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पढ़ें डॉक्टर की सलाह: खांसी, जुकाम और बुखार की समस्या बढ़ी, पेट व गले के संक्रमण के साथ त्वचा रोग भी सता रहा
Sun, 14 Jul 2024 06:21 PM IST
भूपेन्द्र सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
Published by: भूपेन्द्र सिंह
Updated Sun, 14 Jul 2024 06:21 PM IST
सार
मौसम बदलने के साथ ही खांसी, जुकाम और बुखार की समस्या बढ़ी है। पेट व गले के संक्रमण के साथ त्वचा रोग भी परेशान कर रहा है।
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Fever
- फोटो : Freepik
विस्तार
उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद में मौसम बदलने के साथ ही खांसी, जुकाम और बुखार की समस्या से ग्रसित मरीजों की संख्या बढ़ी है। जन आरोग्य मेले में रविवार को ऐसे 542 मरीज पहुंचे। साथ ही पेट संक्रमण, त्वचा रोग और गले के संक्रमण वाले भी 200 से ज्यादा मरीज उपचार के लिए पहुंचे। वहीं, सौ शैय्या अस्पताल के बाल रोग वार्ड में मरीजों की संख्या अधिक रही। यहां इमरजेंसी में मरीजों बालरोगी पहुंचे।
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फिजिशियन डॉ. नीरज गुप्ता ने बताया कि मरीजों पर वायरल का असर अधिक है। खांसी, छींक के साथ यह एक से दूसरे मरीज में तेजी से फैल रहा है। बुखार ठीक होने में तीन से पांच दिन का समय ले रहा है। ऐसे में मरीजों को विशेष सावधानी बरतने ही जरूरत है।
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ईएनटी डॉ. भानुप्रताप सिंह ने बताया कि इस मौसम अधिक ठंडा, खट्टा खाने से गला पकड़ रहा है। पिछले एक सप्ताह में ऐसे मरीज बढ़े हैं, गले के साथ ही नाक, कान का संक्रमण भी बढ़ा है। हालांकि दवाओं से मरीज स्वस्थ हो रहे हैं।
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नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. राकेश यादवेंदु ने बताया कि आंख आने वाले मरीजों की संख्या बढ़ी है, ऐसे मरीजों को चश्मा लगाकर रखने की सलाह दी गई है। जन आरोग्य मेलों में पहुंचे मरीजों में बुखार वाले सबसे अधिक रहे। जिन्हें दवा देकर वापस भेज दिया गया। हालांकि इन शिविरों में गंभीर रोगियों के लिए कोई सुविधा नहीं थी।
वायरल बुखार के कारण-
- किसी संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आना।
- दूषित या संक्रमित भोजन, पानी ग्रहण करना।
- कीड़े मकोड़ों के काटने से भी प्रसार होता है।
ये आ रहे लक्षण-
- चिड़चिड़ा होना, शांत रहना।
- खाने का मन नहीं होना, बच्चे का बहुत ज्यादा रोना।
- सुस्त होना, आंखों का लाल होना।
- सांस लेने में बढ़ोत्तरी, उल्टी होना।
- खाने और सोने की आदतों में बदलाव।