फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ghazipur News ›   police arrest protest womens

महिलाओं ने अतिक्रमण हटाने का किया विरोध, पुलिस ने गिरफ्तार किया.

Mon, 24 Feb 2020 12:12 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Mon, 24 Feb 2020 12:12 AM IST
विज्ञापन
police arrest protest womens
कासिमाबाद/सिधागरघाट। थाना क्षेत्र के मुहम्मदपुर कुसुम गांव में रविवार की दोपहर अतिक्रमण हटाने गए उपजिलाधिकारी कासिमाबाद का महिलाओं द्वारा जबरदस्त विरोध किया गया। उपजिलाधिकारी के निर्देश पर पुलिस ने महिलाओं सहित लोगों का शांति भंग में चालान कर जेल भेज दिया।
विज्ञापन

मालूम हो कि क्षेत्र के मुहम्मदपुर कुसुम गांव में रविवार को उपजिलाधिकारी मंशाराम वर्मा प्रभारी निरीक्षक अनिल कुमार पांडेय सहित मय फोर्स के साथ जेसीबी मशीन लेकर अवैध अतिक्रमण को हटवाने के लिए पहुंचे। मोहम्मदपुर कुसुम गांव निवासी राजेंद्र चौहान ने उपजिलाधिकारी से बताया कि अपने खेत की पैमाइश पिछले जुलाई माह में कराया था। इसके बाद लगातार अधिकारियों सहित सत्ता पक्ष के नेताओं के यहां अतिक्रमण हटाने के लिए दौड़ता रहा।
विज्ञापन

दूसरे पक्ष के तिलेश्वर चौहान का आरोप लगाया कि कि जहां अतिक्रमण तहसील प्रशासन बता रहा है, वहां पर हमारा मकान, झोपड़ी आदि बाबा-दादा के जमाने से चला आ रहा है। पैमाइश गलत हुई है। बताया कि इस जमीन का विवाद दीवानी न्यायालय में भी चल रहा है। उप जिला अधिकारी द्वारा तिलेश्वर चौहान की सारी बातें अनसुनी कर अतिक्रमण खाली कराने का जैसे ही आदेश दिया गया, तिलेश्वर के घर की महिलाएं आगे आकर अतिक्रमण खाली कराने से रोक दिया गया। महिलाओं का आरोप था कि यह सभी लोग पैसा लेकर जबरदस्ती हमारा मकान खाली कराने आए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

मौके पर एक पक्ष की महिलाओं द्वारा जबरदस्त विरोध किया गया। अतिक्रमण खाली कराने गए प्रशासन को महिलाओं के जबरदस्त विरोध के बाद खाली हाथ वापस लौटना पड़ा। उप जिलाधिकारी के आदेश पर पुलिस ने विरोध कर रही महिलाओं सहित छह पुरुषों को गिरफ्तार कर लिया। इस संबंध में थाना प्रभारी निरीक्षक अनिल कुमार पांडेय ने बताया कि उपजिलाधिकारी के आदेश पर एक पक्ष से शकुंतला देवी, अशर्फी देवी, इंद्रावती देवी, फूला देवी, तिलेश्वर चौहान तथा दूसरे पक्ष के राजेंद्र चौहान को शांतिभंग में गिरफ्तार किया गया। उनका चालान कर जेल भेज दिया गया।

उधर उपजिलाधिकारी द्वारा की गई इस कार्रवाई से पूरे गांव में तनाव व्याप्त हो गया। लोग कार्रवाई की निंदा करते रहे। तिलेश्वर चौहान का आरोप था कि सत्ता पक्ष से जुड़े नेताओं के दबाव में उप जिलाधिकारी ने इतना बड़ा कदम उठाया है।
वेदप्रकाश
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed