी रहीं। सुबह से ही इन एटीएम पर लोग लाइन में लग गए। लोग रुपये निकालते रहे और लाइन घटने का नाम नहीं ले रही थी। उधर, रुस्तमपुर, आजाद चौक, तारामंडल, पैडलेगंज इलाके में एक भी एटीएम से नोट नहीं निकले।
बैंक रोड में एसबीआई के एटीएम को छोड़ बाकी सभी एटीएम के या तो शटर गिरे रहे या नोट नहीं थे। एटीएम बंद होने के बाद भी लोग बाहर इस उम्मीद में खड़े रहे कि शायद रुपये डालने वाली गाड़ी आ जाए, लेकिन जब शाम तक एटीएम के शटर नहीं खुले तो भीड़ छंटने लगी।
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सिटी मॉल के सामने यश बैंक और कोटक महिंद्रा बैंक, अलहदादापुर स्थित एचडीएफसी बैंक और एसबीआई मेन ब्रांच के एटीएम पर नोट निकालने के लिए लंबी-लंबी कतारें लगी रहीं। सुबह से ही इन एटीएम पर लोग लाइन में लग गए। लोग रुपये निकालते रहे और लाइन घटने का नाम नहीं ले रही थी। उधर, रुस्तमपुर, आजाद चौक, तारामंडल, पैडलेगंज इलाके में एक भी एटीएम से नोट नहीं निकले।
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बैंक रोड में एसबीआई के एटीएम को छोड़ बाकी सभी एटीएम के या तो शटर गिरे रहे या नोट नहीं थे। एटीएम बंद होने के बाद भी लोग बाहर इस उम्मीद में खड़े रहे कि शायद रुपये डालने वाली गाड़ी आ जाए, लेकिन जब शाम तक एटीएम के शटर नहीं खुले तो भीड़ छंटने लगी।
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