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Firozabad News: प्लास्टिक जब्ती शून्य मिलने पर नगर निगम पर बरसे डीएम
Wed, 01 Jul 2026 12:05 AM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
Updated Wed, 01 Jul 2026 12:05 AM IST
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फिरोजाबाद। कलेक्ट्रेट सभागार में मंगलवार को डीएम संतोष कुमार शर्मा की अध्यक्षता में जिला पर्यावरण, वृक्षारोपण व जिला गंगा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में सिंगल यूज प्लास्टिक के खिलाफ हुई कार्रवाई की समीक्षा के दौरान नगर निगम क्षेत्र की रिपोर्ट शून्य मिलने पर डीएम ने कड़ी नाराजगी जताते हुए अधिकारियों को फटकार लगाई और शहर में सख्त अभियान चलाने के निर्देश दिए।
समीक्षा में मई माह तक नगर पंचायत मक्खनपुर में 1.4 किग्रा, एका में 0.15 किग्रा, जसराना में 1.2 किग्रा, सिरसागंज में 5.1 किग्रा और टूंडला में 3 किग्रा प्लास्टिक जब्त पाई गई। डीएम ने एनजीटी (राष्ट्रीय हरित अधिकरण) के नियमों का पालन करने की चेतावनी देते हुए सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट की वास्तविक धरातलीय रिपोर्ट पेश करने की हिदायत दी।
इसके साथ ही ई-कचरे के उचित निस्तारण और स्रोत पर ही इसे अलग करने के लिए सभी कचरा संग्रहण वाहनों में ब्लैक-बॉक्स लगाना अनिवार्य कर दिया गया है, ताकि एकत्रित ई-कचरा सीधे अधिकृत रिसाइक्लर्स को भेजा जा सके। अस्पतालों में बायो-मेडिकल कचरा प्रबंधन के लिए बार कोड सिस्टम पूर्ण रूप से लागू न होने पर डीएम ने सीएमओ को सभी सरकारी व निजी अस्पतालों में इसे तत्काल लागू करने के निर्देश दिए। अब चिकित्सीय कचरा उठाने वाले वाहनों में जीपीएस ट्रैकिंग अनिवार्य होगी ताकि कचरे की मात्रा और लोकेशन का पूरा रिकॉर्ड रखा जा सके और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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समीक्षा में मई माह तक नगर पंचायत मक्खनपुर में 1.4 किग्रा, एका में 0.15 किग्रा, जसराना में 1.2 किग्रा, सिरसागंज में 5.1 किग्रा और टूंडला में 3 किग्रा प्लास्टिक जब्त पाई गई। डीएम ने एनजीटी (राष्ट्रीय हरित अधिकरण) के नियमों का पालन करने की चेतावनी देते हुए सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट की वास्तविक धरातलीय रिपोर्ट पेश करने की हिदायत दी।
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इसके साथ ही ई-कचरे के उचित निस्तारण और स्रोत पर ही इसे अलग करने के लिए सभी कचरा संग्रहण वाहनों में ब्लैक-बॉक्स लगाना अनिवार्य कर दिया गया है, ताकि एकत्रित ई-कचरा सीधे अधिकृत रिसाइक्लर्स को भेजा जा सके। अस्पतालों में बायो-मेडिकल कचरा प्रबंधन के लिए बार कोड सिस्टम पूर्ण रूप से लागू न होने पर डीएम ने सीएमओ को सभी सरकारी व निजी अस्पतालों में इसे तत्काल लागू करने के निर्देश दिए। अब चिकित्सीय कचरा उठाने वाले वाहनों में जीपीएस ट्रैकिंग अनिवार्य होगी ताकि कचरे की मात्रा और लोकेशन का पूरा रिकॉर्ड रखा जा सके और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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