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Ghazipur News: बलिदानी बेटे के चित्र पर लिपट गई मां, नम हुईं सबकी आंखें

Sat, 23 Nov 2024 12:01 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sat, 23 Nov 2024 12:01 AM IST
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Mother hugged the picture of her sacrificed son, everyone's eyes became moist
कासिमाबाद। नसीरुद्दीनपुर शशांकपुरम स्थित सामुदायिक भवन पर बलिदानी शशांक सिंह के आठवें बलिदान दिवस पर शुक्रवार को श्रद्धांजलि सभा आयोजित की गई। इस मौके पर वातावरण उस समय गमगीन हो गया जब श्रद्धांजलि देते समय बलिदानी की मां कलावती देवी बेटे के चित्र से लिपट गईं। उनके परिजन फूट-फूट कर रोने लगे। इससे वहां उपस्थित लोगों की आंखें नम हो गईं।
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श्रद्धांजलि सभा में भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष बृजेंद्र राय ने कहा कि जिले की पहचान सैनिकों से है। इसलिए सैनिकों का सम्मान होना चाहिए। शशांक सिंह का बलिदान जिले के लिए गौरव की बात है। यह कभी व्यर्थ नहीं जाएगा। सैनिकों के बल पर ही गाजीपुर की पहचान है। आज ही के दिन जिले के दो वीर सपूत शशांक कुमार सिंह एवं बद्धूपुर निवासी मनोज कुशवाहा एक साथ देश के लिए बलिदान हुए थे। जिला हमेशा बलिदानियों का ऋणी रहेगा। इस अवसर पर पूर्व प्रमुख कौशल सिंह, बृजभान सिंह बघेल, पूर्व प्राचार्य श्रीकांत सिंह, जितेंद्रनाथ पांडेय, ब्लॉक प्रमुख मनोज गुप्ता, बृजभूषण सिंह, शहीद के पिता अरुण कुमार सिंह आदि उपस्थित थे। श्रद्धांजलि सभा की अध्यक्षता यशवंत सिंह यश एवं संचालन राजेंद्र पांडेय ने किया। इससे पूर्व सेना की तरफ से आए राजपूताना राइफल के नायक सूबेदार सत्येंद्र सिंह, नायक प्रेमजीत सिंह, राजपूताना राइफल्स 22 से अभिनव, 19 से डब्लू सिंह एवं राजेश सिंह ने बलिदानी शशांक सिंह के चित्र पर सेना की तरफ से पुष्प चक्र अर्पित कर सलामी दी।
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बलिदारी रामउग्रह पांडेय को आज दी जाएगी श्रद्धांजलि



दुल्लहपुर। वर्ष 1971 में भारत-पाक युद्ध को लेकर नायक सेना के दूसरे सर्वोच्च सम्मान महावीर चक्र से सम्मानित बलिदानी रामउग्रह पांडेय का शहादत दिवस 23 नवंबर को मनाई जाएगी। उनके पैतृक गांव एमाबंशी स्थित शहीद पार्क में सेना अधिकारियों व जखनिया रेलवे स्टेशन पर लगी मूर्ति पर विभिन्न सामाजिक संगठनों के साथ ही राजनेताओं व आमजन की ओर से श्रद्धांजलि अर्पित की जाएगी। कार्यक्रम संयोजक श्रीराम जायसवाल ने बताया कि 1971 भारत-पाक युद्ध में पाकिस्तान के पूर्वी मोर्चे पर अदम्य साहस व वीरता का परिचय देते हुए वीरगति को प्राप्त हुए बलिदानी रामउग्रह पांडेय की 53वीं शहादत दिवस 23 नवंबर को मनाई जाएगी। सेना अधिकारी सूबेदार मेजर लेफ्टिनेंट आईपी मौर्या के नेतृत्व में सैनिकों की ओर से शहीद की प्रतिमा पर पुष्प चक्र देते हुए गार्ड ऑफ ऑनर की सलामी दी जाएगी। संवाद
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