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नमाज पढ़ने को जुटी भीड़
अमर उजाला/गोंडा
Updated Fri, 01 Jul 2016 11:37 PM IST
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नमाज पढते लोग
- फोटो : अमर उजाला
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अलविदा की नमाज में शुक्रवार को लोगों ने सजदे में सिर झुका कर न सिर्फ रमजान जैसे बरकत वाले माह के लिए खुदा का शुक्र अदा किया, बल्कि नमाज के बाद मुल्क में अमन चैन व तरक्की के दुआएं मांगीं। अलग-अलग मस्जिदों में लोगों ने भारी तादाद में अलविदा की नमाज अदा की। अलविदा की नमाज को लेकर जिले भर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। इस दौरान मस्जिदों में नमाजियों की भीड़ जुटी रही।
रमजान माह के आखिरी शुक्र वार को अलविदा की नमाज अदा की जाती है। अलविदा यानी मुकद्दस माह के रुखसती/विदाई का होना। रमजान महीने के आखिरे जुमे को अलविदा की विशेष नमाज पढ़ी जाती है। शुक्रवार को दोपहर अलग-अलग मस्जिदों में लोगों ने अलविदा की नमाज पढ़ी। इस दौरान लोगों ने रमजान जैसा पाक माह मिलने के लिए अल्लाह का शुक्र अदा किया। नमाज के बाद लोगों ने मुल्क में खुशहाली व तरक्की के लिए दुआएं मांगीं।
शहर के औलिया मस्जिद दरगाह कुतुबे गोंडा, हाजी सुबराती मस्जिद पोर्टरगंज, निदाए या रसूलल्लाह मस्जिद फैजाबाद रोड, गरीब नवाज मस्जिद मोहल्ला कटहरिया, जामा मस्जिद मीनाईया आलिया शरीफ, मस्जिद कर्बला शरीफ गोंडा, रहमानिया मस्जिद साहबगंज, तकिया मस्जिद स्टेशन रोड, गौसिया मस्जिद बाईपास फैजाबाद रोड, हुसैनी मस्जिद मोहल्ला छावनी इमामबाड़ा, जामा मस्जिद फुरकानिया मेवातियान, बैरिस्टर रजीउद्दीन मस्जिद कचहरी, डिप्टी मस्जिद महराजगंज रोड पटेल नगर के अलावा जिले के सभी कस्बों व गांवों की मस्जिदों में लोगों ने अलविदा की नमाज अदा की।
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नमाज से पहले मस्जिदों में उलेमा ने रमजान व रोजे की अहमियत बताई। उलेमा ने लोगों को हिदायत दी कि जैसे रोजे के दिनों में अपना वक्त नेक कामों में बुराई से दूर रहकर खर्च किया है, ऐसे ही बाकी के 11 महीने में भी जिंदगी गुजारें।
रमजान का यही पैगाम है कि एक दूसरे से भाईचारगी के साथ उनकी जरूरत के मुताबिक जैसे जो हो मदद करने के लिए आगे आना चाहिए। वहीं, अलविदा की नमाज के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम रहे। सभी इबादतगाहों पर पुलिस फोर्स की तैनाती की गई थी।
अराजकतत्वों पर नजर रखने के लिए खुफिया विभाग के लोगों को लगाया गया था। पुलिस विभाग के आला अफसर स्थिति पर खुद नजर रख रहे थे। शहर के डिप्टी साहब मस्जिद व रकाबगंज की जामा मस्जिद में नमाजियों की भारी भीड़ होने से बाहर सड़क पर लोगों ने नमाज पढ़ी। उधर, करनैलगंज व मनकापुर में भी अलविदा की नमाज अकीदत के साथ पढ़ी गई।
अंतिम शुक्रवार को नमाज अदा कराने के लिए प्रशासन ने कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की थी। पुलिस उपमहानिरीक्षक जेपी सिंह व एसपी सुधीर कुमार सिंह, अपर पुलिस अधीक्षक आरके सिंह, अपर जिलाधिकारी सहित पुलिस व प्रशासन के सभी अधिकारी नमाज के दौरान नगर के विभिन्न हिस्सों में मौजूद रहे और पल-पल की खबर लेते रहे।
डीआईजी भ्रमण कर अधिकारियों को आवश्यक निर्देश भी देते रहे। एसपी एकता चौराहे पर स्वयं डटे रहे, जबकि अपर पुलिस अधीक्षक आरके सिंह व एडीएम त्रिलोकी सिंह भी पूरे शहर में भ्रमण करते रहे। हर मस्जिद के पास सुरक्षा बलों को तैनात किया गया था।
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रमजान माह के आखिरी शुक्र वार को अलविदा की नमाज अदा की जाती है। अलविदा यानी मुकद्दस माह के रुखसती/विदाई का होना। रमजान महीने के आखिरे जुमे को अलविदा की विशेष नमाज पढ़ी जाती है। शुक्रवार को दोपहर अलग-अलग मस्जिदों में लोगों ने अलविदा की नमाज पढ़ी। इस दौरान लोगों ने रमजान जैसा पाक माह मिलने के लिए अल्लाह का शुक्र अदा किया। नमाज के बाद लोगों ने मुल्क में खुशहाली व तरक्की के लिए दुआएं मांगीं।
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शहर के औलिया मस्जिद दरगाह कुतुबे गोंडा, हाजी सुबराती मस्जिद पोर्टरगंज, निदाए या रसूलल्लाह मस्जिद फैजाबाद रोड, गरीब नवाज मस्जिद मोहल्ला कटहरिया, जामा मस्जिद मीनाईया आलिया शरीफ, मस्जिद कर्बला शरीफ गोंडा, रहमानिया मस्जिद साहबगंज, तकिया मस्जिद स्टेशन रोड, गौसिया मस्जिद बाईपास फैजाबाद रोड, हुसैनी मस्जिद मोहल्ला छावनी इमामबाड़ा, जामा मस्जिद फुरकानिया मेवातियान, बैरिस्टर रजीउद्दीन मस्जिद कचहरी, डिप्टी मस्जिद महराजगंज रोड पटेल नगर के अलावा जिले के सभी कस्बों व गांवों की मस्जिदों में लोगों ने अलविदा की नमाज अदा की।
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नमाज से पहले मस्जिदों में उलेमा ने रमजान व रोजे की अहमियत बताई। उलेमा ने लोगों को हिदायत दी कि जैसे रोजे के दिनों में अपना वक्त नेक कामों में बुराई से दूर रहकर खर्च किया है, ऐसे ही बाकी के 11 महीने में भी जिंदगी गुजारें।
रमजान का यही पैगाम है कि एक दूसरे से भाईचारगी के साथ उनकी जरूरत के मुताबिक जैसे जो हो मदद करने के लिए आगे आना चाहिए। वहीं, अलविदा की नमाज के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम रहे। सभी इबादतगाहों पर पुलिस फोर्स की तैनाती की गई थी।
अराजकतत्वों पर नजर रखने के लिए खुफिया विभाग के लोगों को लगाया गया था। पुलिस विभाग के आला अफसर स्थिति पर खुद नजर रख रहे थे। शहर के डिप्टी साहब मस्जिद व रकाबगंज की जामा मस्जिद में नमाजियों की भारी भीड़ होने से बाहर सड़क पर लोगों ने नमाज पढ़ी। उधर, करनैलगंज व मनकापुर में भी अलविदा की नमाज अकीदत के साथ पढ़ी गई।
अंतिम शुक्रवार को नमाज अदा कराने के लिए प्रशासन ने कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की थी। पुलिस उपमहानिरीक्षक जेपी सिंह व एसपी सुधीर कुमार सिंह, अपर पुलिस अधीक्षक आरके सिंह, अपर जिलाधिकारी सहित पुलिस व प्रशासन के सभी अधिकारी नमाज के दौरान नगर के विभिन्न हिस्सों में मौजूद रहे और पल-पल की खबर लेते रहे।
डीआईजी भ्रमण कर अधिकारियों को आवश्यक निर्देश भी देते रहे। एसपी एकता चौराहे पर स्वयं डटे रहे, जबकि अपर पुलिस अधीक्षक आरके सिंह व एडीएम त्रिलोकी सिंह भी पूरे शहर में भ्रमण करते रहे। हर मस्जिद के पास सुरक्षा बलों को तैनात किया गया था।