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सर्दी, जुकाम, जुकाम, बुखार हुआ जानलेवा
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खागा। तहसील क्षेत्र में कोरोना संक्रमण के साथ बुखार, खांसी, जुकाम भी जानलेवा हो गया है। तेज बुखार के साथ आक्सीजन लेवल घटने से लोगों की मौतों का सिलसिला जारी है।
क्षेत्र में टायफाइड, मलेरिया, वायरल फीवर, जुकाम, बुखार, खांसी ने पैर पसार रखा है। घर-घर इन बीमारियों से ग्रसित रोगी हैं। अस्पतालों में ओपीडी बंद होने के कारण रोगी मेडिकल स्टोर से दवा खरीदकर खा रहे हैं।
मौतों के सिलसिला शुरू होने के कारण लोगों में दहशत है। नगर में नई बाजार, ब्राम्हण टोला, न्यून गढ़ी, रामनगर, धूमनगंज, विजयनगर, सराफा गली, किशनपुर रोड मोहल्लों में एक-एक लोगों की मौत हो चुकी है। इसी प्रकार एकडला में दो, महेशपुर मठेठा में चार, किशनपुर में तीन, सरवनपुर नेदौरा में तीन लोगों की वायरल फीवर से मौत हो चुकी हैं।
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दवा विक्रेता ज्ञान सिंह, रमेशचंद्र, मोहनलाल गुप्ता, विभू मिश्रा ने बताया कि पिछले साल की अपेक्षा इस साल वायरल, टायफाइड, मलेरिया और खांसी की दवाओं की बिक्री दोगुनी हो गई है। चिकित्साधीक्षक यूपी कुशवाहा ने बताया कि इन बीमारियों को गंभीरता से लें। लोग बिना डाक्टर की सलाह के खुद मेडिकल स्टोरों से दवा खरीदकर खाते हैं। धीरे-धीरे बुखार से दिमाग में सूजन आ जाती है और इससे मरीज की मौत हो जाती है।
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क्षेत्र में टायफाइड, मलेरिया, वायरल फीवर, जुकाम, बुखार, खांसी ने पैर पसार रखा है। घर-घर इन बीमारियों से ग्रसित रोगी हैं। अस्पतालों में ओपीडी बंद होने के कारण रोगी मेडिकल स्टोर से दवा खरीदकर खा रहे हैं।
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मौतों के सिलसिला शुरू होने के कारण लोगों में दहशत है। नगर में नई बाजार, ब्राम्हण टोला, न्यून गढ़ी, रामनगर, धूमनगंज, विजयनगर, सराफा गली, किशनपुर रोड मोहल्लों में एक-एक लोगों की मौत हो चुकी है। इसी प्रकार एकडला में दो, महेशपुर मठेठा में चार, किशनपुर में तीन, सरवनपुर नेदौरा में तीन लोगों की वायरल फीवर से मौत हो चुकी हैं।
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दवा विक्रेता ज्ञान सिंह, रमेशचंद्र, मोहनलाल गुप्ता, विभू मिश्रा ने बताया कि पिछले साल की अपेक्षा इस साल वायरल, टायफाइड, मलेरिया और खांसी की दवाओं की बिक्री दोगुनी हो गई है। चिकित्साधीक्षक यूपी कुशवाहा ने बताया कि इन बीमारियों को गंभीरता से लें। लोग बिना डाक्टर की सलाह के खुद मेडिकल स्टोरों से दवा खरीदकर खाते हैं। धीरे-धीरे बुखार से दिमाग में सूजन आ जाती है और इससे मरीज की मौत हो जाती है।