{"_id":"5b465c1d4f1c1bae288b5fd2","slug":"181531337757-gorakhpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"आरईएस के एक्सईएन से सवाल जवाब","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आरईएस के एक्सईएन से सवाल जवाब
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर।
Updated Thu, 12 Jul 2018 02:06 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गोरखपुर। अब मंडल भर के इंसेफेलाइटिस ट्रीटमेंट सेंटर (ईटीसी), सीएचसी और पीएचसी पर तैनात डॉक्टरों की उपस्थिति लेखपाल जांचेंगे। वे उपस्थित डॉक्टरों की फोटो लेंगे और उसे सीएमओ व जिला प्रशासन को उपलब्ध कराएंगे। बुधवार को विकास कार्यों की मंडलीय समीक्षा बैठक के दौरान कमिश्नर अनिल कुमार ने गोरखपुर के साथ ही देवरिया, महराजगंज, कुशीनगर के डीएम को डॉक्टरों की उपस्थिति जांचने संबंधी यह नई व्यवस्था शुरू करने का निर्देश दिया। हालांकि लेखपाल अभी हड़ताल पर हैं। हड़ताल कब खत्म होगी और कब इस नई व्यवस्था के तहत डॉक्टरों की हाजिरी जांचने का काम शुरू होगा इसे लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है।
इसी तरह महराजगंज में पीएमजीएसवाई के कार्यों की सही जानकारी नहीं दे पाने पर कमिश्नर ने आरईएस के अधीक्षण अभियंता से स्पष्टीकरण मांगा है। बाढ़ से बचाव कार्यों की समीक्षा करते हुए कमिश्नर ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी बंधों के रैटहोल एवं रेनकट की लगातार निगरानी की जाए। कहीं गड़बड़ हो तो उसे ठीक कराया जाए। साथ ही बाढ़ चौकी व राहत शिविरों के लिए जरूरी व्यवस्था कर ली जाए। उन्होंने दवाओं की उपलब्धता, एंबुलेंस के संचालन तथा संस्थागत प्रसव की समीक्षा करते हुए निर्देश दिया कि खराब काम करने वाली आशा, एएनएम पर कार्रवाई की जाए।
विज्ञापन
इसी तरह महराजगंज में पीएमजीएसवाई के कार्यों की सही जानकारी नहीं दे पाने पर कमिश्नर ने आरईएस के अधीक्षण अभियंता से स्पष्टीकरण मांगा है। बाढ़ से बचाव कार्यों की समीक्षा करते हुए कमिश्नर ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी बंधों के रैटहोल एवं रेनकट की लगातार निगरानी की जाए। कहीं गड़बड़ हो तो उसे ठीक कराया जाए। साथ ही बाढ़ चौकी व राहत शिविरों के लिए जरूरी व्यवस्था कर ली जाए। उन्होंने दवाओं की उपलब्धता, एंबुलेंस के संचालन तथा संस्थागत प्रसव की समीक्षा करते हुए निर्देश दिया कि खराब काम करने वाली आशा, एएनएम पर कार्रवाई की जाए।
विज्ञापन