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Gonda News: पति के कत्ल में पत्नी व प्रेमी को उम्रकैद
Wed, 19 Jul 2023 11:30 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
Updated Wed, 19 Jul 2023 11:30 PM IST
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गोंडा। मनकापुर कोतवाली क्षेत्र में छह साल पहले युवक की हत्या के मामले में बुधवार को न्यायालय ने फैसला सुनाया। मृतक की पत्नी और उसके प्रेमी को आजीवन कारावास और 55-55 हजार रुपये जुर्माने से दंडित किया गया है।
अपर जिला शासकीय अधिवक्ता (फौजदारी) ओमप्रकाश शुक्ल ने बताया कि वादिनी शीला देवी निवासी ग्राम बगघरवा मौजा सतिया ने चार अगस्त 2017 को मनकापुर कोतवाली में तहरीर दी थी। इसमें कहा कि उसके पति राजू वर्मा सुबह छह बजे शौच के लिए घर से निकले थे। काफी देर तक नहीं लौटे तो तलाश की गई। दोपहर दो बजे गांव के ही सुभाष चंद्र के गन्ने के खेत के पास टिकरी जंगल में राजू की लाश मिली। केस दर्ज कर पुलिस ने विवेचना की तो गांव के ही विजय प्रताप वर्मा व वादिनी शीला देवी का नाम ही प्रकाश में आया।
पूछताछ में दोनों ने आपस में प्रेम संबंध की बात कुबूल करते हुए राजू की जंगल में गला कसकर हत्या करना स्वीकार किया। हत्या व साक्ष्य मिटाने के पुख्ता साक्ष्य मिलने पर पुलिस ने विजय प्रताप वर्मा व शीला देवी के खिलाफ न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया।
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ट्रायल के दौरान साक्ष्य के आधार पर अदालत ने दोनों आरोपियों को दोषसिद्ध किया। बुधवार को अपर सत्र न्यायाधीश नवम सर्वजीत कुमार सिंह ने विजय प्रताप वर्मा व शीला देवी को आजीवन कारावास और 55-55 हजार रुपये जुर्माने से दंडित किया। अदालत के आदेशानुसार अधिरोपित अर्थदंड की आधी रकम मृतक राजू वर्मा के बच्चों को पिता के वियोग में हुई मानसिक क्षति के प्रतिकर के रूप में दी जाएगी।
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अपर जिला शासकीय अधिवक्ता (फौजदारी) ओमप्रकाश शुक्ल ने बताया कि वादिनी शीला देवी निवासी ग्राम बगघरवा मौजा सतिया ने चार अगस्त 2017 को मनकापुर कोतवाली में तहरीर दी थी। इसमें कहा कि उसके पति राजू वर्मा सुबह छह बजे शौच के लिए घर से निकले थे। काफी देर तक नहीं लौटे तो तलाश की गई। दोपहर दो बजे गांव के ही सुभाष चंद्र के गन्ने के खेत के पास टिकरी जंगल में राजू की लाश मिली। केस दर्ज कर पुलिस ने विवेचना की तो गांव के ही विजय प्रताप वर्मा व वादिनी शीला देवी का नाम ही प्रकाश में आया।
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पूछताछ में दोनों ने आपस में प्रेम संबंध की बात कुबूल करते हुए राजू की जंगल में गला कसकर हत्या करना स्वीकार किया। हत्या व साक्ष्य मिटाने के पुख्ता साक्ष्य मिलने पर पुलिस ने विजय प्रताप वर्मा व शीला देवी के खिलाफ न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया।
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ट्रायल के दौरान साक्ष्य के आधार पर अदालत ने दोनों आरोपियों को दोषसिद्ध किया। बुधवार को अपर सत्र न्यायाधीश नवम सर्वजीत कुमार सिंह ने विजय प्रताप वर्मा व शीला देवी को आजीवन कारावास और 55-55 हजार रुपये जुर्माने से दंडित किया। अदालत के आदेशानुसार अधिरोपित अर्थदंड की आधी रकम मृतक राजू वर्मा के बच्चों को पिता के वियोग में हुई मानसिक क्षति के प्रतिकर के रूप में दी जाएगी।