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किसानों की भूमि जबरिया अधिग्रहित कर रही है सरकारें
Updated Thu, 12 Oct 2017 11:19 PM IST
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गाजीपुर। विभिन्न सवालों को लेकर तुलसीसागर स्थित पार्टी कार्यालय से अखिल भारतीय किसान महासभा के लोगों ने गुरुवार को जुलूस निकाला। विभिन्न मार्गों से होता हुआ जुलूस सरजू पांडेय पार्क में पहुंचकर सभा में तब्दील हो गया। इस मौके पर महासभा के जिला संयोजक विजय बहादुर सिंह ने कहा कि रेलफ्रेंड कारिडोर और फोरलेन सड़क निर्माण के नाम पर केंद्र और प्रदेश सरकार किसानों की बेशकीमती भूमि का जबरिया अधिग्रहण कर रही है।
उन्होंने कहा कि चंदौली में किसान रेल फ्रेंड कारिडर के नाम पर ली गई जमीन का 2011 में रेलवे और किसानों के बीच हुए समझौता को लागू कराने के सवाल पर 25 फरवरी 2016 से चंदौली में अनिश्चितकालीन धरना पर हैं। नौ दिनों से भूख हड़ताल पर है लेकिन योगी और मोदी की सरकार इन लोकतांत्रिक जनांदोलनों के सवाल को अनदेखा कर रही है। इसलिए चंदौली का जिला प्रशासन वार्ता करने को तैयार नहीं है। कहा कि योगी सरकार किसानों से कर्जमाफी के नाम पर मजाक कर रही है। किसानों के धैर्य की परीक्षा लेना लेना सरकार बंद करें। तत्काल चंदौली के डीएम को भेजकर किसानों के सवाल को हल करें, नहीं तो गाजीपुर के किसान भी इस आंदोलन में शामिल होकर उसे धार देने का काम करेंगे। कहा कि गाजीपुर में अफीम का कारखाना चल रहा है। बावजूद इसके किसानों को पोस्ता की खेती का लाइसेंस नहीं दिया जा रहा है। योगी सरकार की किसान विरोधी नीतियों के चलते आवारा पशु भारी संख्या में किसानों की फसल को बर्बाद कर रहे हैं। दिलदारनगर और दुल्लहपुर के पशु मेला को बंद कर सरकार ने किसानों को भारी संकट में डाल दिया है। सभा को किसान नेता कमलाकर राम, आजाद यादव, गुलाब सिंह, राजेश बनवासी, अमरनाथ पासवान, नंदकिशोर बिंद, मनोज सिंह कुशवाहा, योगेंद्र प्रताप भारती, भाकपा (माले) जिला सचिव रामप्यारे राम, लालबहादुर बागी, तेजबहादुर राम ने भी संबोधित किया।
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उन्होंने कहा कि चंदौली में किसान रेल फ्रेंड कारिडर के नाम पर ली गई जमीन का 2011 में रेलवे और किसानों के बीच हुए समझौता को लागू कराने के सवाल पर 25 फरवरी 2016 से चंदौली में अनिश्चितकालीन धरना पर हैं। नौ दिनों से भूख हड़ताल पर है लेकिन योगी और मोदी की सरकार इन लोकतांत्रिक जनांदोलनों के सवाल को अनदेखा कर रही है। इसलिए चंदौली का जिला प्रशासन वार्ता करने को तैयार नहीं है। कहा कि योगी सरकार किसानों से कर्जमाफी के नाम पर मजाक कर रही है। किसानों के धैर्य की परीक्षा लेना लेना सरकार बंद करें। तत्काल चंदौली के डीएम को भेजकर किसानों के सवाल को हल करें, नहीं तो गाजीपुर के किसान भी इस आंदोलन में शामिल होकर उसे धार देने का काम करेंगे। कहा कि गाजीपुर में अफीम का कारखाना चल रहा है। बावजूद इसके किसानों को पोस्ता की खेती का लाइसेंस नहीं दिया जा रहा है। योगी सरकार की किसान विरोधी नीतियों के चलते आवारा पशु भारी संख्या में किसानों की फसल को बर्बाद कर रहे हैं। दिलदारनगर और दुल्लहपुर के पशु मेला को बंद कर सरकार ने किसानों को भारी संकट में डाल दिया है। सभा को किसान नेता कमलाकर राम, आजाद यादव, गुलाब सिंह, राजेश बनवासी, अमरनाथ पासवान, नंदकिशोर बिंद, मनोज सिंह कुशवाहा, योगेंद्र प्रताप भारती, भाकपा (माले) जिला सचिव रामप्यारे राम, लालबहादुर बागी, तेजबहादुर राम ने भी संबोधित किया।
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