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Ghazipur News: दो समुदाय के बीच हुआ फैसला बना नजीर

Tue, 16 Jul 2024 02:06 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Tue, 16 Jul 2024 02:06 AM IST
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The decision taken between two communities became an example
कासिमाबाद। कभी-कभी दो समुदायों के बीच का फैसला नजीर के रूप में सामने आता है। फैसला परंपरा बन जाएगा ऐसा भी कम ही देखने को मिलता है। कुछ ऐसा ही फैसला बाराचवर विकासखंड के मांटा गांव में हुआ जो एक नजीर तो है ही परंपरा भी बन गया है। यहां आज भी मुहर्रम की नौ तारीख कत्ल की रात में हिंदू पक्ष राम जानकी मंदिर में होली के गीत गाता है तो वहीं मुसलमान पक्ष मंदिर के सामने बने चौक पर ताजिया रखते हैं। दोनाें पक्षों के बीच प्रशासन का 65 वर्ष पूर्व लिया गया निर्णय आज गंगा जमुनी तहजीब की मिसाल बना हुआ है।
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बरेसर थाना क्षेत्र के मांटा गांव में 65 वर्ष पूर्व होली का त्योहार मुहर्रम की नवीं तारीख अर्थात कत्ल् की रात को एक साथ पड़ गया था। इसे लेकर दोनों समुदायों में तनातनी हो गई थी। मुस्लिम पक्ष होली के दिन गाना बजाना से रोकने पर अमादा था तो वहीं हिंदू पक्ष रंग गुलाल के साथ होली के गीत गाने के लिए अड़ा था। मामले को तूल पकड़ता देख प्रशासन को हस्तक्षेप करना पड़ा। तत्कालीन अधिकारियों ने ग्रामीणों के बीच यह व्यवस्था बनाई कि दोनों पक्ष मर्यादाओं का ध्यान रखते हुए आपसी टकराव से बचेंगे अपना-अपना त्योहार भाईचारगी और सौहार्द के बीच मनाएंगे। इसी समझौते के तहत हिंदू पक्ष के लोगों को रात 10:00 बजे तक राम जानकी मंदिर पर होली के गीत गाने और मुस्लिम पक्ष को उसके बाद चौक पर ताजिया रखकर फनसिपहगिरी के तहत करतब आदि दिखाने का मौका दिया गया। दोनों पक्ष आज भी उस समझौते का पालन करते आ रहे हैं। इस बात का उल्लेख बरेसर थाने के त्योहार रजिस्टर में भी दर्ज है। जहां ग्रामीण इस दिन का बेसब्री से इंतजा करते हैं तो वहीं पुलिस प्रशासन भी सुरक्षा के मुकम्मल इंतजाम रखता है।
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गांव के मासूम हैदर बताते हैं कि हिंदू अपनी मन्नतें पूरी होने पर इमाम हुसैन को ताजिया चढ़ाते हैं तथा नज्र कराते हैं तो वहीं शिया और सुन्नी अपनी ताजियों का मिलान करते हुए उन्हें कर्बला में दफन करते हैं । गांव निवासी 75 वर्षीय रघुवर राजभर ने बताया कि 65 वर्ष पूर्व जो समझौता हुआ वह आज भी यहां गंगा जमुनी तहजीब का बेमिसाल नमूना है।
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थाना अध्यक्ष राजेश त्रिपाठी ने बताया कि यह समझौता थाने के त्योहार रजिस्टर में भी दर्ज है। मंगलवार को कत्ल की रात है। इस पर पुलिस सुरक्षा के बेहतर बंदोबस्त के साथ मौजूद रहेगी।
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