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गाजीपुर: माफिया मुख्तार अंसारी के साले अनवर शहजाद को नहीं मिली जमानत, जबरदस्ती जमीन बैनामा कराने का है आरोप
Fri, 06 Oct 2023 10:13 PM IST
उत्पल कांत
अमर उजाला नेटवर्क, गाजीपुर
अमर उजाला नेटवर्क, गाजीपुर
Published by: उत्पल कांत
Updated Fri, 06 Oct 2023 10:13 PM IST
सार
गाजीपुर जिले की एमपी-एमएलए कोर्ट ने माफिया मुख्तार अंसारी के साले अनवर शहजाद की जमानत अर्जी को खारिज कर दी। अनवर शहजाद पर 11 साल पहले जबरदस्ती जमीन बैनामा कराने का आरोप है। व्यापारी नेता अबु फकर खां ने मुकदमा दर्ज कराया था।
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मुख्तार अंसारी (फाइल)
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
गाजीपुर के व्यापारी नेता अबु फकर खां की भूमि को जबरदस्ती बैनामा कराने के मामले में शुक्रवार को एमपी-एमएलए कोर्ट अरविंद मिश्रा की अदालत ने माफिया मुख्तार अंसारी के साले अनवर शहजाद की जमानत अर्जी को खारिज कर दी। नगर निवासी व्यापारी नेता अबु फकर खां ने बीते 14 अगस्त को शहर कोतवाली में माफिया मुख्तार अंसारी व उसके दोनों साले के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था।
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उन्होंने पुलिस को बताया था कि उनकी रौजा पर जमीन थी। वर्ष 2012 में लखनऊ जेल में बंद मुख्तार अंसारी ने व्यापारी नेता को बुलाया और रौजा होमियोपैथिक कॉलेज के पास की जमीन अपने पुत्र अब्बास अंसारी के नाम करने की धमकी दी। साथ ही विदेश में रहने वाले व्यापारी नेता के भाई अबु कदर के हिस्से की जमीन भी देने के लिए धमकाया था।
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इसके बाद मुख्तार के दोनों साले जबरन अबु फकर खां को अब्बास के घर ले गए, जहां असलहा सटा कर धमकाया गया। बीते 25 अप्रैल 2012 को रजिस्ट्री कार्यालय ले जाकर जबरन जमीन को अपने नाम करा लिया था। बैनामे के दौरान सर्किल रेट 25 लाख में दर्शाया गया था।
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20.50 लाख के चार चेक दिए थे, उसके बदले सादे चेक वापस ले लिए गए थे। उन्हें पैसा भी नहीं मिला। वह काफी डर गए थे। दस वर्ष बाद अबु फकर खां ने 14 अगस्त को मुकदमा दर्ज कराया था।