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सीताहरण की लीला का मंचन हुआ
Updated Tue, 26 Sep 2017 09:31 PM IST
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गोरखपुर।
आर्यनगर रामलीला समिति के तत्वावधान में मानसरोवर मैदान में जारी रामलीला के आठवें दिन पंचवटी प्रवेश से लेकर सीताहरण तक का मंचन हुआ। अयोध्या के मां सरयू आदर्श रामलीला मंडल के कलाकारों ने बेहतरीन अभिनय किया।
शुरुआत जयंत परीक्षा की लीला से हुई। इसके बाद भगवान के पंचवटी प्रवेश का मंचन किया गया। यहां रावण की बहन सूपर्णखा की नाक लक्ष्मण जी काट देते हैं। इसके बाद सूपर्णखा रावण को जाकर इसकी जानकारी देती है। रावण मामा मारिच को लेकर पंचवटी आता है। मारिच स्वर्ण मृग का रूप ले लेता है। सुंदर मृग को देख कर माता सीता उसे प्राप्त करना चाहती हैं। इधर राम मृग का पीछा करते हुए वन में जाते हैं। श्रीराम का बाण के लगते ही मृग के रूप में आया हुआ राक्षस मारीच रामजी की आवाज में हे लक्ष्मण, हे लक्ष्मण चिल्लाते हुए गिर जाता है। श्रीराम की आवाज सुनकर जानकी व्याकुलता से लक्ष्मण को पता करने बोलती हैं कि कहीं स्वामी संकट में तो नहीं हैं। उनके जाते ही पीछे से रावण ब्राह्मण रूप में भिक्षा मांगने के बहाने जानकी जी का हरण कर लेता है। नगर मजिस्ट्रेट विवेक कुमार श्रीवास्तव, क्षेत्राराधिकारी नगर तारकेश्वर पाण्डेय, पुष्प दंत जैन, भगवती जालान, डॉ. संजीव गुलाटी आदि मौजूद रहे।
आर्यनगर रामलीला समिति के तत्वावधान में मानसरोवर मैदान में जारी रामलीला के आठवें दिन पंचवटी प्रवेश से लेकर सीताहरण तक का मंचन हुआ। अयोध्या के मां सरयू आदर्श रामलीला मंडल के कलाकारों ने बेहतरीन अभिनय किया।
शुरुआत जयंत परीक्षा की लीला से हुई। इसके बाद भगवान के पंचवटी प्रवेश का मंचन किया गया। यहां रावण की बहन सूपर्णखा की नाक लक्ष्मण जी काट देते हैं। इसके बाद सूपर्णखा रावण को जाकर इसकी जानकारी देती है। रावण मामा मारिच को लेकर पंचवटी आता है। मारिच स्वर्ण मृग का रूप ले लेता है। सुंदर मृग को देख कर माता सीता उसे प्राप्त करना चाहती हैं। इधर राम मृग का पीछा करते हुए वन में जाते हैं। श्रीराम का बाण के लगते ही मृग के रूप में आया हुआ राक्षस मारीच रामजी की आवाज में हे लक्ष्मण, हे लक्ष्मण चिल्लाते हुए गिर जाता है। श्रीराम की आवाज सुनकर जानकी व्याकुलता से लक्ष्मण को पता करने बोलती हैं कि कहीं स्वामी संकट में तो नहीं हैं। उनके जाते ही पीछे से रावण ब्राह्मण रूप में भिक्षा मांगने के बहाने जानकी जी का हरण कर लेता है। नगर मजिस्ट्रेट विवेक कुमार श्रीवास्तव, क्षेत्राराधिकारी नगर तारकेश्वर पाण्डेय, पुष्प दंत जैन, भगवती जालान, डॉ. संजीव गुलाटी आदि मौजूद रहे।
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