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पूर्व ग्राम प्रधान की गोली मारकर हत्या
ब्यूरो/अमर उजाला,गाजीपुर
Updated Tue, 22 Mar 2016 09:26 AM IST
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पूर्व प्रधान की हत्या
- फोटो : अमर उजाला
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भांवरकोल थाना क्षेत्र के रेड़मार गांव में सोमवार की सुबह खेत में मटर की फसल का बोझ बनवा रहे पूर्व ग्राम प्रधान बरमेश्वर उपाध्याय (64) की दो बाइक पर सवार चार बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी। उनकी जांघ, पेट, बांह और सिर में चार गोलियां लगी थीं। घटना को अंजाम देने के बाद हमलावर असलहा लहराते हुए भाग निकले। गंभीर हालत में पूर्व प्रधान को जिला अस्पताल लाया गया जहां से उनको वाराणसी रेफर कर दिया गया। इस दौरान रास्ते में उन्होंने दम तोड़ दिया।
बीते ग्राम पंचायत चुनाव में गांव के एक मल्लाह को चुनाव मैदान में उतारने और एक कोटेदार की शिकायत करने के चलते वह कुछ लोगों की आंखों के किरकिरी बने थे। बहरहाल, पुलिस मामले की जांच कर रही है। उधर, इस मामले में बरमेश्वर के पुत्र प्रवीण ने कोटेदार विंधेश्वरी उपाध्याय, उसके पुत्र अभिषेक उपाध्याय तथा दो अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है।
रेड़मार गांव के पूर्व प्रधान बरमेश्वर उपाध्याय जोगा इंटर कालेज के रिटायर शिक्षक थे। सेवानिवृत्त होने के बाद वह गांव में रहकर खेती करते थे। गांव में प्रतिष्ठा होने के कारण वह प्रधान भी रह चुके थे। सोमवार की सुबह आठ बजे बरमेश्वर उपाध्याय अपने घर से कुछ दूरी पर स्थित खेत में मटर का बोझ बनवा रहे थे। इसी दौरान दो बाइक पर सवार होकर चार बदमाश पहुंचे। बदमाशों ने खेत में काम कर रहे बरमेश्वर से कोई बात कही जिसको लेकर दोनों पक्षों में मामूली कहासुनी हुई। इसी दौरान बदमाशों ने उनके ऊपर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। गोली बरमेश्वर के सिर, पेट, बांह और जांघ पर लगी। गंभीर रूप से घायल होकर बरमेश्वर खेत में ही गिर गए।
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घटना को अंजाम देने के बाद हमलावर असलहा लहराते हुए बाइक से भाग निकले। फायरिंग की आवाज सुनकर गांव के लोग सहम गए। घटना के बाद खेत में बरमेश्वर के साथ काम कर रहे मजदूरों ने भाग कर उनके घर घटना की जानकारी दी। इसके बाद बरमेश्वर के चचेरे भाई अर्जुन उपाध्याय खेत में पहुंचे लेकिन तबतक हमलावर भाग निकले थे। अर्जुन गांव के लोगों के सहयोग से बरमेश्वर को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे जहां प्राथमिक उपचार के बाद वाराणसी के लिए रेफर कर दिया गया।
वाराणसी ले जाते समय बरमेश्वर ने रास्ते में दम तोड़ दिया। बरमेश्वर कौमी एकता दल के वरिष्ठ कार्यकर्ता थे। घटना की जानकारी होने पर एसपी सिटी लल्लन राय, क्षेत्राधिकारी प्रभात कुमार और थानाध्यक्ष विपिन सिंह मौके पर पहुंचे तथा बरमेश्वर के परिवार और गांव के लोगों से पूछताछ की। बाद में शव को कब्जे में लेकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया।
एक माह पहले उन्होंने गांव वालों के साथ जाकर गांव के पट्टिदार कोटेदार विंध्येश्वरी उपाध्याय की शिकायत की थी। इससे पहले उन्होंने प्रधानी के चुनाव में गांव के गणेश चौधरी को चुनाव लड़ाया था और गणेश ने पूर्व प्रधान रहे अनिल राय को हरा दिया था।
घटना के पीछे कोटे की दूकान को लेकर चल रहा विवाद बताया जा रहा है। बरमेश्वर की हत्या में कोटेदार विंधेश्वरी उपाध्याय, उसके पुत्र अभिषेक उपाध्याय और दो अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया गया है। हमलावरों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है। - विपिन सिंह, एसओ
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बीते ग्राम पंचायत चुनाव में गांव के एक मल्लाह को चुनाव मैदान में उतारने और एक कोटेदार की शिकायत करने के चलते वह कुछ लोगों की आंखों के किरकिरी बने थे। बहरहाल, पुलिस मामले की जांच कर रही है। उधर, इस मामले में बरमेश्वर के पुत्र प्रवीण ने कोटेदार विंधेश्वरी उपाध्याय, उसके पुत्र अभिषेक उपाध्याय तथा दो अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है।
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रेड़मार गांव के पूर्व प्रधान बरमेश्वर उपाध्याय जोगा इंटर कालेज के रिटायर शिक्षक थे। सेवानिवृत्त होने के बाद वह गांव में रहकर खेती करते थे। गांव में प्रतिष्ठा होने के कारण वह प्रधान भी रह चुके थे। सोमवार की सुबह आठ बजे बरमेश्वर उपाध्याय अपने घर से कुछ दूरी पर स्थित खेत में मटर का बोझ बनवा रहे थे। इसी दौरान दो बाइक पर सवार होकर चार बदमाश पहुंचे। बदमाशों ने खेत में काम कर रहे बरमेश्वर से कोई बात कही जिसको लेकर दोनों पक्षों में मामूली कहासुनी हुई। इसी दौरान बदमाशों ने उनके ऊपर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। गोली बरमेश्वर के सिर, पेट, बांह और जांघ पर लगी। गंभीर रूप से घायल होकर बरमेश्वर खेत में ही गिर गए।
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घटना को अंजाम देने के बाद हमलावर असलहा लहराते हुए बाइक से भाग निकले। फायरिंग की आवाज सुनकर गांव के लोग सहम गए। घटना के बाद खेत में बरमेश्वर के साथ काम कर रहे मजदूरों ने भाग कर उनके घर घटना की जानकारी दी। इसके बाद बरमेश्वर के चचेरे भाई अर्जुन उपाध्याय खेत में पहुंचे लेकिन तबतक हमलावर भाग निकले थे। अर्जुन गांव के लोगों के सहयोग से बरमेश्वर को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे जहां प्राथमिक उपचार के बाद वाराणसी के लिए रेफर कर दिया गया।
वाराणसी ले जाते समय बरमेश्वर ने रास्ते में दम तोड़ दिया। बरमेश्वर कौमी एकता दल के वरिष्ठ कार्यकर्ता थे। घटना की जानकारी होने पर एसपी सिटी लल्लन राय, क्षेत्राधिकारी प्रभात कुमार और थानाध्यक्ष विपिन सिंह मौके पर पहुंचे तथा बरमेश्वर के परिवार और गांव के लोगों से पूछताछ की। बाद में शव को कब्जे में लेकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया।
एक माह पहले उन्होंने गांव वालों के साथ जाकर गांव के पट्टिदार कोटेदार विंध्येश्वरी उपाध्याय की शिकायत की थी। इससे पहले उन्होंने प्रधानी के चुनाव में गांव के गणेश चौधरी को चुनाव लड़ाया था और गणेश ने पूर्व प्रधान रहे अनिल राय को हरा दिया था।
घटना के पीछे कोटे की दूकान को लेकर चल रहा विवाद बताया जा रहा है। बरमेश्वर की हत्या में कोटेदार विंधेश्वरी उपाध्याय, उसके पुत्र अभिषेक उपाध्याय और दो अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया गया है। हमलावरों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है। - विपिन सिंह, एसओ