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Fatehpur News: किसानों की आंखों में पलने लगे फसल उगाने की सपने

Thu, 21 Nov 2024 12:11 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Thu, 21 Nov 2024 12:11 AM IST
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Dreams of growing crops started blooming in the eyes of farmers
फतेहपुर। खेतों में भरा पानी जैसे-जैसे निकल रहा है, वैसे-वैसे चौदखियापुर के किसानों की आंखों में चमक आती जा रही है। उन्हें लग रहा है कि खेतों से पानी नहीं, जिंदगी से दुख निकल रहा है। वह खेतों में फिर से फसल लहलहाने के सपने देखने लगे हैं। किसानों का कहना है कि यदि यही काम पहले हो जाता तो वे लोग भुखमरी के कगार पर न पहुंचते।
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चौदखियापुर के झाउपुर नाले की खोदाई बुधवार को तीसरे दिन भी जेसीबी से नहीं हो सकी, जबकि पालिका प्रशासन ने कहा था कि जेसीबी से खोदाई की जाएगी। हालांकि, पांच अतिरिक्त मजदूर लगाकर 15 मजदूरों से नाले की खोदाई कराई गई। इससे खेतों का पानी तेजी से निकलने लगा है। आठ से 10 बीघा खेतों में मेड़ों से नीचे पानी आ गया है।
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रेलवे लाइन के केबल कटने की समस्या की वजह से भी खोदाई में देरी हो रही है। फिर भी लगातार नाले की सफाई की जा रही है। जिन किसानों के खेतों से पानी निकल गया है, वे अपने खेतों से खरपतवार हटाने लग गए हैं। वहीं, पालिका प्रशासन का कहना है कि एक-दो दिन में जेसीबी दोबारा से नाले की खोदाई कराई जाएगी। इससे काम में गति मिलेगी और नाले की तह तक खोदाई होने से पानी तेजी से खेतों निकल जाएगा।
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बता दें कि नई रेलवे लाइन बनने के बाद झाऊपुर नाले का पानी चौदखियापुर की करीब एक हजार हेक्टेयर कृषि योग्य भूमि पर भर गया। करीब चार फीट तक पानी पिछले पांच सालों से खेतों में भरा होने से किसान फसल नहीं उगा पा रहे हैं। इससे नगर क्षेत्र की करीब 1300 आबादी भुखमरी के कगार पर पहुंच गई। क्षेत्र के किसान खेती छोड़कर मजदूरी करने के लिए मजबूर हो गए हैं। इस समस्या को अमर उजाला ने प्रमुखता से प्रकाशित कर रहा है। डीएम रविंद्र सिंह के निर्देश पर जलनिकासी के लिए नाले की खोदाई काम तेजी से चल रहा है।



चौदखियापुर के किसान चंद्रपाल का कहना है कि नाले की खोदाई मजदूरों से कराने के बावजूद खेतों से पानी कम होने लगा है। अब लग रहा कि पानी पूरी तरह से खेतों से निकल जाएगा और रबी की फसल की बुआई कर पाएंगे।

मैकी देवी ने कहा कि यदि यही काम पहले हो जाता तो किसान भुखमरी के कगार पर नहीं पहुंचते। खेतों से लगातार पानी कम हो रहा है। खेतों की तरफ किसान लौटने लगे हैं। लग रहा है कि जल्द ही खेत जलभराव से मुक्त हो जाएंगे।


किसानों के खेतों को जलभराव से मुक्त करने के लिए नाले की सफाई जारी है। मंगलवार को दस व बुधवार को गांव के पांच और मजदूरों को लगाकर नाले की सफाई कराई गई है। सफाई के लिए तेजी से कार्य किया जा रहा है।
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