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प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के रडार पर मंडल की 10 चीनी मिलें
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गोंडा। वायुमंडल में प्रदूषण से लोगों का दम घुट रहा है। चीनी मिलें वायु प्रदूषण बढ़ा रही हैं। देवीपाटन मंडल की 10 चीनी मिलें प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के रडार पर आ गई हैं। बोर्ड ने टीम गठित कर प्रदूषण को नियंत्रित न करने वाली चीनी मिलों की जांच कर उन पर जुर्माना लगाकर उसकी वसूली करने का आदेश दिया है। जुर्माने की वसूली गई रकम को बोर्ड के निर्धारित बैंक खाते में जमा कराया जाएगा।
इस वर्ष वायुमंडल में प्रदूषण से लोगों को सांस लेना मुश्किल हो रहा है। इस मामले को सुप्रीम कोर्ट ने गंभीरता से लेकर कड़ी टिप्पणी की थी। इसको लेकर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड अब हरकत में आ गया है। प्रदूषण को बढ़ाने में चीनी मिलों को भी भागीदार माना गया है। बोर्ड ने सभी चीनी मिलों को नोटिस जारी किया है। देवीपाटन मंडल में 10 चीनी मिलें संचालित हैं। इसको लेकर प्रदेश के विशेष सचिव पवन कुमार गंगवार ने देवीपाटन मंडल के उप गन्ना आयुक्त व जिलाधिकारी को निर्देश जारी किया है।
बोर्ड का मानना है कि चीनी मिलों के संचालन पर अधिक प्रदूषण होने से वायुमंडल में चीनी मिलों से निकलने वाले धुएं व गर्द गुबार से प्रदूषण बढ़ रहा है। अधिकतर चीनी मिलें ऐसी हैं जहां पर उत्प्रवाहों को शोषित करने के लिए ट्रीटमेंट प्लांट या तो नहीं लगा है या फिर उसे क्रियाशील नहीं रखा जा रहा है। अब मंडल की 10 चीनी मिलों पर जांच व कार्रवाई की तलवार लटक गई है। बोर्ड ने चीनी मिलों की जांच कर जुर्माने की कार्रवाई करते हुए 15 दिन के भीतर जुर्माने की वसूली कर उसे बोर्ड के खाते में या फिर चीनी मिल व जिला प्रशासन के संयुक्त खाते वाले एस्क्रो अकाउंट में जमा कराया जाएगा।
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देवीपाटन मंडल की चीनी मिलें
चीनी मिल जनपद
बलरामपुर - बलरामपुर
इर्टईमैदा- बलरामपुर
तुलसीपुर- बलरामपुर
कुन्दुरखी- गोंडा
दतौली - गोंडा
मैजापुर- गोंडा
चिलवरिया- बहराइच
परसेण्डी - बहराइच
जरवलरोड- बहराइच
नानपारा- बहाइच
डीएम गठित करेंगे जांच समिति
मंडल के चीनी मिलों की जांच के लिए संबंधित जिलाधिकारी की ओर से जांच समिति का गठन किया जाएगा। यह टीम प्रदूषण से संबंधित कार्य का चीनी मिलों में जाकर सत्यापन करेगी। समिति के संस्तुति के बाद प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से निर्धारित अधिरोपित की गई जुर्माने की रकम को एस्क्रो अकाउंट में जमा कराया जाएगा। इस रकम को जमा कराने व उसकी मॉनीटरिंग करने की जिम्मेदारी संबंधित जिला गन्ना अधिकारी की ओर से किया जाएगा। जिला गन्ना अधिकारी प्रत्येक माह के पांच तारीख को जमा कराना होगा। डीसीओ कार्रवाई की सूचना गन्ना एवं चीनी आयुक्त को भी करेंगे।
बोर्ड की सर्विलांस टीम भी करेगी जांच
चीनी मिलों की ओर से मिल संचालन से उत्पन्न होने वाले प्रदूषण की जांच बोर्ड की सर्विलांस टीम भी करेगी। बोर्ड की सर्विलांस टीम नियमित जांच करेगी। इसके अलावा संबंधित मंडल के आयुक्त व जिलाधिकारी भी पर्यवेक्षण करेंगे। साथ ही ये अफसर जुर्माने की रकम को एस्क्रो अकाउंट में जमा किये जाने की समीक्षा करेंगे।
बोर्ड के आदेश का पालन कराया जाएगा
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए संबंधित चीनी मिलों को नोटिस जारी किया गया है। साथ ही इन चीनी मिलों में प्रदूषण को रोकने के लिए जरूरी सयंत्र लगे हैं और काम कर रहे हैं कि नहीं इसकी टीम बनाकर जांच कराने का आदेश दिया है। जल्द ही टीम का गठन कराकर चीनी मिलों की जांच करायी जाएगी। चीनी मिलों से होने वाले उत्प्रवाह वाले सयंत्र न लगाये जाने की जांच कर बोर्ड की ओर से निर्धारित जुर्माने की रकम की वसूली कर बोर्ड व एस्क्रो अकाउंट में जमा कराने की कार्रवाई की जाएगी। -डॉ. हरपाल सिंह, उप गन्ना आयुक्त देवीपाटन मंडल।
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इस वर्ष वायुमंडल में प्रदूषण से लोगों को सांस लेना मुश्किल हो रहा है। इस मामले को सुप्रीम कोर्ट ने गंभीरता से लेकर कड़ी टिप्पणी की थी। इसको लेकर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड अब हरकत में आ गया है। प्रदूषण को बढ़ाने में चीनी मिलों को भी भागीदार माना गया है। बोर्ड ने सभी चीनी मिलों को नोटिस जारी किया है। देवीपाटन मंडल में 10 चीनी मिलें संचालित हैं। इसको लेकर प्रदेश के विशेष सचिव पवन कुमार गंगवार ने देवीपाटन मंडल के उप गन्ना आयुक्त व जिलाधिकारी को निर्देश जारी किया है।
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बोर्ड का मानना है कि चीनी मिलों के संचालन पर अधिक प्रदूषण होने से वायुमंडल में चीनी मिलों से निकलने वाले धुएं व गर्द गुबार से प्रदूषण बढ़ रहा है। अधिकतर चीनी मिलें ऐसी हैं जहां पर उत्प्रवाहों को शोषित करने के लिए ट्रीटमेंट प्लांट या तो नहीं लगा है या फिर उसे क्रियाशील नहीं रखा जा रहा है। अब मंडल की 10 चीनी मिलों पर जांच व कार्रवाई की तलवार लटक गई है। बोर्ड ने चीनी मिलों की जांच कर जुर्माने की कार्रवाई करते हुए 15 दिन के भीतर जुर्माने की वसूली कर उसे बोर्ड के खाते में या फिर चीनी मिल व जिला प्रशासन के संयुक्त खाते वाले एस्क्रो अकाउंट में जमा कराया जाएगा।
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देवीपाटन मंडल की चीनी मिलें
चीनी मिल जनपद
बलरामपुर - बलरामपुर
इर्टईमैदा- बलरामपुर
तुलसीपुर- बलरामपुर
कुन्दुरखी- गोंडा
दतौली - गोंडा
मैजापुर- गोंडा
चिलवरिया- बहराइच
परसेण्डी - बहराइच
जरवलरोड- बहराइच
नानपारा- बहाइच
डीएम गठित करेंगे जांच समिति
मंडल के चीनी मिलों की जांच के लिए संबंधित जिलाधिकारी की ओर से जांच समिति का गठन किया जाएगा। यह टीम प्रदूषण से संबंधित कार्य का चीनी मिलों में जाकर सत्यापन करेगी। समिति के संस्तुति के बाद प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से निर्धारित अधिरोपित की गई जुर्माने की रकम को एस्क्रो अकाउंट में जमा कराया जाएगा। इस रकम को जमा कराने व उसकी मॉनीटरिंग करने की जिम्मेदारी संबंधित जिला गन्ना अधिकारी की ओर से किया जाएगा। जिला गन्ना अधिकारी प्रत्येक माह के पांच तारीख को जमा कराना होगा। डीसीओ कार्रवाई की सूचना गन्ना एवं चीनी आयुक्त को भी करेंगे।
बोर्ड की सर्विलांस टीम भी करेगी जांच
चीनी मिलों की ओर से मिल संचालन से उत्पन्न होने वाले प्रदूषण की जांच बोर्ड की सर्विलांस टीम भी करेगी। बोर्ड की सर्विलांस टीम नियमित जांच करेगी। इसके अलावा संबंधित मंडल के आयुक्त व जिलाधिकारी भी पर्यवेक्षण करेंगे। साथ ही ये अफसर जुर्माने की रकम को एस्क्रो अकाउंट में जमा किये जाने की समीक्षा करेंगे।
बोर्ड के आदेश का पालन कराया जाएगा
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए संबंधित चीनी मिलों को नोटिस जारी किया गया है। साथ ही इन चीनी मिलों में प्रदूषण को रोकने के लिए जरूरी सयंत्र लगे हैं और काम कर रहे हैं कि नहीं इसकी टीम बनाकर जांच कराने का आदेश दिया है। जल्द ही टीम का गठन कराकर चीनी मिलों की जांच करायी जाएगी। चीनी मिलों से होने वाले उत्प्रवाह वाले सयंत्र न लगाये जाने की जांच कर बोर्ड की ओर से निर्धारित जुर्माने की रकम की वसूली कर बोर्ड व एस्क्रो अकाउंट में जमा कराने की कार्रवाई की जाएगी। -डॉ. हरपाल सिंह, उप गन्ना आयुक्त देवीपाटन मंडल।