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दूरी थोड़ी पर चक्कर 40 किमी का
ब्यूरो/अमर उजाला,गाजीपुर
Updated Mon, 18 Apr 2016 12:50 AM IST
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जलकुंभी के कारण जमानियां-धरम्मरपुर पीपा पुल खोल दिया गया है। इससे परेशानी हो रही ह
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गंगा में बड़ी मात्रा में आई जलकुंभी को हटाने के लिए पीपा पुल के छह पीपों को खोल दिए जाने से पुल पर आवागमन बाधित हो गया है। जरा सी दूरी के लिए 40 किलोमीटर का चक्कर लगाना लोगों के लिए कष्ट भरा है।
धरम्मरपुर पुल के निर्माण में जलकुंभी को लेकर बाधा आ रही थी। जिस पर पीपे का पुल खोला गया। इसके चलते किसानों, छात्रों को नाव से गंगा पार जाने के लिए जेब ढीली करनी पड़ रही हैं।
धरम्मरपुर सेतु के निर्माण कार्य को मार्च 2017 तक पूरा कर लेने का लक्ष्य रखा गया है। पुल निर्माण का काम तेज गति से चल रहा है। बनारस में वरुणा नदी की सफाई के चलते गंगा में बड़ी मात्रा में जलकुंभी आने के कारण धरम्मरपुर सेतु निर्माण में अवरोध पैदा हो रहा था।
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सेतु निर्माण निगम ने इस समस्या से जिला प्रशासन को अवगत कराया। इसके बाद धरम्मरपुर पीपा पुल के कुछ पीपों को खोलकर जलकुंभी हटवाने का निर्णय लिया गया। रविवार को पीपा पुल का छह पीपे खोले जाने के बाद सेतु निर्माण निगम के एई राजेंद्र सिंह खुद बोट पर सवार होकर जलकुंभी हटवाने मे जुट गए है।
इसके अलावा मल्लाह 20 से 25 नावों को लेकर जलकुम्भी को हटाते रहे। पीपा पुल के छह पीपे खुलने के कारण पीपापुल पर आवागमन बंद कर दिया गया है जिससे लोगों को परेशानी हो रही है।
हालांकि पुल अगले साल मार्च 2017 तक पूरा हो जाएगा। लेकिन लोगों को तब तक इसके चलते उधर से गुजरने वालों को थोड़ी परेशानी उठानी पड़ेगी।
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धरम्मरपुर पुल के निर्माण में जलकुंभी को लेकर बाधा आ रही थी। जिस पर पीपे का पुल खोला गया। इसके चलते किसानों, छात्रों को नाव से गंगा पार जाने के लिए जेब ढीली करनी पड़ रही हैं।
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धरम्मरपुर सेतु के निर्माण कार्य को मार्च 2017 तक पूरा कर लेने का लक्ष्य रखा गया है। पुल निर्माण का काम तेज गति से चल रहा है। बनारस में वरुणा नदी की सफाई के चलते गंगा में बड़ी मात्रा में जलकुंभी आने के कारण धरम्मरपुर सेतु निर्माण में अवरोध पैदा हो रहा था।
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सेतु निर्माण निगम ने इस समस्या से जिला प्रशासन को अवगत कराया। इसके बाद धरम्मरपुर पीपा पुल के कुछ पीपों को खोलकर जलकुंभी हटवाने का निर्णय लिया गया। रविवार को पीपा पुल का छह पीपे खोले जाने के बाद सेतु निर्माण निगम के एई राजेंद्र सिंह खुद बोट पर सवार होकर जलकुंभी हटवाने मे जुट गए है।
इसके अलावा मल्लाह 20 से 25 नावों को लेकर जलकुम्भी को हटाते रहे। पीपा पुल के छह पीपे खुलने के कारण पीपापुल पर आवागमन बंद कर दिया गया है जिससे लोगों को परेशानी हो रही है।
हालांकि पुल अगले साल मार्च 2017 तक पूरा हो जाएगा। लेकिन लोगों को तब तक इसके चलते उधर से गुजरने वालों को थोड़ी परेशानी उठानी पड़ेगी।