फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   Need to understand Firak not knowing

फिराक को जानने नहीं समझने की जरूरत

Mon, 16 Jul 2018 01:20 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर।
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर। Updated Mon, 16 Jul 2018 01:20 AM IST
विज्ञापन
Need to understand Firak not knowing
रविवार को कुमार विश्वास ने फिराक गोरखपुरी के गांव भी पहुंचे।

विज्ञापन
गोपलापुर (गोरखपुर)। फिराक गोरखपुरी की शायरी के कायल विदेशों में भी हैं। हिंदुस्तान में गालिब के सौ साल बाद अगर कोई शायर हुआ तो वह रघुपति सहाय ‘फिराक गोरखपुरी’ हैं। उनको जानने की नहीं समझने की जरूरत है। ये बातें कवि डॉ. कुमार विश्वास ने रविवार को फिराक के गांव बनवारपार में कहीं। फिराक की जन्मस्थली पर उनकी मूर्ति पर माल्यार्पण करने के बाद वह लोगों से मुखातिब थे।

उन्होंने कहा कि विदेशों में ऐसे साहित्यकारों के जन्मस्थल पर्यटन स्थल के तौर पर विकसित किए गए हैं, जिससे लोग प्रेरणा ले सकें। हमारे देश में साहित्यकारों के गांव को उपेक्षित छोड़ दिया जाता है। इसका उदाहरण बनवारपार है। उन्होंने कहा कि प्रदेश की पर्यटन मंत्री रीता बहुगुणा जोशी ने फिराक महोत्सव कराने का वादा किया है। अगर महोत्सव हुआ तो हम लोग अवश्य आएंगे। उन्होंने क्षेत्रीय लोगों से अपील की कि अगर आप दोबारा फिराक पैदा नहीं कर सकते तो कम से कम उनको समझने वालों को जरूर पैदा करिए। हास्य कवि दिनेश मिश्र बावरा ने कहा कि फिराक गोरखपुरी देश की सीमा तक सीमित नहीं हैं। वह पूरी दुनिया में लोगों के दिलों पर राज करते हैं।
विज्ञापन


कार्यक्रम को डॉ. फूलचंद तिवारी, डॉ. रमेश तिवारी आदि ने भी संबोधित किया। अध्यक्षता फिराक सेवा संस्थान के अध्यक्ष डॉ. छोटेलाल यादव प्रचंड और संचालन कवि रामअधार व्याकुल ने किया। इससे पूर्व फिराक सेवा संस्थान की ओर से डॉ. कुमार विश्वास व दिनेश मिश्र बावरा को प्रशस्तिपत्र देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर डॉ. तालिब गोरखपुरी की पुस्तक ‘सितारों से आगे’ का विमोचन भी हुआ। डॉ. विश्वास कार्यक्रम के बाद दिनेश मिश्र बावरा के पैतृक आवास सिसई गांव भी गए। जहां फूल मालाओं से लोगों ने उनका स्वागत किया। इस दौरान सुनील तिवारी, प्रवीण तिवारी, सुरेश पांडेय, नरेंद्र द्विवेदी, राजीव मिश्र, शंभू नाथ मिश्र, सुरेश चंद्र तिवारी, रामज्ञा मिश्र, रामसमुझ आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed