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Fatehpur News: डीएपी के साथ नैनो यूरिया लेने की मजबूरी, किसान परेशान
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फोटो-17-अजय कुमार। संवाद
फतेहपुर। विकासखंड भिटौरा के मवई चौराहा स्थित सहकारी समिति में डीएपी खाद लेने के लिए किसानों को सुबह से शाम तक लंबी कतार में इंतजार करना पड़ रहा है। किसानों ने समिति सचिव पर निर्धारित सरकारी दर से अधिक कीमत वसूलने और एक बोरी डीएपी के साथ नैनो यूरिया की बोतल जबरन देने का आरोप लगाया है।
किसानों का कहना है कि डीएपी की सरकारी कीमत 1350 रुपये प्रति बोरी है। समिति पर 1360 रुपये में खाद दी जा रही है। इसके अलावा प्रत्येक बोरी डीएपी के साथ नैनो यूरिया की एक बोतल लेना अनिवार्य किया गया है। किसानों के मुताबिक नैनो यूरिया की जरूरत नहीं होने के बावजूद उन्हें करीब 230 रुपये अतिरिक्त खर्च करने पड़ रहे हैं।
आरोप है कि नैनो यूरिया लेने से मना करने वाले किसानों को डीएपी देने से इन्कार कर दिया जाता है। सहकारी समिति के सचिव करन सिंह ने कहा कि विभाग की ओर से प्रत्येक बोरी डीएपी के साथ एक बोतल नैनो यूरिया उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। इसी के अनुसार किसानों को खाद वितरित की जा रही है।
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नैनो यूरिया के बिना नहीं दे रहे डीएपी
शिवपुर निवासी अजय कुमार ने बताया कि धान की फसल में वह पहले ही यूरिया डाल चुके हैं। फिलहाल खेत में डीएपी की जरूरत है लेकिन समिति पर एक बोरी डीएपी के साथ नैनो यूरिया की बोतल लेने के लिए मजबूर किया गया। नैनो यूरिया लेने से मना करने पर खाद देने से इन्कार कर दिया गया।
गनेशपुर गांव निवासी शनि सिंह ने बताया कि वह पहले भी खाद के साथ नैनो यूरिया ले चुके हैं। इस बार उन्हें केवल डीएपी की आवश्यकता है लेकिन नैनो यूरिया के बिना डीएपी नहीं दी जा रही है। मजबूरी में उन्हें जरूरत से अधिक पैसे खर्च कर खाद लेनी पड़ रही है।
जबरन नैनो यूरिया देने का कोई आदेश नहीं है। केवल इच्छुक किसानों को ही नैनो यूरिया दिया जाए। शिकायत मिलने पर जांच कर संबंधित समिति सचिव के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
- नरोत्तम कुमार, जिला कृषि अधिकारी।
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किसानों का कहना है कि डीएपी की सरकारी कीमत 1350 रुपये प्रति बोरी है। समिति पर 1360 रुपये में खाद दी जा रही है। इसके अलावा प्रत्येक बोरी डीएपी के साथ नैनो यूरिया की एक बोतल लेना अनिवार्य किया गया है। किसानों के मुताबिक नैनो यूरिया की जरूरत नहीं होने के बावजूद उन्हें करीब 230 रुपये अतिरिक्त खर्च करने पड़ रहे हैं।
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आरोप है कि नैनो यूरिया लेने से मना करने वाले किसानों को डीएपी देने से इन्कार कर दिया जाता है। सहकारी समिति के सचिव करन सिंह ने कहा कि विभाग की ओर से प्रत्येक बोरी डीएपी के साथ एक बोतल नैनो यूरिया उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। इसी के अनुसार किसानों को खाद वितरित की जा रही है।
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नैनो यूरिया के बिना नहीं दे रहे डीएपी
शिवपुर निवासी अजय कुमार ने बताया कि धान की फसल में वह पहले ही यूरिया डाल चुके हैं। फिलहाल खेत में डीएपी की जरूरत है लेकिन समिति पर एक बोरी डीएपी के साथ नैनो यूरिया की बोतल लेने के लिए मजबूर किया गया। नैनो यूरिया लेने से मना करने पर खाद देने से इन्कार कर दिया गया।
गनेशपुर गांव निवासी शनि सिंह ने बताया कि वह पहले भी खाद के साथ नैनो यूरिया ले चुके हैं। इस बार उन्हें केवल डीएपी की आवश्यकता है लेकिन नैनो यूरिया के बिना डीएपी नहीं दी जा रही है। मजबूरी में उन्हें जरूरत से अधिक पैसे खर्च कर खाद लेनी पड़ रही है।
जबरन नैनो यूरिया देने का कोई आदेश नहीं है। केवल इच्छुक किसानों को ही नैनो यूरिया दिया जाए। शिकायत मिलने पर जांच कर संबंधित समिति सचिव के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
- नरोत्तम कुमार, जिला कृषि अधिकारी।

फोटो-17-अजय कुमार। संवाद