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जिले के शवदाह स्थलों का निर्माण कार्य अधूरा, रफ्तार धीमी

Mon, 11 Oct 2021 10:51 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Mon, 11 Oct 2021 10:51 PM IST
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Cremation site incomplete at eight places, foundation was not even laid at three places
परशुराम जम्दग्नि ऋषि घाट पर बना शमशान घाट का शेड़। संवाद - फोटो : GHAZIPUR
जिले में बीते वर्ष 2020-21 में दस और 2021-2022 में 11 शवदाह स्थलों का निर्माण होना है। पिछले वित्तीय वर्ष के दस शवदाह स्थल आधे अधूरे हैं जबकि वर्तमान वित्तीय वर्ष में 11 में आठ शवदाह स्थलों पर सिर्फ नींव पड़ी है टिन शेड डाले गए हैं जबकि सदर ब्लाक के बवाड़ा, बाराचंवर और बिरनो में नींव तक नहीं डाली जा सकी है। ऐसी स्थिति में ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को परिवार में किसी की मृत्यु होने पर दाह संस्कार के लिए जिला मुख्यालय, जिले के अन्य श्मशान घाट या वाराणसी जाना पड़ता है। इसमें समय के अलावा अधिक समय खर्च होता है।
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शासन की योजना के तहत प्रत्येक जिलों के ग्रामीण इलाकों में नदियों के किनारे शव दाह स्थल का निर्माण कराया जा रहा है। जिले में वित्तीय वर्ष 2020-2021 में दस और वर्ष 2020-2022 में 11 शव दाह स्थल बनने हैं। एक शवदाह स्थल के निर्माण के लिए छह माह का समय निर्धारित है लेकिन बीते वित्तीय वर्ष के 10 शवदाह स्थल अभी अधूरे हैं। कहीं निर्माण कार्य पूरा नहीं हो पाया है। प्रत्येक शवदाह स्थल पर चार शौचालय, दो बाथरूम, एक कक्ष, एक स्टोर रूम एवं दो स्थान पर टिन शेड लगाए जाने हैं। इसके अलावा चाहर दीवारी एवं इंटलाकिंग मार्ग का निर्माण कराना है ताकि शव दाह के लिए आने वालों को परेशानी न हो। प्रत्येक शव दाह स्थल के निर्माण पर 24 लाख 11 हजार रुपये खर्च होने हैं। ये धनराशि भी उपलब्ध करा दी गई है। इसके बाद भी निर्माण कार्य पूरा नहीं हो पाया है।
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इसी प्रकार वित्तीय वर्ष 2021-22 में 11 में मात्र आठ स्थानों पर शवदाह स्थल पर सिर्फ नींव डाली गई है और टिन शेड लगाए गए हैं। जबकि सदर ब्लाक के बवाड़ा, बाराचंवर और बिरनो में नींव तक नहीं डाली जा सकी है।
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वित्तीय वर्ष में सिर्फ छह माह शेष
एक शवदाह स्थल के निर्माण के लिए शासन ने छह माह का समय निर्धारित किया है लेकिन अभी पिछले वित्तीय वर्ष के कार्य अधूरे पड़े हैं। वर्तमान वित्तीय वर्ष का भी काम आधा अधूरी तो कहीं पूरा बाकी है। जबकि वित्तीय वर्ष पूरा होने में महज छह माह शेष रह गए हैं। ऐसे में शव दाह स्थलों का वित्तीय वर्ष में निर्माण करा पाना संभवन नहीं लग रहा है। विभागीय उदासीनता के चलते शवदाह स्थलों का निर्माण लंबित है। हालांकि जिला पंचायती राज विभाग के अधिकारियों का दावा है कि शवदाह स्थलों का निर्माण जल्द पूरा कर लिया जाएगा।

ग्राम पंचायत चुनाव के चलते पिछले ग्राम प्रधानों का कार्यकाल समाप्त होने के कारण शवदाह स्थलों का निर्माण कार्य पूरा नहीं हो सका। शवदाह स्थलों के निर्माण के लिए धनराशि जारी करने के साथ निर्माण कार्य भी चल रहा है। दोनों वित्तीय वर्षों में आवंटित शवदाह स्थलों के निर्माण कार्य समय से पूरे कर लिए जाएंगे।- रमेशचंद्र उपाध्याय, डीपीआरओ
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