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Firozabad News: धूमधाम से हुआ भगवान बाहुबलि का महामस्तिकाभिषेक
Sun, 08 Dec 2024 12:04 AM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
Updated Sun, 08 Dec 2024 12:04 AM IST
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फिरोजाबाद। 12 साल बाद सुहागनगरी फिर भगवान बाहुबलि के महामस्तिकाभिषेक का गवाह बनी। देश के अलग-अलग हिस्सों से आए हजारों श्रद्धालुओं की मौजूदगी में छदामीलाल जैन मंदिर में 1008 कलशों से महामस्तिकाभिषेक का आयोजन किया गया। श्रद्धालु भक्ति में सराबोर होकर भजनाें पर झूमते नजर आए। शनिवार सुबह शुरू हुए कार्यक्रम देर रात तक चलते रहे। समूचा माहौल भक्तिमय हो गया। उत्तर भारत में गोम्मेटेश्वर भगवान बाहुबलि का महामस्तिकाभिषेक जैनाचार्य वसुंनंदी महाराज ससंघ एवं मुनिश्री अमित सागर ससंघ के सानिध्य में हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। जैन कुंभ में देश के कई प्रांतों से श्रद्धालु सुहागनगरी में पहुंचे। सुबह सात बजे सर्व प्रथम प्रतिष्ठाचार्य मनोज जैन एवं प्रदीप जैन शास्त्री के मंत्रोच्चारण के साथ मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष महावीर प्रसाद जैन, दिव्यांशु जैन ने भगवान बाहुबली की 54 फुट ऊंची प्रतिमा का महामस्तकाभिषेक किया। इसके बाद 1008 श्रद्धालुओं ने एक-एक कर रजत कलश से भगवान बाहुबलि का महामस्तकाभिषेक किया।
इस जैन कुंभ में शामिल होने के लिए देश के दूरदराज क्षेत्र जबलपुर, दिल्ली, मुंबई, मुरैना, इंदौर, भोपाल आदि स्थानों से श्रद्धालु पहुंचे और भगवान बाहुबली का मस्तकाभिषेक किया। इंदौर से पधारे गायकार रुपेश जैन ने भजन सुनाए तो श्रद्धालुजन भावविभोर होकर झूमने लगे। दोपहर बाद तक श्रद्धालुओं ने भगवान बाहुबली की मूर्ति महामस्तिकाभिषेक किया।
मनोरम दृश्य मोबाइल में किया कैद, ली सेल्फी
12 साल बाद हुए समारोह को यादगार बनाने के लिए लोगों ने अपने परिवार के साथ सेल्फी ली। इसे सोशल मीडिया पर अपलोड़ कर दिया। वहीं, जो लोग मंदिर में नहीं आ सके, उन्होंने लाइव प्रसारण देखकर पुण्य कमाया।
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आचार्य वसुंनंदी ससंघ का हुआ पिच्छिका परिवर्तन
फिरोजाबाद। दोपहर तक चले महामस्तिकाभिषेक के बाद शाम को छदामीलाल जैन मंदिर में पिच्छिका परिवर्तन समारोह का आयोजन किया गया। पांच महीने तक चले आचार्य वसुंनंदी महाराज ससंघ की पिच्छिका परिवर्तित की गई। ससंघ के 29 जैन साधुओं की पिच्छिका को परिवर्तित कर नई भेंट की गई। इस दौरान आचार्य वसुनंदी ने मुनि प्रज्ञानंद महाराज को उपाध्याय पद से भी सुशोभित किया गया। इस दृश्य को देखने के लिए श्रद्धालु मंदिर में उमड़े जयकारों से मंदिर परिसर गुंजायमान हो गया। संवाद
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इस जैन कुंभ में शामिल होने के लिए देश के दूरदराज क्षेत्र जबलपुर, दिल्ली, मुंबई, मुरैना, इंदौर, भोपाल आदि स्थानों से श्रद्धालु पहुंचे और भगवान बाहुबली का मस्तकाभिषेक किया। इंदौर से पधारे गायकार रुपेश जैन ने भजन सुनाए तो श्रद्धालुजन भावविभोर होकर झूमने लगे। दोपहर बाद तक श्रद्धालुओं ने भगवान बाहुबली की मूर्ति महामस्तिकाभिषेक किया।
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मनोरम दृश्य मोबाइल में किया कैद, ली सेल्फी
12 साल बाद हुए समारोह को यादगार बनाने के लिए लोगों ने अपने परिवार के साथ सेल्फी ली। इसे सोशल मीडिया पर अपलोड़ कर दिया। वहीं, जो लोग मंदिर में नहीं आ सके, उन्होंने लाइव प्रसारण देखकर पुण्य कमाया।
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आचार्य वसुंनंदी ससंघ का हुआ पिच्छिका परिवर्तन
फिरोजाबाद। दोपहर तक चले महामस्तिकाभिषेक के बाद शाम को छदामीलाल जैन मंदिर में पिच्छिका परिवर्तन समारोह का आयोजन किया गया। पांच महीने तक चले आचार्य वसुंनंदी महाराज ससंघ की पिच्छिका परिवर्तित की गई। ससंघ के 29 जैन साधुओं की पिच्छिका को परिवर्तित कर नई भेंट की गई। इस दौरान आचार्य वसुनंदी ने मुनि प्रज्ञानंद महाराज को उपाध्याय पद से भी सुशोभित किया गया। इस दृश्य को देखने के लिए श्रद्धालु मंदिर में उमड़े जयकारों से मंदिर परिसर गुंजायमान हो गया। संवाद