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करोड़ों के कांच कारोबार की उम्मीदों को नहीं लग सके पंख
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औद्योगिक क्षेत्र स्थित कारखानों में काम करते श्रमिक
- फोटो : FIROZABAD
फिरोजाबाद। प्रदेश सरकार के बजट से कांच नगरी एक बार फिर नदारद रही। जिले के कांच उद्योग को बजट से कुछ नहीं मिला। पहले से ही महंगी गैस कारखाना संचालकों की नींद उड़ाए हुए हैं। नगर के उद्यमी बजट में कांच उद्योग को विशेष आर्थिक पैकेज देने की उम्मीद लगाए बैठे थे।
औद्योगिक दृष्टिकोण से प्रदेश के 17 प्रमुख जनपदों में शामिल फिरोजाबाद का कांच उद्योग प्रदेश सरकार को प्रतिवर्ष करोड़ों का राजस्व देता है। सोमवार को प्रदेश के वित्तमंत्री सुरेश खन्ना के द्वारा प्रस्तुत किए गए बजट की ओर सुहागनगरी का उद्योग आशा भरी नजरों से देख रहा था। लेकिन वित्त मंत्री का भाषण जैसे-जैसे आगे बढ़ता गया उद्यमियों के चेहरों पर निराशा आती गई। उद्यमियों की मानें तो कांच उद्योग नई चुनौतियों से जूझ रहा है। चूड़ी एवं कांच की डिमांड बढ़ाने के लिए आयोजित होने वाले मेला और हाट में प्रतिभाग करने वाले उद्यमियों को और अधिक सहूलियत की जरूरत थी लेकिन बजट में ऐसा कुछ दिखाई नहीं दिया।
जिले के कांच उद्योग का खाका-
1-वर्तमान में संचालित चूड़ी के कारखाने- 140
वार्षिक टर्नओवर- 1000 करोड़ रुपये
2-वर्तमान में संचालित कांच के कारखाने-40
वार्षिक टर्नओवर- 300 करोड़ रुपये
3-स्वचलित कांच बोतल निर्माण इकाई-20
वार्षिक टर्नओवर-700 करोड़ रुपये
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औद्योगिक दृष्टिकोण से प्रदेश के 17 प्रमुख जनपदों में शामिल फिरोजाबाद का कांच उद्योग प्रदेश सरकार को प्रतिवर्ष करोड़ों का राजस्व देता है। सोमवार को प्रदेश के वित्तमंत्री सुरेश खन्ना के द्वारा प्रस्तुत किए गए बजट की ओर सुहागनगरी का उद्योग आशा भरी नजरों से देख रहा था। लेकिन वित्त मंत्री का भाषण जैसे-जैसे आगे बढ़ता गया उद्यमियों के चेहरों पर निराशा आती गई। उद्यमियों की मानें तो कांच उद्योग नई चुनौतियों से जूझ रहा है। चूड़ी एवं कांच की डिमांड बढ़ाने के लिए आयोजित होने वाले मेला और हाट में प्रतिभाग करने वाले उद्यमियों को और अधिक सहूलियत की जरूरत थी लेकिन बजट में ऐसा कुछ दिखाई नहीं दिया।
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जिले के कांच उद्योग का खाका-
1-वर्तमान में संचालित चूड़ी के कारखाने- 140
वार्षिक टर्नओवर- 1000 करोड़ रुपये
2-वर्तमान में संचालित कांच के कारखाने-40
वार्षिक टर्नओवर- 300 करोड़ रुपये
3-स्वचलित कांच बोतल निर्माण इकाई-20
वार्षिक टर्नओवर-700 करोड़ रुपये