गाजीपुर: गंगा में नहाते समय तीन बच्चे डूबने लगे, दो को बचाया; एक बालिका लापता
गाजीपुर के भांवरकोल थाना क्षेत्र स्थित पलिया गंगा घाट पर रविवार सुबह स्नान के दौरान तीन बच्चे गहरे पानी में डूबने लगे। घाट पर मौजूद श्रीनिवास चौधरी और किशोर विनीत निषाद ने स्नेहा और विनीत चौधरी को सुरक्षित बचा लिया, लेकिन 10 वर्षीय शिवांजली लापता हो गई। स्थानीय और गाजीपुर मुख्यालय से आए गोताखोर उसकी तलाश कर रहे हैं।
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भांवरकोल थाना क्षेत्र के पलिया गंगा घाट पर रविवार सुबह गंगा स्नान के दौरान तीन बच्चे गहरे पानी में डूबने लगे। घाट पर मौजूद लोगों ने तत्परता दिखाते हुए दो बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, जबकि 10 वर्षीय शिवांजली गंगा में लापता हो गई। उसकी तलाश में स्थानीय गोताखोरों के साथ गाजीपुर मुख्यालय से बुलाई गई विशेष टीम जुटी हुई है।
बच्चों को बचाने के लिए नदी में कूदा किशोर
थानाध्यक्ष राजीव कुमार पांडेय के मुताबिक, पलिया गांव निवासी सुनील गोंड ने बताया कि उनकी बेटी शिवांजली (10) अपनी सहेली स्नेहा और विनीत चौधरी के साथ रविवार सुबह करीब आठ बजे गंगा में स्नान कर रही थी। इसी दौरान तीनों अचानक गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे।
घाट पर नाव से पानी निकाल रहे किशोर विनीत निषाद ने बच्चों को डूबते देखा तो उन्हें बचाने के लिए नदी में छलांग लगा दी। हालांकि, पानी की तेज धारा में वह खुद भी बहने लगा।
बांस के सहारे दो बच्चों को बचाया
सुनील के अनुसार, पास में मौजूद श्रीनिवास चौधरी बच्चों को डूबता देख गंगा में कूद गए। उन्होंने पानी की धारा में बह रहे विनीत निषाद को बचाया। इसके बाद श्रीनिवास चौधरी और विनीत निषाद ने मिलकर सूझबूझ दिखाई और पानी में लंबा बांस का डंडा फेंका। इसके सहारे स्नेहा और विनीत चौधरी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
हालांकि, सुनील की बेटी शिवांजली का पता नहीं चल सका। घटना की जानकारी मिलते ही ग्रामीण बड़ी संख्या में गंगा घाट पर पहुंच गए।
स्थानीय और प्रशिक्षित गोताखोर कर रहे तलाश
घटना की सूचना पर मुहम्मदाबाद के तहसीलदार महेंद्र बहादुर और लेखपाल अर्पणा राय मौके पर पहुंचे। थानाध्यक्ष राजीव कुमार पांडेय ने बताया कि स्थानीय गोताखोरों की मदद से बालिका की तलाश कराई गई, लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके बाद गाजीपुर मुख्यालय से गोताखोरों की विशेष टीम बुलाई गई।
पुलिस के अनुसार, स्थानीय और प्रशिक्षित गोताखोर नदी में लापता बालिका की तलाश कर रहे हैं। बेटी के गंगा में लापता होने की जानकारी मिलते ही उसकी मां सुशीला देवी और परिवार के अन्य सदस्य घाट पर पहुंच गए। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।