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बढञते मौसम के पारे के साथ बढ़े डायरिया के मरीज

Tue, 28 May 2019 12:32 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Tue, 28 May 2019 12:32 AM IST
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बढञते मौसम के पारे के साथ बढ़े डायरिया के मरीज
रहें बचकर, पांव पसार रहा डायरिया
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- जनवरी से मई तक डायरिया के 765 मरीज जिला अस्पताल पहुंचे
- इनमें से 236 मरीज केवल मई में आए चपेट में, प्राइवेट के अलग
अमर उजाला ब्यूरो
गोरखपुर। गर्मी बढ़ने के साथ ही डायरिया ने पांव पसारने शुरू कर दिए हैं। सरकारी अस्पतालों के अलावा निजी अस्पतालों में उल्टी-दस्त से पीड़ित मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। इसे देखते हुए सीएमएस ने लोगों से सावधानी बरतने और डॉक्टरों को डायरिया के मरीजों के इलाज के दौरान विशेष ख्याल रखने के निर्देश दिए हैं।
मार्च के अंतिम सप्ताह से शुरू हुआ गर्मी का प्रकोप मई के अंतिम हफ्ते में ही चरम पर पहुंच गया है। ऐसे में खाने में थोड़ी भी लापरवाही हानिकारक साबित हो रही है। जिला अस्पताल के डायरिया विभाग के शकील अहमद ने बताया कि गर्मी बढ़ते ही औसतन 10-15 मरीज रोजाना अस्पताल पहुंच रहे हैं। अस्पताल के फीजिशियन डॉ. बीके सुमन ने बताया कि अप्रैल में जहां हफ्ते में 8 से 10 डायरिया पीड़ित अस्पताल पहुंच रहे थे। मई की शुरुआत से ही मरीजों की संख्या लगभग रोज 15 से 20 तक पहुंच गई है। इसके अलावा निजी और गली मोहल्लों में खुले निजी क्लीनिकों पर भी बड़ी संख्या में डायरिया पीड़ित मरीज आ रहे हैं।
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इस समय मांसाहार से बचें
डॉ. सुमन ने गर्मी में मांसाहार न के बराबर करने की सलाह दी है। बताया कि गर्मी में मीट-मछली और अधिक मसालेदार खाने से डायरिया के साथ पेट से जुड़ी अन्य बीमारियों का भी खतरा बढ़ जाता है। तरल पदार्थ अधिक लेना लाभकर होगा।
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डायरिया के प्रमुख कारण
1- अधिक गर्म या नमीयुक्त वातावरण के साथ-साथ दूषित खानपान
2 - डायरिया प्रमुख रूप से रोटा वायरस से होता है।
3 - दूषित पानी या कई बार बाहर का दूध पिलाने से बच्चों में डायरिया हो सकता है। अगर दूध मिलावटी हो तो इसकी आशंका बढ़ जाती है
4- दांत निकलने के समय भी बच्चों को डायरिया हो सकता है। क्योंकि इस समय मसूड़ों में संवेदनशीलता के कारण वे बच्चे कुछ न कुछ चबाते हैं जो कई बार संक्रमण का कारण बन जाता है।

राहत के लिए घरेलू उपाय
1- एक गिलास पानी में दो चम्मच शकर और चुटकीभर नमक और नींबू के रस की कुछ बूंदें मिलाकर बच्चे को पिलाएं।
2 - नारियल पानी पिलाना भी फायदेमंद होगा। कच्चे नारियल का पानी बच्चे को पिलाएं जिससे पोषक तत्व भी मिलें और डायरिया से राहत भी मिले।
3- दाल का पानी, दही, केला, हल्की चाय व हल्का पाचक भोजन दें।
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मरीजों की संख्या
माह- संख्या
जनवरी - 64
फरवरी - 81
मार्च - 103
अप्रैल - 291
मई (अब तक) - 236
कुल - 775
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