{"_id":"655ba8a91857716571020594","slug":"dm-handed-over-investigation-to-sdm-on-beneficiarys-complaint-gonda-news-c-100-1-slko1028-7891-2023-11-21","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gonda News: लाभार्थी की शिकायत पर डीएम ने एसडीएम को सौंपी जांच","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gonda News: लाभार्थी की शिकायत पर डीएम ने एसडीएम को सौंपी जांच
Tue, 21 Nov 2023 12:12 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
Updated Tue, 21 Nov 2023 12:12 AM IST
विज्ञापन
मनकापुर (गोंडा)। प्रधानमंत्री आवास की धनराशि में हुए बंदरबांट का मामला डीएम तक पहुंचने पर प्रकरण की जांच एसडीएम को सौंपी गई है।
तहसील मनकापुर के ब्लाॅक बभनजोत की ग्राम पंचायत केशवनगर ग्रंट पूर्वी निवासी सुकई का आरोप है कि उसका चयन प्रधानमंत्री आवास के लिए हुआ था। पहली किस्त 40 हजार रुपये बैंक खाते में आए थे। जिसमें से प्रधान प्रतिनिधि ने 20 हजार रुपये नकद ले लिया। उसने आवास में अधिकारियों को रिश्वत देने का आरोप लगाया है।
उसने यह भी आरोप लगाया कि बचे हुए बीस हजार रुपये एक ईंट भट्ठे पर जमा करवाकर रसीद दी लेकिन उसके घर पर एक भी ईंट नहीं पहुंची। जिससे लाभार्थी के मकान का निर्माण शुरू नहीं हो पाया।
दूसरी किस्त 70 हजार रुपये लाभार्थी के खाते में आए तो प्रधान प्रतिनिधि ने अपने चहेतों को उसके घर भेजकर दूसरी किस्त की धनराशि की भी मांग की। कहा कि यदि रुपये नहीं दिए तो जेल भिजवा देंगे। उसने सोमवार को डीएम नेहा शर्मा से मिलकर अपनी पीड़ा बताई। जिसपर डीएम ने प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए एसडीएम मनकापुर को जांच करके कार्रवाई करने का निर्देश दिया है। एसडीएम राजीव सक्सेना ने बताया कि डीएम के निर्देश पर मामले में जांच करके कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
तहसील मनकापुर के ब्लाॅक बभनजोत की ग्राम पंचायत केशवनगर ग्रंट पूर्वी निवासी सुकई का आरोप है कि उसका चयन प्रधानमंत्री आवास के लिए हुआ था। पहली किस्त 40 हजार रुपये बैंक खाते में आए थे। जिसमें से प्रधान प्रतिनिधि ने 20 हजार रुपये नकद ले लिया। उसने आवास में अधिकारियों को रिश्वत देने का आरोप लगाया है।
उसने यह भी आरोप लगाया कि बचे हुए बीस हजार रुपये एक ईंट भट्ठे पर जमा करवाकर रसीद दी लेकिन उसके घर पर एक भी ईंट नहीं पहुंची। जिससे लाभार्थी के मकान का निर्माण शुरू नहीं हो पाया।
विज्ञापन
दूसरी किस्त 70 हजार रुपये लाभार्थी के खाते में आए तो प्रधान प्रतिनिधि ने अपने चहेतों को उसके घर भेजकर दूसरी किस्त की धनराशि की भी मांग की। कहा कि यदि रुपये नहीं दिए तो जेल भिजवा देंगे। उसने सोमवार को डीएम नेहा शर्मा से मिलकर अपनी पीड़ा बताई। जिसपर डीएम ने प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए एसडीएम मनकापुर को जांच करके कार्रवाई करने का निर्देश दिया है। एसडीएम राजीव सक्सेना ने बताया कि डीएम के निर्देश पर मामले में जांच करके कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन