{"_id":"625ef5d57b55da035c32c46a","slug":"302-works-in-priority-of-district-panchayat-in-100-days-action-plan-ghazipur-news-vns649169942","type":"story","status":"publish","title_hn":"100 दिनों की कार्ययोजना में 302 काम जिला पंचायत की प्राथमिकता में","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
100 दिनों की कार्ययोजना में 302 काम जिला पंचायत की प्राथमिकता में
विज्ञापन
आचार संहिता समाप्त होने के बाद जनपद में विकास कार्यों की रफ्तार बढ़ गई है। विधानसभा चुनाव से पहले जिन कामों की निविदा पूरी हो गई थी। उन कामों को जल्द से जल्द शुरू कराने को लेकर विभागों के अधिकारी संजीदा दिख रहे हैं। प्रदेश सरकार की 100 दिनों की कार्ययोजना के तहत विभागों को अपना विकास कार्य समय से पूरा कर बेहतर प्रस्तुतीकरण देना है।
विधानसभा चुनाव के मद्देनजर जनवरी के पहले हफ्ते में आदर्श आचार संहिता लागू हो गई थी। उससे पहले ही जिला पंचायत विभाग ने 302 कामों की निविदा प्रक्रिया पूरा कर लिया था। बीते तीन महीनों में विधानसभा और एमएलसी चुनाव होने से निविदा खुलने की प्रक्रिया पर पांबदी थी। जिससे जिला पंचायत समेत अन्य विभागों के काम लंबित पड़े थे, लेकिन अब पाबंदी हटने के बाद जिला पंचायत विभाग सक्रिय हो गया है। विभाग के अधिकारियों की मानें तो दो हफ्ते में निविदा खोलकर अनुबंध कराने का काम किया जाएगा। जिसके बाद विकास कार्यों को शुरू कराकर 90 दिनों में निर्माण कार्य पूरा कराया जाना है।
विभाग के अनुसार, 302 कामों के लिए करीब 45 करोड़ रुपये खर्च होगा। जिसमें नाला-नाली निर्माण 60, पेंटिंग कार्य 25, इंटरलाकिंग 135, मिट्टी कार्य 59, तालाब 2, शौचालय 17 और रेन वाटर हार्वेस्टिंग के छह कार्य शामिल हैं। जिन तालाबों का सुंदरीकरण कराना है उनमें देवकली ब्लाक की गोलाधरी और जमानिया की महमूदपुर में स्थित तालाब है। इसमें से गोलाधरी तालाब को शासन की मंशा के अनुरूप अमृत मानसरोवर तालाब के तौर पर विकसित किया जाएगा। फिलहाल, गोलाधरी तालाब के सुंदरीकरण के क्रम में सीढ़ी, घाट आदि निर्माण का कार्य कराया जाएगा। अगले वित्त वर्ष की कार्य योजना में आगे का काम कराने की तैयारी है।
विज्ञापन
वहीं, छह रेन वाटर हार्वेस्टिंग का निर्माण जिला पंचायत आवास, कार्यालय और कर्मचारी आवास पर कराया जाना है। इधर, प्रदेश सरकार की 100 दिनों की योजना में कार्ययोजना के तहत पिछले वित्त वर्ष 2021-22 के 302 कामों को कराने के साथ उससे पहले के 216 कामों को पूरा कराने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
वित्त वर्ष 2022-23 के लिए कार्य योजना की बैठक 28 को
वित्त वर्ष 2022-23 की कार्य योजना के लिए जनप्रतिनिधियों के प्रस्ताव मंगाए जा रहे हैं। आगामी 28 अप्रैल को कार्य योजना की बैठक सुनिश्चित की गई है। जिसमें चल रहे वित्त वर्ष के कार्यों को लेकर प्रस्तावों पर चर्चा, परिचर्चा और सहमति बनाने की कवायद होगी।
विज्ञापन
विधानसभा चुनाव के मद्देनजर जनवरी के पहले हफ्ते में आदर्श आचार संहिता लागू हो गई थी। उससे पहले ही जिला पंचायत विभाग ने 302 कामों की निविदा प्रक्रिया पूरा कर लिया था। बीते तीन महीनों में विधानसभा और एमएलसी चुनाव होने से निविदा खुलने की प्रक्रिया पर पांबदी थी। जिससे जिला पंचायत समेत अन्य विभागों के काम लंबित पड़े थे, लेकिन अब पाबंदी हटने के बाद जिला पंचायत विभाग सक्रिय हो गया है। विभाग के अधिकारियों की मानें तो दो हफ्ते में निविदा खोलकर अनुबंध कराने का काम किया जाएगा। जिसके बाद विकास कार्यों को शुरू कराकर 90 दिनों में निर्माण कार्य पूरा कराया जाना है।
विज्ञापन
विभाग के अनुसार, 302 कामों के लिए करीब 45 करोड़ रुपये खर्च होगा। जिसमें नाला-नाली निर्माण 60, पेंटिंग कार्य 25, इंटरलाकिंग 135, मिट्टी कार्य 59, तालाब 2, शौचालय 17 और रेन वाटर हार्वेस्टिंग के छह कार्य शामिल हैं। जिन तालाबों का सुंदरीकरण कराना है उनमें देवकली ब्लाक की गोलाधरी और जमानिया की महमूदपुर में स्थित तालाब है। इसमें से गोलाधरी तालाब को शासन की मंशा के अनुरूप अमृत मानसरोवर तालाब के तौर पर विकसित किया जाएगा। फिलहाल, गोलाधरी तालाब के सुंदरीकरण के क्रम में सीढ़ी, घाट आदि निर्माण का कार्य कराया जाएगा। अगले वित्त वर्ष की कार्य योजना में आगे का काम कराने की तैयारी है।
विज्ञापन
वहीं, छह रेन वाटर हार्वेस्टिंग का निर्माण जिला पंचायत आवास, कार्यालय और कर्मचारी आवास पर कराया जाना है। इधर, प्रदेश सरकार की 100 दिनों की योजना में कार्ययोजना के तहत पिछले वित्त वर्ष 2021-22 के 302 कामों को कराने के साथ उससे पहले के 216 कामों को पूरा कराने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
वित्त वर्ष 2022-23 के लिए कार्य योजना की बैठक 28 को
वित्त वर्ष 2022-23 की कार्य योजना के लिए जनप्रतिनिधियों के प्रस्ताव मंगाए जा रहे हैं। आगामी 28 अप्रैल को कार्य योजना की बैठक सुनिश्चित की गई है। जिसमें चल रहे वित्त वर्ष के कार्यों को लेकर प्रस्तावों पर चर्चा, परिचर्चा और सहमति बनाने की कवायद होगी।