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बच्चों को कुपोषण से मुक्त कराने का निर्देश दिया
Updated Sat, 04 Aug 2018 01:29 AM IST
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गाजीपुर। कुपोषण मुक्त गांव के संदर्भ में कार्यशाला का आयोजन राइफल क्लब के सभागार में शुक्रवार को किया गया। इसमें पोषण अभियान के अंतर्गत पूरा पोषण-देश रोशन का संकल्प दिलाया गया। सीडीओ ने गांव में कुपोषित बच्चों को कुपोषण से मुक्त कराने का निर्देश दिया।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी हरिकेश चौरसिया ने बताया कि जिले में कुल 17 परियोजनाओं पर कार्य चल रहा है। ब्लाक स्तर पर 16 परियोजनाएं एवं शहर में एक परियोजना पर कार्य संचालित किया जा रहा है। उन्होंने सुपरवाइजर, आंगनबाड़ी को निर्देश दिया कि शत-प्रतिशत अपने-अपने गांव को कुपोषण से मुक्त करना है। सभी केंद्रों पर कुपोषण पंजिका जरूर रखी जाए और उसे समय-समय पर चेक भी किया जाए। किसी प्रकार की लापरवाही क्षम्य नहीं होगी। कहा कि कुपोषित बच्चों को कुपोषण से मुक्त कराना सर्वप्रथम पहली प्राथमिकता होनी चाहिए। कुपोषित बच्चों की देख-भाल अपने बच्चों की तरह करें तो गाजीपुर को कुपोषण से मुक्त करने से रोक नहीं सकता। उन्होंने ने निर्देश दिया कि 15 सितंबर तक किसी हाल में गाजीपुर में कुपोषित बच्चे नहीं दिखने चाहिए। इसमें किसी प्रकार का बहाना नहीं चलेगा। जिसके गांव कुपोषण मुक्त पाए जाते हैं उन्हें सम्मानित किया जाएगा। जिस गांव में कुपोषित बच्चे रह जाते हैं उनके ऊपर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
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इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी हरिकेश चौरसिया ने बताया कि जिले में कुल 17 परियोजनाओं पर कार्य चल रहा है। ब्लाक स्तर पर 16 परियोजनाएं एवं शहर में एक परियोजना पर कार्य संचालित किया जा रहा है। उन्होंने सुपरवाइजर, आंगनबाड़ी को निर्देश दिया कि शत-प्रतिशत अपने-अपने गांव को कुपोषण से मुक्त करना है। सभी केंद्रों पर कुपोषण पंजिका जरूर रखी जाए और उसे समय-समय पर चेक भी किया जाए। किसी प्रकार की लापरवाही क्षम्य नहीं होगी। कहा कि कुपोषित बच्चों को कुपोषण से मुक्त कराना सर्वप्रथम पहली प्राथमिकता होनी चाहिए। कुपोषित बच्चों की देख-भाल अपने बच्चों की तरह करें तो गाजीपुर को कुपोषण से मुक्त करने से रोक नहीं सकता। उन्होंने ने निर्देश दिया कि 15 सितंबर तक किसी हाल में गाजीपुर में कुपोषित बच्चे नहीं दिखने चाहिए। इसमें किसी प्रकार का बहाना नहीं चलेगा। जिसके गांव कुपोषण मुक्त पाए जाते हैं उन्हें सम्मानित किया जाएगा। जिस गांव में कुपोषित बच्चे रह जाते हैं उनके ऊपर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
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