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महिलाओं ने शमसाबाद विद्युत उपकेंद्र का किया घेराव
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शमसाबाद (फर्रुखाबाद)। तीन माह से बिजली न मिलने से परेशान पुरुष व महिलाएं विद्युत उपकेंद्र पहुंच गईं। उन्होंने वहां बिजली अधिकारियों व कर्मचारियों के खिलाफ भड़ास निकाली। बाद में पहुंचे जेई ने गांव में कर्मचारी भेजकर बिजली चालू करा दी। तब महिलाएं शांत हुईं।
शमसाबाद विद्युत उपकेंद्र के गांव खुड़नाखार में पुराने तारों की जगह बंच कंडक्टर डाला गया है। कार्यदायी संस्था ने आधे गांव की ही बिजली चालू की। आधे गांव की बिजली चालू न करने से पिछले तीन माह से 60 उपभोक्ताओं को बिजली नसीब नहीं हो रही थी। इससे गुस्साए पुरुष व महिलाएं शुक्रवार को ट्रैक्टर ट्राली में सवार होकर विद्युत उपकेंद्र पहुंच गईं।
उन्होंने वहां उपकेंद्र का घेराव कर बिजली चालू करने की मांग की। कहा कि कई बार बिजली चालू करने को कहा गया पर सुनवाई नहीं हुई। कर्मचारी लाइन ठीक करने के रुपये मांगते हैं। महिलाओं का गुस्सा देख कर्मचारी सहम गए। उन्होंने जेई को सूचना दी।
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करीब 40 मिनट बाद जेई अजय कुमार मौके पर पहुंचे। उन्होंने बिजली कर्मचारियों को गांव भेजकर बिजली चालू करा दी। तब महिलाएं उपकेंद्र से हटीं। जेई अजय कुमार ने बताया कि कार्यदायी संस्था की लापरवाही से उपभोक्ताओं को बिजली नहीं मिल पा रही थी।
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शमसाबाद विद्युत उपकेंद्र के गांव खुड़नाखार में पुराने तारों की जगह बंच कंडक्टर डाला गया है। कार्यदायी संस्था ने आधे गांव की ही बिजली चालू की। आधे गांव की बिजली चालू न करने से पिछले तीन माह से 60 उपभोक्ताओं को बिजली नसीब नहीं हो रही थी। इससे गुस्साए पुरुष व महिलाएं शुक्रवार को ट्रैक्टर ट्राली में सवार होकर विद्युत उपकेंद्र पहुंच गईं।
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उन्होंने वहां उपकेंद्र का घेराव कर बिजली चालू करने की मांग की। कहा कि कई बार बिजली चालू करने को कहा गया पर सुनवाई नहीं हुई। कर्मचारी लाइन ठीक करने के रुपये मांगते हैं। महिलाओं का गुस्सा देख कर्मचारी सहम गए। उन्होंने जेई को सूचना दी।
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करीब 40 मिनट बाद जेई अजय कुमार मौके पर पहुंचे। उन्होंने बिजली कर्मचारियों को गांव भेजकर बिजली चालू करा दी। तब महिलाएं उपकेंद्र से हटीं। जेई अजय कुमार ने बताया कि कार्यदायी संस्था की लापरवाही से उपभोक्ताओं को बिजली नहीं मिल पा रही थी।