{"_id":"59bc1c124f1c1b1c688b4ce9","slug":"131505500178-gorakhpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"छह हेडमास्टर, पांच सफाई कर्मी निलंबित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
छह हेडमास्टर, पांच सफाई कर्मी निलंबित
Updated Fri, 15 Sep 2017 11:59 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कुशीनगर। डीएम के आदेश पर बृहस्पतिवार को जिले के 140 परिषदीय स्कूलों व 135 ग्राम पंचायतों में सफाई, पढ़ाई व मध्याह्न भोजन की जांच की गई। जांच अफसरों ने शुक्रवार को इसकी रिपोर्ट डीएम को सौंपी। जांच रिपोर्ट के आधार पर बंद मिले छह स्कूलों के हेडमास्टर व अपनी जगह दूसरे से सफाई कार्य करा रहे पांच सफाई कर्मियों को निलंबित करने का आदेश दिया। इसके अलावा अनुपस्थित व बेहतर कार्य नहीं करने वाले 64 सफाई कर्मियों का वेतन रोक दिया। देर शाम बीएसए व डीपीआरओ को जांच रिपोर्ट भेजकर कार्रवाई का निर्देश दिया गया।
डीएम आंद्रा वामसी की तरफ से दी गई जानकारी के अनुसार 140 परिषदीय स्कूलों में मध्याह्न भोजन की जांच के लिए 14 अफसर लगाए गए थे। इसमें छह विद्यालयों में मीनू के अनुरूप भोजन नहीं बन रहा था। एक विद्यालय पर मध्याह्न भोजन ही नहीं बन रहा था। छह विद्यालय जांच में बंद पाए गए। इसके अलावा तीन स्कूलों की सफाई व्यवस्था ठीक नहीं थी। बंद विद्यालयों के अध्यापकों का तत्काल वेतन एवं दो वेतन वृद्धि रोकने का आदेश दिया गया। इसके अलावा जहां मीनू के अनुसार मध्याह्न भोजन नहीं बन रहा था वहां की रसोइया को तत्काल कार्यमुक्त करने का आदेश दिया गया। अनुपस्थित प्रधानाध्यापकों को भी निलंबित करने का आदेश दिया गया।
इसी तरह 135 ग्राम पंचायतों में सफाई कार्य की जांच कराई गई। इसमें 37 सफाई कर्मी जांच के समय मौजूद नहीं थे। 27 सफाई कर्मियों का कार्य ठीक नहीं मिला। पांच सफाई कर्मी अपनी जगह दूसरे को रखकर कार्य करा रहे थे। एक जगह सफाई कर्मी का पद रिक्त था। डीएम ने दूसरे की जगह कार्य कराने वाले पांचों सफाई कर्मियों को निलंबित करने एवं अनुपस्थित व बेहतर कार्य नहीं करने वाले 64 सफाई कर्मियों का वेतन रोकने का आदेश दिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
डीएम आंद्रा वामसी की तरफ से दी गई जानकारी के अनुसार 140 परिषदीय स्कूलों में मध्याह्न भोजन की जांच के लिए 14 अफसर लगाए गए थे। इसमें छह विद्यालयों में मीनू के अनुरूप भोजन नहीं बन रहा था। एक विद्यालय पर मध्याह्न भोजन ही नहीं बन रहा था। छह विद्यालय जांच में बंद पाए गए। इसके अलावा तीन स्कूलों की सफाई व्यवस्था ठीक नहीं थी। बंद विद्यालयों के अध्यापकों का तत्काल वेतन एवं दो वेतन वृद्धि रोकने का आदेश दिया गया। इसके अलावा जहां मीनू के अनुसार मध्याह्न भोजन नहीं बन रहा था वहां की रसोइया को तत्काल कार्यमुक्त करने का आदेश दिया गया। अनुपस्थित प्रधानाध्यापकों को भी निलंबित करने का आदेश दिया गया।
विज्ञापन
इसी तरह 135 ग्राम पंचायतों में सफाई कार्य की जांच कराई गई। इसमें 37 सफाई कर्मी जांच के समय मौजूद नहीं थे। 27 सफाई कर्मियों का कार्य ठीक नहीं मिला। पांच सफाई कर्मी अपनी जगह दूसरे को रखकर कार्य करा रहे थे। एक जगह सफाई कर्मी का पद रिक्त था। डीएम ने दूसरे की जगह कार्य कराने वाले पांचों सफाई कर्मियों को निलंबित करने एवं अनुपस्थित व बेहतर कार्य नहीं करने वाले 64 सफाई कर्मियों का वेतन रोकने का आदेश दिया है।
विज्ञापन