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न्यायिक कार्य से विरत रहे वकील
गोंडा/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 16 Feb 2016 12:01 AM IST
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लखनऊ के अधिवक्ता श्रवण कुमार की हत्या के विरोध में सोमवार को वकीलों ने न्यायिक कार्य से विरत रहकर विरोध जताया। अधिवक्ताओं ने श्रवण के परिवार को 50 लाख रुपये की आर्थिक सहायता, सरकारी नौकरी व सुरक्षा दिलाने की मांग की।
बार एसोसिएशन सभागार में सोमवार को वकीलों की बैठक की गई, जिसकी अध्यक्षता बार एसोसिएशन के अध्यक्ष माधवराज मिश्र व संचालन महामंत्री रहस्य बिहारी मिश्र ने किया।
बैठक में लखनऊ के अधिवक्ता श्रवण कुमार की हत्या के विरोध में बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश के आह्वान पर न्यायिक कार्य से विरत रहने का निर्णय लिया गया।
अधिवक्ताओं ने सूबे की सरकार की कानून व्यवस्था की निंदा की। इसके बाद वकीलों ने न्यायिक कार्य से विरत रहकर विरोध प्रदर्शन किया।
अधिवक्ताओं ने श्रवण कुमार के परिवार को 50 लाख रुपये की आर्थिक सहायता दिलाने, आश्रित को सरकारी नौकरी व परिवार को सुरक्षा मुहैया कराने की मांग की।
इसके बाद अधिवक्ता जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे और सभा करके विरोध जताया। सभा में रविचंद त्रिपाठी, रामकरन मिश्र, संगमलाल दुबे, विंदेश्वरी प्रसाद दुबे, सच्चिदानंद मिश्रा, महराज कुमार श्रीवास्तव, सुरेंद्र नाथ मिश्रा, अवधेश कुमार शुक्ला आदि ने अपने विचार रखे।
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बार एसोसिएशन सभागार में सोमवार को वकीलों की बैठक की गई, जिसकी अध्यक्षता बार एसोसिएशन के अध्यक्ष माधवराज मिश्र व संचालन महामंत्री रहस्य बिहारी मिश्र ने किया।
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बैठक में लखनऊ के अधिवक्ता श्रवण कुमार की हत्या के विरोध में बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश के आह्वान पर न्यायिक कार्य से विरत रहने का निर्णय लिया गया।
अधिवक्ताओं ने सूबे की सरकार की कानून व्यवस्था की निंदा की। इसके बाद वकीलों ने न्यायिक कार्य से विरत रहकर विरोध प्रदर्शन किया।
अधिवक्ताओं ने श्रवण कुमार के परिवार को 50 लाख रुपये की आर्थिक सहायता दिलाने, आश्रित को सरकारी नौकरी व परिवार को सुरक्षा मुहैया कराने की मांग की।
इसके बाद अधिवक्ता जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे और सभा करके विरोध जताया। सभा में रविचंद त्रिपाठी, रामकरन मिश्र, संगमलाल दुबे, विंदेश्वरी प्रसाद दुबे, सच्चिदानंद मिश्रा, महराज कुमार श्रीवास्तव, सुरेंद्र नाथ मिश्रा, अवधेश कुमार शुक्ला आदि ने अपने विचार रखे।
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