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सितवनपुर पिथू गोसदन में चार गाय मरीं
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नवाबगंज(फर्रुखाबाद)। मोहम्मदाबाद ब्लॉक क्षेत्र की ग्राम पंचायत सितवनपुर पिथू में शुक्रवार रात चार गाये मर गईं। जबकि बीमार तीन गोवंश अंतिम सांसें भर रहे हैं। बारिश में छाया की पर्याप्त व्यवस्था न होने से गोवंश कीचड़ में खड़े होकर गुजारा कर रहे हैं। कई स्थानों पर जलभराव भी है। चारे की व्यवस्था देखें तो काफी दिनों से दाना नहीं है, जबकि भूसा भी खत्म हो गया है। और तो और जिम्मेदार गोसदन देखने यदा-कदा ही पहुंचते हैं।
शासन से गोसंरक्षण पर भले ही करोड़ों रुपये खर्च किए जा रहे हैं, लेकिन स्थानीय स्तर पर आदेशों का क्रियान्वयन ठीक से नहीं हो पा रहा है। सीडीओ के आदेश के बावजूद सचिवों ने गोसदन वाली ग्राम पंचायतों में अपने आवास नहीं बनाए और न ही वह रोज गोसदन देखने जा रहे हैं। इससे व्यवस्थाएं दुरुस्त होने में अड़ंगा लग रहा है। ग्राम पंचायत सितवनपुर पिथू के मजरा हेकड़गंज में स्थायी गोसदन है। इसमें 352 गोवंश रखे जा रहे हैं। पिछले तीन-चार दिन से मौसम बदलने के साथ बारिश भी हो रही है। इससे गोसदन परिसर में कई जगह जलभराव व कीचड़ है। टिनशेड छोटा होने से छाया की भी पर्याप्त व्यवस्था नहीं है। इससे बारिश में भीगकर गोवंश बीमार पड़ रहे हैं। रात में चार गोवंश मर गए। उनका पोस्टमार्टम कराए बिना ही शव वहां से हटवा दिए गए।
गोसदन की रखवाली करने वाले गोरक्षक धर्मेंद्र ने बताया कि पिछले छह माह से उन्हें मानदेय न मिलने से उन्होंने काम छोड़ दिया है। जबकि ड्यूटी कर रहे किशोरीलाल, ओमवीर, विनय सिंह, रामराज व राजन ने बताया कि पिछले कई दिनों से गोसदन में दाना नहीं है। भूसा भी पर्याप्त नहीं दिया जाता। प्रतिदिन 15 क्विंटल भूसे की खपत है, जबकि इतना दिया नहीं जाता। हालात यह हैं कि गोसदन में बमुश्किल ढाई क्विंटल ही भूसा बचा है। जिसे सभी गाय, बछड़ा व सांड़ों को थोड़ा-थोड़ा डाला जाएगा। रविवार को गोवंश के चारे का कोई इंतजाम ही नहीं है। एडीओ पंचायत विनय चौहान ने बताया कि चार गाय मरने की जानकारी मिली है। मामले की जांच कराई जाएगी।
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शासन से गोसंरक्षण पर भले ही करोड़ों रुपये खर्च किए जा रहे हैं, लेकिन स्थानीय स्तर पर आदेशों का क्रियान्वयन ठीक से नहीं हो पा रहा है। सीडीओ के आदेश के बावजूद सचिवों ने गोसदन वाली ग्राम पंचायतों में अपने आवास नहीं बनाए और न ही वह रोज गोसदन देखने जा रहे हैं। इससे व्यवस्थाएं दुरुस्त होने में अड़ंगा लग रहा है। ग्राम पंचायत सितवनपुर पिथू के मजरा हेकड़गंज में स्थायी गोसदन है। इसमें 352 गोवंश रखे जा रहे हैं। पिछले तीन-चार दिन से मौसम बदलने के साथ बारिश भी हो रही है। इससे गोसदन परिसर में कई जगह जलभराव व कीचड़ है। टिनशेड छोटा होने से छाया की भी पर्याप्त व्यवस्था नहीं है। इससे बारिश में भीगकर गोवंश बीमार पड़ रहे हैं। रात में चार गोवंश मर गए। उनका पोस्टमार्टम कराए बिना ही शव वहां से हटवा दिए गए।
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गोसदन की रखवाली करने वाले गोरक्षक धर्मेंद्र ने बताया कि पिछले छह माह से उन्हें मानदेय न मिलने से उन्होंने काम छोड़ दिया है। जबकि ड्यूटी कर रहे किशोरीलाल, ओमवीर, विनय सिंह, रामराज व राजन ने बताया कि पिछले कई दिनों से गोसदन में दाना नहीं है। भूसा भी पर्याप्त नहीं दिया जाता। प्रतिदिन 15 क्विंटल भूसे की खपत है, जबकि इतना दिया नहीं जाता। हालात यह हैं कि गोसदन में बमुश्किल ढाई क्विंटल ही भूसा बचा है। जिसे सभी गाय, बछड़ा व सांड़ों को थोड़ा-थोड़ा डाला जाएगा। रविवार को गोवंश के चारे का कोई इंतजाम ही नहीं है। एडीओ पंचायत विनय चौहान ने बताया कि चार गाय मरने की जानकारी मिली है। मामले की जांच कराई जाएगी।
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