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फीरोजाबाद में लगाए गए होर्डिंगों से शिवपाल बाहर

Sat, 08 Oct 2016 01:05 AM IST
Amar Ujala
Amar Ujala Updated Sat, 08 Oct 2016 01:05 AM IST
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Shivpal out of hoardings installed in firouzabad
रामगोपाल के गढ़ में शिवपाल का क्या काम - फोटो : Amar Ujala
शुभकामना होर्डिंगों पर भी दिखा सैफई परिवार की कलह का असर
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समाजवादी पार्टी के कुनबे में चल रहे सियासी घमासान का असर जिले में साफ दिखाई दे रहा है। दशहरा-दीपावली की शुभकामनाओं के लिए शहर में लगाए गए पोस्टर सैफई परिवार के इसी घमासान से जोड़ कर देखे जा रहे हैं। पोस्टरों से शिवपाल यादव की तस्वीर गायब है जबकि वह सपा के प्रदेशाध्यक्ष हैं।
पार्टी में कलह अभी थमी नहीं है। रामगोपाल के गढ़ में शिवपाल का क्या काम, यह संदेश पोस्टरों के जरिए रामगोपाल यादव के समर्थकों ने दे दिया है। बताने की जरूर नहीं कि सपा नेता डा. दिलीप यादव, सांसद रामगोपाल यादव के आशीर्वाद से एमएलसी बने थे। रामगोपाल यादव केरोड शो के दौरान उन्होंने पूरी ताकत लगा दी थी। शहर में गुरुवार रात को नवरात्र, दशहरा और दीवापली की शुभकामनाएं देेते हुए सपा के बडे़-बड़े होर्डिंग्स लगाए गए हैं। इन होर्डिंग्स में सांसद अक्षय यादव और एमएलसी डा. दिलीप यादव की बड़ी फोटो लगी है, जबकि सपा मुखिया मुलायम सिंह यादव, मुख्यमंत्री अखिलेश यादव और सांसद रामगोपाल यादव की फोटो भी लगी है। लेकिन सपा के प्रदेशाध्यक्ष शिवपाल यादव की फोटो न होना पार्टी में चर्चा का विषय बन गया। इसको सैफई परिवार में चल रही जंग से जोड़ कर देखा जा रहा है। सांसद रामगोपाल के समर्थकों ने प्रदेशाध्यक्ष होने के बाद भी शिवपाल यादव को होर्डिंग्स से आउट कर यह संदेश दिया कि इस जिले में रामगोपाल यादव का ही वजूद है।
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बताते चलें कि सपा के राष्ट्रीय महासचिव और सांसद रामगोपाल यादव के पुत्र अक्षय यादव यहां से सांसद हैं। लोकसभा चुनाव के बाद से इस जिले में सपा के नाम पर रामगोपाल यादव का ही वर्चस्व है। समाजवादी परिवार में जब शिवपाल यादव और मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के बीच रार बढ़ी तो इसका सीधा शिकार रामगोपाल भी हुए। शिवपाल यादव ने प्रदेशाध्यक्ष की कमान हाथ में आते ही सबसे पहले रामगोपाल यादव के भांजे एमएलसी अरविंद यादव को पार्टी से बाहर कर समाजवादियों को यह संदेश देने की कोशिश की कि अब मुलायम के बाद पार्टी में वही नंबर दो पर हैं। शिवपाल के समर्थकों ने लखनऊ में रामगोपाल को पार्टी से निकाले जाने तक की मांग कर डाली। एटा के विधायक आशीष यादव ने रामगोपाल पर गंभीर आरोप लगाए।
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कुछ दिन की खामोशी के बाद सांसद रामगोपाल यादव ने आगरा से इटावा तक रोड शो करके शिवपाल को यह संदेश देना चाहा कि वे हार मानने वाले नहीं हैं, उनके चाहने वाले भी बहुत हैं। रामगोपाल यादव ने सिरसागंज में रोड शो के दौरान यह कहते हुए अपना दर्द भी बयां किया था कि उनको पार्टी से निकाले जाने की जिस तरह से मांग हो रही थी उससे लग रहा था कि कार्यकर्ता डरे हुए हैं और घरों से नहीं निकलेंगे लेकिन जिस तरह से आज (रोड शो के दिन) कार्यकर्ता कारवां लेकर निकले पड़े उससे वह कृतज्ञ हैं। इससे पूर्व उनके पुत्र अक्षय यादव ने परिवार की जंग को पिता (रामगोपाल यादव) के सम्मान से जोड़ते हुए दर्द बयां किया था।
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