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हवा-हवाई साबित हुआ पौधरोपण करने का फरमान
Updated Mon, 17 Jul 2017 11:51 PM IST
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कासिमाबाद (गाजीपुर)। सभी विकासखंडों में अभियान के तहत 15 जुलाई को पौधरोपण करने का जिला प्रशासन का फरमान पूरी तरह से हवा-हवाई साबित हुआ है। स्थानीय विकासखंड की 99 ग्राम पंचायतों में से किसी भी ग्राम पंचायत में पौधरोपण का कार्य नहीं हुआ। इससे पर्यावरण को लेकर संबंधित अधिकारी कितना गंभीर हैं इसका अंदाजा लगाया जा सकता है।
पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 15 जुलाई को पूरे जिले के साथ विकासखंड की सभी 99 ग्राम पंचायतों में पौधरोपण कार्य होना था। इसकी सूचना सभी संबंधित ग्राम पंचायतों के सचिवों को दी गई थी। बावजूद इसके विकासखंड कासिमाबाद में कई सचिवों ने यह कहकर पल्ला झाड़ लिया कि उनको इस बाबत कोई जानकारी नहीं थी। जबकि जिले से गड्ढे खुदवाने और 15 जुलाई को पौधरोपण दिवस सफल बनाने का दिशा-निर्देश पहले ही दिया गया था। यही हाल ग्राम प्रधानों का भी था। कई ग्राम प्रधानों से पूछे जाने पर उन्होंने बताया कि अभी उन्हें लिखित सूचना नहीं मिली है। जबकि वीडीओ धनंजय कुमार सिंह का कहना था कि सभी ग्राम पंचायतों में 300 पौधे लगाए जाने हैं और पौधे लगाने का काम चल रहा है। हालांकि हकीकत कुछ और ही है। हैरानी की बात तो यह है कि पौधरोपण तो दूर की बात किसी भी ग्राम पंचायत में अभी तक पौधरोपण के लिए गड्ढे तक नहीं खुदवाए गए हैं। पौधरोपण के निरीक्षण के लिए एसके गुप्ता सहायक अभियंता जल निगम को जोनल अधिकारी बनाया गया है। 15 जुलाई को एक बजे तक ब्लॉक पर ही उपस्थित रहे। किसी ग्राम पंचायत में पौधरोपण कार्य प्रारंभ नहीं होने से वह वापस लौट गए। अब इसी से अंदाजा लगाया जा सकता है कि खंड विकास कार्यालय के अधिकारी और कर्मचारी अपनी-अपनी जिम्मेदारियों का कितना निर्वहन कर रहे हैं।
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