{"_id":"64b03d89dc9a58c8d1075dfe","slug":"stopped-salary-of-two-doctors-sought-clarification-ghazipur-news-c-20-1-vns1027-291590-2023-07-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ghazipur News: दो चिकित्सकों का रोका वेतन, मांगा स्पष्टीकरण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ghazipur News: दो चिकित्सकों का रोका वेतन, मांगा स्पष्टीकरण
विज्ञापन
सीएचसी सैदपुर में सर्जरी की व्यवस्था होगी बेहतर, सामान उपलब्ध कराने का आश्वासन
बेपटरी हो चुकी स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर करने में जुटे सीएमओ
संवाद न्यूज एजेंसी
गाजीपुर। जिले की स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने और पटरी पर लाने के लिए मुख्य चिकित्साधिकारी लगातार सामुदायिक एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों का निरीक्षण कर रहे हैं। बृहस्पतिवार को सीएमओ ने सैदपुर और खानपुर सीएचसी का निरीक्षण किया। खानपुर सीएचसी पर तैनात दो चिकित्सकों के अनुपस्थित रहने पर अगले आदेश तक वेतन रोकने का निर्देश दिया। वहीं सैदपुर सीएचसी पर सर्जरी की व्यवस्था बेहतर करने के लिए जल्द से जल्द सामान उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया।
सीएमओ डा. देश दीपक पाल सबसे पहले सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सैदपुर पहुंचे। वहां निरीक्षण के दौरान व्यवस्थाएं तो दुरुस्त मिलीं। लेकिन ओटी कक्ष में मानक के अनुरूप सामान नहीं मिले। इस पर उन्होंने सर्जन को निर्देशित किया कि सर्जरी संबंधित सभी जरूरत पूर्ण सामान की सूची तैयार कर उपलब्ध कराएं, जिससे वो उपलब्ध कराईं जा सके।
खानपुर संवाददाता के अनुसार सीएमओ खानपुर सीएचसी पहुंचे। जांच के दौरान डा.संजीव कुमार अनुपस्थित मिले। जबकि डा. नेहा सोनकर द्वारा सात जुलाई से 13 जुलाई तक उपस्थिति पंजिका पर हस्ताक्षर तो बनाया गया था, लेकिन कोई चिकित्सकीय कार्य नहीं किया गया था। सीएमओ ने दोनों चिकित्सकों का वेतन रोकने के साथ स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया।
विज्ञापन
इसके बाद उन्होंने दवा स्टोर का निरीक्षण किया। वहां तैनात फार्मासिस्ट से दवाओं की उपलब्धता के बारे में जानकारी ली। इस दौरान उन्होंने अस्पताल के अंदर साफ- सफाई व्यवस्था, टीकाकरण, आपातकालीन कक्ष, वार्ड, पैथोलॉजी को भी देखा। प्रसूता कक्ष में सुविधाएं और स्वच्छता कमी रही।
वैक्सीन के रख रखाव की सुविधा नहीं होने से बच्चों का टीकाकरण नहीं हो पाता है। दवा स्टोर में दवाएं सुरक्षित और सुव्यवस्थित तरीके से नही रखीं गई थी। इस पर नाराजगी जताते हुए सुधार का निर्देश दिया।
इस संबंध में सीएमओ डा. देश दीपक पाल ने बताया कि खानपुर सीएचसी के दो चिकित्सकों का वेतन रोकने के साथ स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया गया है। संतोष जनक जवाब न मिलने से विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
विज्ञापन
बेपटरी हो चुकी स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर करने में जुटे सीएमओ
संवाद न्यूज एजेंसी
गाजीपुर। जिले की स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने और पटरी पर लाने के लिए मुख्य चिकित्साधिकारी लगातार सामुदायिक एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों का निरीक्षण कर रहे हैं। बृहस्पतिवार को सीएमओ ने सैदपुर और खानपुर सीएचसी का निरीक्षण किया। खानपुर सीएचसी पर तैनात दो चिकित्सकों के अनुपस्थित रहने पर अगले आदेश तक वेतन रोकने का निर्देश दिया। वहीं सैदपुर सीएचसी पर सर्जरी की व्यवस्था बेहतर करने के लिए जल्द से जल्द सामान उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया।
सीएमओ डा. देश दीपक पाल सबसे पहले सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सैदपुर पहुंचे। वहां निरीक्षण के दौरान व्यवस्थाएं तो दुरुस्त मिलीं। लेकिन ओटी कक्ष में मानक के अनुरूप सामान नहीं मिले। इस पर उन्होंने सर्जन को निर्देशित किया कि सर्जरी संबंधित सभी जरूरत पूर्ण सामान की सूची तैयार कर उपलब्ध कराएं, जिससे वो उपलब्ध कराईं जा सके।
विज्ञापन
खानपुर संवाददाता के अनुसार सीएमओ खानपुर सीएचसी पहुंचे। जांच के दौरान डा.संजीव कुमार अनुपस्थित मिले। जबकि डा. नेहा सोनकर द्वारा सात जुलाई से 13 जुलाई तक उपस्थिति पंजिका पर हस्ताक्षर तो बनाया गया था, लेकिन कोई चिकित्सकीय कार्य नहीं किया गया था। सीएमओ ने दोनों चिकित्सकों का वेतन रोकने के साथ स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया।
विज्ञापन
इसके बाद उन्होंने दवा स्टोर का निरीक्षण किया। वहां तैनात फार्मासिस्ट से दवाओं की उपलब्धता के बारे में जानकारी ली। इस दौरान उन्होंने अस्पताल के अंदर साफ- सफाई व्यवस्था, टीकाकरण, आपातकालीन कक्ष, वार्ड, पैथोलॉजी को भी देखा। प्रसूता कक्ष में सुविधाएं और स्वच्छता कमी रही।
वैक्सीन के रख रखाव की सुविधा नहीं होने से बच्चों का टीकाकरण नहीं हो पाता है। दवा स्टोर में दवाएं सुरक्षित और सुव्यवस्थित तरीके से नही रखीं गई थी। इस पर नाराजगी जताते हुए सुधार का निर्देश दिया।
इस संबंध में सीएमओ डा. देश दीपक पाल ने बताया कि खानपुर सीएचसी के दो चिकित्सकों का वेतन रोकने के साथ स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया गया है। संतोष जनक जवाब न मिलने से विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।