फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Farrukhabad News ›   Up to 30 expedition records

वरासत दर्ज करने को 30 तक गांव-गांव चलेगा अभियान

Wed, 16 Dec 2020 06:29 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Wed, 16 Dec 2020 06:29 PM IST
विज्ञापन
Up to 30 expedition records
वरासत दर्ज करने को 30 तक अभियान
विज्ञापन

फर्रुखाबाद। कृषि भूमि की वरासत दर्ज करने के लिए अब राजस्व विभाग की टीम गांव-गांव जाकर अभियान चलाएगी। इसके तहत 30 दिसंबर तक गांवों में जाकर लेखपाल वरासत पढ़कर सुनाएंगे और छूटे हुए लोगों से आवेदन प्राप्त करेंगे। 20 फरवरी को जिलाधिकारी शासन को इस बात का प्रमाणपत्र भेजेंगे कि उनके जनपद में अब कोई वरासत दर्ज होने को शेष नहीं बची है।
जनपद में कुल 1025 राजस्व गांव हैं। इनमें तहसील सदर में 410, तहसील अमृतपुर में 172 व तहसील कायमगंज के 443 राजस्व गांव शामिल हैं। गांव में किसी किसान की मौत हो जाने पर उनके बेटों व परिजनों को वरासत दर्ज कराने के लिए लेखपाल से तहसील तक के चक्कर काटने पड़ते थे। शासन के निर्देश पर अब कृषि भूमि की वरासत दर्ज करने के लिए अभियान चलाया जाएगा।
विज्ञापन

इस संबंध में कलक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी मानवेंद्र सिंह ने बताया कि 15 से 30 दिसंबर तक राजस्व व तहसील स्तर के अधिकारी राजस्व गांवों का भ्रमण कर शाम तीन से पांच बजे तक ग्रामीणों को खतौनी पढ़कर सुनाएंगे। इसके साथ ही लेखपाल वरासत संबंधी आवेदन लेकर ऑनलाइन भरेंगे। 31 दिसंबर से 15 जनवरी तक क्षेत्रीय लेखपाल इन आवेदनों की जांच कर कार्रवाई करेंगे। 16 से 31 जनवरी तक राजस्व निरीक्षक जांच के साथ खतौनी में नामांतरण कर भूलेख साफ्टवेयर पर दर्ज करेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन

इसके बाद एक से सात फरवरी तक लेखपाल व कानूनगो जिलाधिकारी को इस बात का प्रमाणपत्र देंगे कि उनके राजस्व गांव में कोई भी निर्विवाद वरासत दर्ज करने को शेष नहीं है। फिर जिलाधिकारी द्वारा एडीएम व एसडीएम से 10 प्रतिशत राजस्व गांवों में रेंडम जांच कराई जाएगी। इसके साथ ही जिले की प्रगति रिपोर्ट वेबसाइट पर अपलोड कर दी जाएगी।
20 फरवरी को जिलाधिकारी व एसडीएम द्वारा जिले में निर्विवादित कृषि भूमि की वरासत अवशेष नहीं, का प्रमाणपत्र शासन को भेजा जाएगा। जिलाधिकारी ने बताया कि वरासत दर्ज कराने के लिए कोई भी व्यक्ति ऑनलाइन या ऑफलाइन आवेदन कर सकता है। चकबंदी वाले गांवों में ऑफलाइन आवेदन लिए जाएंगे। जिस भूमि पर विवाद है, उसका वाद के रूप में निस्तारण कराया जाएगा।
वरासत में अविवाहित बेटियों के नाम भी दर्ज होंगे
गांव में राजस्व टीमों के साथ ग्राम पंचायत सचिव भी मौजूद रहेंगे। इससे मौके पर ही परिवार रजिस्टर भी उपलब्ध रहे। पिता के नाम कृषि भूमि की वरासत में बेटों के साथ अविवाहित बेटियों के नाम भी दर्ज किए जाएंगे। एडीएम विवेक श्रीवास्तव, सीएमओ डॉ.वंदना सिंह, डीपीआरओ अमित कुमार त्यागी व अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

विनियमित क्षेत्र में चलेगा अभियान
जिलाधिकारी ने बताया कि शहर के विनियमित क्षेत्र में अवैध रूप से हो रहे निर्माण के संबंध में वह बैठक कर रूपरेखा तैयार करेंगे। इसके बाद अभियान के तहत कार्रवाई की जाएगी। वहीं सरकारी भूमि को अतिक्रमण व अवैध कब्जे से मुक्त कराया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed