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मकान गिरने से घायल महिला की मौत
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दुल्लहपुर। थाना क्षेत्र के कंचनपुर गांव में शुक्रवार की रात आंधी-पानी के दौरान आधा दर्जन गांव में लगभग 30 कच्चे मकान गिर गए थे। मकान के मलबा में दबने से एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई थी। आजमगढ़ में स्थित एक प्राइवेट अस्पताल में उपचार के दौरान शनिवार की देर रात उसकी मौत हो गई। इस घटना से घर में कोहराम मच गया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
मालूम हो कि शुक्रवार की रात तेज आंधी के साथ मूसलधार बारिश हुई थी। कंचनपुर गांव निवासी जीवधन राम की पत्नी ज्ञानती देवी (45) अपने कच्चे मकान में चारपाई पर सो रही थी। इसी दौरान मकान भरभराकर गिर गया था, जिसके मलबे में वह दब गई थी। परिवार के लोग शोर मचाने लगे थे। आवाज सुनकर पास-पड़ोस के लोग दौड़कर मौके पर पहुंचे थे। आनन-फानन में मलबे को हटाकर ज्ञानती को बाहर निकाला था। आजमगढ़ में स्थित एक प्राइवेट अस्पताल में उसका उपचार चल रहा था। रात में करीब दस बजे उसकी मौत हो गई। मौत की खबर आते ही घर में कोहराम मच गया। परिवार के लोग चीख-पुकार करने लगे। रोने की आवाज सुनकर पास-पड़ोस के लोग वहां पहुंच गए और बिलख रहे लोगों को सांत्वना देने में जुट गए। घटना पर दुख व्यक्त करते हुए ग्रामीण ऊपर वाले की दुहाई देते रहे। मृतक ज्ञानती गरीब परिवार से थी। उसका पति जीवधन मेहनत-मजदूरी करके परिवार का भरण-पोषण करता है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। ग्राम प्रधान जैनेंद्र कुमार ने पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाते हुए संबंधित अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों से गुहार लगाकर मुआवजा दिलाने का भरोसा दिलाया। मालूम हो इसी आंधी-पानी के दौरान आधा दर्जन अन्य गांव में करीब 30 कच्चे मकान गिर गए थे।
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मालूम हो कि शुक्रवार की रात तेज आंधी के साथ मूसलधार बारिश हुई थी। कंचनपुर गांव निवासी जीवधन राम की पत्नी ज्ञानती देवी (45) अपने कच्चे मकान में चारपाई पर सो रही थी। इसी दौरान मकान भरभराकर गिर गया था, जिसके मलबे में वह दब गई थी। परिवार के लोग शोर मचाने लगे थे। आवाज सुनकर पास-पड़ोस के लोग दौड़कर मौके पर पहुंचे थे। आनन-फानन में मलबे को हटाकर ज्ञानती को बाहर निकाला था। आजमगढ़ में स्थित एक प्राइवेट अस्पताल में उसका उपचार चल रहा था। रात में करीब दस बजे उसकी मौत हो गई। मौत की खबर आते ही घर में कोहराम मच गया। परिवार के लोग चीख-पुकार करने लगे। रोने की आवाज सुनकर पास-पड़ोस के लोग वहां पहुंच गए और बिलख रहे लोगों को सांत्वना देने में जुट गए। घटना पर दुख व्यक्त करते हुए ग्रामीण ऊपर वाले की दुहाई देते रहे। मृतक ज्ञानती गरीब परिवार से थी। उसका पति जीवधन मेहनत-मजदूरी करके परिवार का भरण-पोषण करता है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। ग्राम प्रधान जैनेंद्र कुमार ने पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाते हुए संबंधित अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों से गुहार लगाकर मुआवजा दिलाने का भरोसा दिलाया। मालूम हो इसी आंधी-पानी के दौरान आधा दर्जन अन्य गांव में करीब 30 कच्चे मकान गिर गए थे।
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