{"_id":"680fc59b0030ea02000304ac","slug":"villager-unconscious-due-to-police-beating-admitted-in-lohia-hospital-farrukhabad-news-c-22-1-sknp1018-106040-2025-04-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Farrukhabad News: पुलिस की पिटाई से बेहोश ग्रामीण लोहिया अस्पताल में भर्ती","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Farrukhabad News: पुलिस की पिटाई से बेहोश ग्रामीण लोहिया अस्पताल में भर्ती
Mon, 28 Apr 2025 11:44 PM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फर्रूखाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फर्रूखाबाद
Updated Mon, 28 Apr 2025 11:44 PM IST
विज्ञापन
फर्रुखाबाद। चोरी की शिकायत पर दरोगा ने कुछ सिपाहियों के साथ दो भाइयों को पकड़कर थाने में पीटा। इससे एक भाई को खून की उल्टी होने पर उसे छोड़ दिया। हालत बिगड़ने पर उसे लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दोनों के मोबाइल पुलिस के पास हैं। पीड़ित ने प्रभारी मंत्री से शिकायत की है।
शमसाबाद थाने के गांव उधौपुर नगला निवासी कन्हैयालाल शाक्य ने अपने भाई नवीन शाक्य को गंभीर हालत में लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया। उसने आरोप लगाया कि एक ग्रामीण ने चोरी की शिकायत थाने में की थी। उसी के चलते दरोगा ने दोनों भाइयों को हिरासत में ले लिया। दरोगा ने दोनों को छोड़ने के एक लाख रुपये मांगे। न दे पाने पर तीन दिन तक लात-घूंसों, डंडों और पटा से दोनों को पीटा गया।
नवीन को खून की उल्टी होने लगी, तो रविवार रात करीब आठ बजे छोड़ दिया। नवीन की हालत अधिक गंभीर होने पर एंबुलेंस से शमसाबाद सीएचसी में भर्ती कराया। वहां से उसे रेफर कर दिया गया। अब लोहिया अस्पताल में भी होश नहीं आया। सोमवार को जिले में आए प्रभारी मंत्री जयवीर सिंह को पत्र देकर शिकायत की। उसमें कहा कि दोनों भाइयों का डॉक्टरी परीक्षण कराया जाए। इसमें शरीर की चोटें और भाई को लगी अंदरूनी चोटें भी आ जाएंगी। शमसाबाद थानाध्यक्ष तरुण सिंह भदौरिया ने बताया कि वह जरूरी कार्य से बाहर हैं। इस समय बात नहीं कर सकते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
शमसाबाद थाने के गांव उधौपुर नगला निवासी कन्हैयालाल शाक्य ने अपने भाई नवीन शाक्य को गंभीर हालत में लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया। उसने आरोप लगाया कि एक ग्रामीण ने चोरी की शिकायत थाने में की थी। उसी के चलते दरोगा ने दोनों भाइयों को हिरासत में ले लिया। दरोगा ने दोनों को छोड़ने के एक लाख रुपये मांगे। न दे पाने पर तीन दिन तक लात-घूंसों, डंडों और पटा से दोनों को पीटा गया।
विज्ञापन
नवीन को खून की उल्टी होने लगी, तो रविवार रात करीब आठ बजे छोड़ दिया। नवीन की हालत अधिक गंभीर होने पर एंबुलेंस से शमसाबाद सीएचसी में भर्ती कराया। वहां से उसे रेफर कर दिया गया। अब लोहिया अस्पताल में भी होश नहीं आया। सोमवार को जिले में आए प्रभारी मंत्री जयवीर सिंह को पत्र देकर शिकायत की। उसमें कहा कि दोनों भाइयों का डॉक्टरी परीक्षण कराया जाए। इसमें शरीर की चोटें और भाई को लगी अंदरूनी चोटें भी आ जाएंगी। शमसाबाद थानाध्यक्ष तरुण सिंह भदौरिया ने बताया कि वह जरूरी कार्य से बाहर हैं। इस समय बात नहीं कर सकते हैं।
विज्ञापन