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Farrukhabad News: रातोंरात हुई पांचालघाट पुल की मरम्मत
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फर्रुखाबाद। इटावा-बरेली राजमार्ग पर स्थित पांचालघाट पुल के धंसे जोड़ की देर रात मरम्मत की गई। क्षतिग्रस्त हिस्से पर लोहे की मोटी पट्टिका रखकर वेल्डिंग की गई, जिससे वाहन चालकों को तत्काल राहत मिली। हालांकि, इस मरम्मत की गुणवत्ता को लेकर स्थानीय लोगों ने सवाल खड़े किए हैं।
करीब 56 वर्ष पुराने लोहिया सेतु पर जोड़ धंसने से पिछले कई दिनों से यातायात प्रभावित था। सड़क के बीच बने गड्ढेनुमा हिस्से से गुजरते समय वाहन चालकों को खतरे का सामना करना पड़ रहा था। अमर उजाला ने बृहस्पतिवार 18 जून के अंक में खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। मामला उठाए जाने के बाद एनएचएआई का दल हरकत में आया और देर रात मरम्मत कार्य शुरू कराया। मरम्मत के दौरान कर्मचारियों ने धंसे हुए हिस्से पर लोहे की मोटी पट्टिका रखकर गार्डरों से वेल्डिंग की। इस दौरान कुछ समय के लिए यातायात रोककर वाहनों को नियंत्रित तरीके से निकाला गया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पट्टिका को केवल वेल्ड किया गया है, पेंच नहीं लगाए गए। भारी वाहनों के दबाव से वेल्डिंग टूटने और हिस्सा दोबारा धंसने की आशंका है। स्थानीय नागरिकों ने पुल की स्थायी और तकनीकी मानकों के अनुरूप मरम्मत कराने की मांग की है। वहीं, एनएचएआई के स्थल अभियंता विश्वास मिश्रा ने बताया कि मरम्मत कार्य जारी है। क्षतिग्रस्त हिस्से को पूरी मजबूती के साथ दुरुस्त कर सुरक्षित एवं सुचारु यातायात सुनिश्चित किया जाएगा।
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करीब 56 वर्ष पुराने लोहिया सेतु पर जोड़ धंसने से पिछले कई दिनों से यातायात प्रभावित था। सड़क के बीच बने गड्ढेनुमा हिस्से से गुजरते समय वाहन चालकों को खतरे का सामना करना पड़ रहा था। अमर उजाला ने बृहस्पतिवार 18 जून के अंक में खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। मामला उठाए जाने के बाद एनएचएआई का दल हरकत में आया और देर रात मरम्मत कार्य शुरू कराया। मरम्मत के दौरान कर्मचारियों ने धंसे हुए हिस्से पर लोहे की मोटी पट्टिका रखकर गार्डरों से वेल्डिंग की। इस दौरान कुछ समय के लिए यातायात रोककर वाहनों को नियंत्रित तरीके से निकाला गया।
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स्थानीय लोगों का कहना है कि पट्टिका को केवल वेल्ड किया गया है, पेंच नहीं लगाए गए। भारी वाहनों के दबाव से वेल्डिंग टूटने और हिस्सा दोबारा धंसने की आशंका है। स्थानीय नागरिकों ने पुल की स्थायी और तकनीकी मानकों के अनुरूप मरम्मत कराने की मांग की है। वहीं, एनएचएआई के स्थल अभियंता विश्वास मिश्रा ने बताया कि मरम्मत कार्य जारी है। क्षतिग्रस्त हिस्से को पूरी मजबूती के साथ दुरुस्त कर सुरक्षित एवं सुचारु यातायात सुनिश्चित किया जाएगा।
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