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Gonda News: हिरासत में एसिड पीने वाले अधिवक्ता की मौत, बवाल

Tue, 16 May 2023 11:01 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा Updated Tue, 16 May 2023 11:01 PM IST
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advocate death police custody
गोंडा। पुलिस हिरासत में एसिड पीने वाले भूमि घोटाले के आरोपी अधिवक्ता राजकुमार लाल श्रीवास्तव की मंगलवार सुबह जिला अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। एसपी ने मामले में लापरवाही बरतने के आरोप में सिविल लाइंस चौकी प्रभारी व दो कांस्टेबल को सस्पेंड कर दिया है। अधिवक्ता की मौत की सूचना पर बड़ी संख्या में साथी वकील जिला अस्पताल पहुंच गए और हंगामा शुरू कर दिया। वकीलों ने मामले की सीबीआई से जांच, आरोपी पुलिसकर्मियों पर हत्या का मुकदमा दर्ज करने और कोतवाल के निलंबन की मांग की।
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नगर कोतवाली की सिविल लाइंस चौकी प्रभारी रजनीश द्विवेदी ने 12 मई को टीम के साथ भूमि घोटाले के कई मुकदमों में आरोपी व गायत्रीपुरम निवासी राजकुमार लाल श्रीवास्तव को रामपुर से गिरफ्तार कर गोंडा ला रहे थे। तभी जेल जाने के डर से आरोपी राजकुमार ने एसिड पी लिया था। जिससे उसकी हालत बिगड़ गई थी। आरोपी को गंभीर हालत में पुलिस जिला अस्पताल ले गई थी। जहां से उसे डॉ. राम मनोहर लोहिया आर्युविज्ञान संस्थान लखनऊ रेफर कर दिया गया था। आरोप है कि हालत में सुधार नहीं होने के बावजूद 14 मई को पुलिस ने दबाव बनाकर राजकुमार को डिस्चार्ज करा लिया और गोंडा लाकर रिमांड मजिस्ट्रेट की अदालत में पेश किया। जहां से उसे 14 दिन की न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
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इसके बाद पुलिस जब आरोपी अधिवक्ता राजकुमार को लेकर जेल पहुंची तो उसकी हालत बिगड़ गई। जेलर शिव प्रताप मिश्र ने बताया कि आरोपी राजकुमार को जब लाया गया तो उसकी हालत नाजुक थी। इस वजह से जिस वाहन से पुलिस लेकर आई थी उसी से जिला अस्पताल भेज दिया गया। पुलिस ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया। इलाज के दौरान मंगलवार सुबह राजकुमार ने दम तोड़ दिया। इसकी सूचना पर दर्जनों वकील जिला अस्पताल पहुंचकर हंगामा करने लगे। अस्पताल की मर्च्युरी से लेकर इमरजेंसी तक वकीलों की भीड़ देखकर कई थानों की पुलिस बुलानी पड़ी। हालांकि शव पोस्टमार्टम के लिए भेजे जाने के बाद अधिवक्ता चले गए। बाद में पोस्टमार्टम हाउस पर भी वकीलों की भीड़ जुट गई। एसपी आकाश तोमर ने अधिवक्ता की मौत के मामले में लापरवाही बरतने वाले सिविल लाइंस चौकी प्रभारी रजनीश द्विवेदी, कांस्टेबल शिवम मिश्र व कमलेश कुमार को सस्पेंड कर दिया है।
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नायब तहसीलदार (सदर) करेंगे मजिस्ट्रेटी जांच
अधिवक्ता राजकुमार लाल की पुलिस कस्टडी में मौत के मामले की मजिस्ट्रेटी जांच होगी। अधिवक्ताओं की मांग और मामले में बवाल बढ़ता देख जिला मजिस्ट्रेट डॉ. उज्जवल कुमार ने अपर जिला मजिस्ट्रेट सुरेश कुमार सोनी को मामले की मजिस्ट्रेटी जांच के आदेश दे दिये हैं। एडीएम ने केस में नायब तहसीलदार (सदर) धर्मेंद्र कुमार को मजिस्ट्रेटी जांच के लिए नियुक्त किया है।


बार अध्यक्ष ने उठाई सीबीआई जांच की मांग
बार एसोसिएशन के अध्यक्ष महराज कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि लखनऊ के लोहिया अस्पताल में भर्ती अधिवक्ता राजकुमार लाल की हालत ठीक नहीं थी। चौकी प्रभारी ने अधीक्षक पर दबाव बनाकर जबरन डिस्चार्ज कराकर जेल भेज दिया। उन्होंने नगर कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक को सस्पेंड करने, सिविल लाइंस चौकी प्रभारी रजनीश द्विवेदी, कांस्टेबल शिवम मिश्र व कमलेश कुमार के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने और प्रकरण की सीबीआई जांच कराने की मांग की है।
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