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मीटर रीडिंग से कम यूनिट का बिल बनाने वाले कर्मियों पर होगी रिपोर्ट
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फर्रुखाबाद। मीटर में आने वाली रीडिंग से कम यूनिट का बिल बनाने वाले मीटर रीडरों और फर्म के सुपरवाइजर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने का आदेश मुख्य अभियंता ने दिया है। जिले में कम यूनिट के बिल बनने के 11 मामले सामने आए हैं।
विद्युत उपभोक्ताओं के मीटर के अनुसार बिल बनाने का काम ठेके पर है। जिले में इसका ठेका मेसर्स पेस कंप्यूटर्स के पास है। फर्म के संविदा पर तैनात मीटर रीडर उपभोक्ताओं को खपत के अनुसार बिल न बनाकर कम यूनिट का बना कर देते हैं।
इसके एवज में कर्मचारी अपनी जेब गर्म करते हैं। इस तरह की लगातार शिकायतें मिलने पर दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम आगरा से कुछ दिन पूर्व एक टीम आई थी। जिसके सदस्यों ने शहरी, ग्रामीण व कायमगंज क्षेत्र के घरेेलू और कामर्शियल विद्युत कनेक्शनों के मीटरों को चेक किया।
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टीम को शहरी क्षेत्र में दो कामर्शियल और पांच घरेलू व कायमगंज डिवीजन क्षेत्र में चार उपभोक्ताओं के मीटर में रीडिंग स्टोर (अधिक रीडिंग) मिली। जबकि उनके बिल कम रीडिंग के मिले। टीम की रिपोर्ट के बाद प्रबंध निदेशक विद्युत ने नाराजगी जताई और कार्यदायी संस्था के सुपरवाइजर और मीटर रीडरों के खिलाफ कार्रवाई का आदेश दिया।
इस पर मुख्य अभियंता कानपुर विद्युत शेष कुमार ने शहरी व कायमगंज डिवीजन के एक्सईएन को मीटर में अधिक रीडिंग होने के बावजूद कम रीडिंग का बिल बनाकर देने वाले मीटर रीडरों और उनके सुपरवाइजर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने का आदेश दिया है।
एक्सईएन शहरी आरबी यादव ने बताया कि रिपोर्ट के आधार पर जिन उपभोक्ताओं के मीटर में रीडिंग स्टोर दिखाई गई है। उन उपभोक्ताओं के मीटरों की जांच कराई गई। अभी तक सात उपभोक्ताओं में से पांच की रिपोर्ट आई है।
इन उपभोक्ताओं की मीटर में कोई रीडिंग स्टोर नहीं मिली। इससे सर्वे करने आई टीम के प्रभारी को पत्र लिखा जाएगा। उनसे मीटर रीडिंग स्टोर किस प्रकार दिखाई गई। इसकी जानकारी की जाएगी।
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विद्युत उपभोक्ताओं के मीटर के अनुसार बिल बनाने का काम ठेके पर है। जिले में इसका ठेका मेसर्स पेस कंप्यूटर्स के पास है। फर्म के संविदा पर तैनात मीटर रीडर उपभोक्ताओं को खपत के अनुसार बिल न बनाकर कम यूनिट का बना कर देते हैं।
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इसके एवज में कर्मचारी अपनी जेब गर्म करते हैं। इस तरह की लगातार शिकायतें मिलने पर दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम आगरा से कुछ दिन पूर्व एक टीम आई थी। जिसके सदस्यों ने शहरी, ग्रामीण व कायमगंज क्षेत्र के घरेेलू और कामर्शियल विद्युत कनेक्शनों के मीटरों को चेक किया।
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टीम को शहरी क्षेत्र में दो कामर्शियल और पांच घरेलू व कायमगंज डिवीजन क्षेत्र में चार उपभोक्ताओं के मीटर में रीडिंग स्टोर (अधिक रीडिंग) मिली। जबकि उनके बिल कम रीडिंग के मिले। टीम की रिपोर्ट के बाद प्रबंध निदेशक विद्युत ने नाराजगी जताई और कार्यदायी संस्था के सुपरवाइजर और मीटर रीडरों के खिलाफ कार्रवाई का आदेश दिया।
इस पर मुख्य अभियंता कानपुर विद्युत शेष कुमार ने शहरी व कायमगंज डिवीजन के एक्सईएन को मीटर में अधिक रीडिंग होने के बावजूद कम रीडिंग का बिल बनाकर देने वाले मीटर रीडरों और उनके सुपरवाइजर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने का आदेश दिया है।
एक्सईएन शहरी आरबी यादव ने बताया कि रिपोर्ट के आधार पर जिन उपभोक्ताओं के मीटर में रीडिंग स्टोर दिखाई गई है। उन उपभोक्ताओं के मीटरों की जांच कराई गई। अभी तक सात उपभोक्ताओं में से पांच की रिपोर्ट आई है।
इन उपभोक्ताओं की मीटर में कोई रीडिंग स्टोर नहीं मिली। इससे सर्वे करने आई टीम के प्रभारी को पत्र लिखा जाएगा। उनसे मीटर रीडिंग स्टोर किस प्रकार दिखाई गई। इसकी जानकारी की जाएगी।