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हर-हर महादेव के जयघोष से गूंजे मंदिर
ब्यूरो/अमर उजाला,गाजीपुर
Updated Tue, 26 Jul 2016 01:01 AM IST
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हर-हर महादेव के जयघोष से गूंजे मंदिर
सावन के पहले सोमवार को शहर सहित ग्रामीण क्षेत्रों के शिव मंदिरों में भक्तों की आस्था उमड़ पड़ी। सुबह से ही पूजन-अर्चन का क्रम शुरू हुआ और देर शाम तक जारी रहा। महाहर धाम में पहुंचे हजारों श्रद्धालुओं ने भगवान शंकर का जलाभिषेक कर परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की। इस दौरान औघड़दानी का जयघोष किए जाने से आस-पास का माहौल शिवमय बना रहा। जनसैलाब को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे।
सोमवार भोर से ही भक्तों के मंदिरों में पहुंचने का क्रम शुरू हो गया था। मंदिरों के आसपास के लगे फूल-माला, भांग, धतूरा, दूध आदि पूजन सामग्री की खरीदारी करने के बाद भक्तों ने औघड़दानी को चढ़ाया और परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की। शहर के लालदरवाजा स्थित शिव मंदिर, रायगंज, चीतनाथ, नवाबगंज स्थित शिव मंदिरों में बड़ी संख्या में भक्तों ने मत्था टेका। भक्तगण दर्शन-पूजन के लिए पीरनगर स्थित बूढ़ा महादेव मंदिर पर पहुंचे थे।
कतार में खड़े श्रद्धालुओं ने बारी-बारी से मंदिर में प्रवेश किया और भोले का जलाभिषेक किया। लालदरवाजा स्थित शिव मंदिर को फूल-मालाओं से सजाकर भव्यता प्रदान की गई थी। भगवान शंकर के साथ ही साईनाथ का भी लोगों ने पूजन-अर्चन किया।मरदह संवाददाता के अनुसार महाहर धाम पर रविवार की रात से ही कांवरियों के आने के क्रम शुरू हो गया था। भोर होते-होते मंदिर परिसर कांवरियों से पट गया।
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बाबा के दर्शन के लिए भक्तों को घंटों कतार में खड़े रहना पड़ा। मंदिर के द्वार पर मौजूद पुलिस कर्मियों द्वारा लोगों को बारी-बारी से जलाभिषेक कराया जा रहा था। लोगों को परेशानी न हो, इसके लिए वाहनों को मंदिर से काफी दूर रोक दिया जा रहा था।करीमुद्दीनपुर के असावर स्थित बुढ़वा महादेव मंदिर और क़रीमुद्दीनपुर स्थित ऊंचाडीह नागेश्वर महादेव मंदिर में भक्तों की आस्था उमड़ी थी। जमानिया के महेवा गांव बाबा महेश्वरनाथ मंदिर में भी अधिक संख्या में भक्त पहुंचे थे।
कासिमाबाद के सुकहां स्थित शिव मंदिर पर भक्तों ने मत्था टेका। देवकली के चौमुख धाम पर पहुंचे श्रद्धालुओं ने बाबा का जलाभिषेक किया। इसके अलावा दुल्लहपुर, शादियाबाद, बहरियाबाद, भीमापार, सादात, खानपुर, सैदपुर, नंदगंज, करंडा, सहेड़ी, दिलदारनगर, भदौरा, गहमर, सुहवल, भांवरकोल, कठवामोड़, मुहम्मदाबाद, बिरनो, जंगीपुर सहित अन्य ग्रामीण क्षेत्रों के शिव मंदिरों में श्रद्धालु पहुंचे।
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सोमवार भोर से ही भक्तों के मंदिरों में पहुंचने का क्रम शुरू हो गया था। मंदिरों के आसपास के लगे फूल-माला, भांग, धतूरा, दूध आदि पूजन सामग्री की खरीदारी करने के बाद भक्तों ने औघड़दानी को चढ़ाया और परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की। शहर के लालदरवाजा स्थित शिव मंदिर, रायगंज, चीतनाथ, नवाबगंज स्थित शिव मंदिरों में बड़ी संख्या में भक्तों ने मत्था टेका। भक्तगण दर्शन-पूजन के लिए पीरनगर स्थित बूढ़ा महादेव मंदिर पर पहुंचे थे।
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कतार में खड़े श्रद्धालुओं ने बारी-बारी से मंदिर में प्रवेश किया और भोले का जलाभिषेक किया। लालदरवाजा स्थित शिव मंदिर को फूल-मालाओं से सजाकर भव्यता प्रदान की गई थी। भगवान शंकर के साथ ही साईनाथ का भी लोगों ने पूजन-अर्चन किया।मरदह संवाददाता के अनुसार महाहर धाम पर रविवार की रात से ही कांवरियों के आने के क्रम शुरू हो गया था। भोर होते-होते मंदिर परिसर कांवरियों से पट गया।
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बाबा के दर्शन के लिए भक्तों को घंटों कतार में खड़े रहना पड़ा। मंदिर के द्वार पर मौजूद पुलिस कर्मियों द्वारा लोगों को बारी-बारी से जलाभिषेक कराया जा रहा था। लोगों को परेशानी न हो, इसके लिए वाहनों को मंदिर से काफी दूर रोक दिया जा रहा था।करीमुद्दीनपुर के असावर स्थित बुढ़वा महादेव मंदिर और क़रीमुद्दीनपुर स्थित ऊंचाडीह नागेश्वर महादेव मंदिर में भक्तों की आस्था उमड़ी थी। जमानिया के महेवा गांव बाबा महेश्वरनाथ मंदिर में भी अधिक संख्या में भक्त पहुंचे थे।
कासिमाबाद के सुकहां स्थित शिव मंदिर पर भक्तों ने मत्था टेका। देवकली के चौमुख धाम पर पहुंचे श्रद्धालुओं ने बाबा का जलाभिषेक किया। इसके अलावा दुल्लहपुर, शादियाबाद, बहरियाबाद, भीमापार, सादात, खानपुर, सैदपुर, नंदगंज, करंडा, सहेड़ी, दिलदारनगर, भदौरा, गहमर, सुहवल, भांवरकोल, कठवामोड़, मुहम्मदाबाद, बिरनो, जंगीपुर सहित अन्य ग्रामीण क्षेत्रों के शिव मंदिरों में श्रद्धालु पहुंचे।