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Farrukhabad News: मारपीट में चार दोषियों को एक वर्ष परिवीक्षा अवधि की सजा
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फर्रुखाबाद। 25 वर्ष पुराने मारपीट व धमकी के मुकदमे में विशेष न्यायाधीश एससीएसटी महेंद्र सिंह ने चार दोषियों को एक वर्ष की परिवीक्षा अवधि की सजा सुनाई। एससीएसटी के आरोप में सभी को दोषमुक्त कर दिया।
कंपिल थाना क्षेत्र के मोहल्ला कहारन टोला निवासी शकुंतला देवी ने 15 अप्रैल 1998 को मोहल्ले के अवधेश, बृजपाल, श्यामपाल व प्यारे के खिलाफ मारपीट व एससीएसटी में मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें आरोप लगाया कि पुत्र अजमेरी के साथ गांव के कुछ लोगों ने मारपीट कर दी थी। इसकी पंचायत में परिजनों का विवाद हो गया था। 15 अप्रैल 1998 को यह लोग लाठी डंडे व धारदार हथियार लेकर आए। जातिसूचक गाली-गलौज कर भतीजे रामनरेश, ओमशरन व जेठ मुंशीलाल को मारपीट कर घायल कर दिया था।
विवेचक ने चारों आरोपियों के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की। मुकदमे की सुनवाई कर रहे न्यायाधीश ने मारपीट व धमकी के मामले में अवधेश, बृजपाल, श्यामपाल, प्यारे को दोषी करार देकर एक वर्ष परिवीक्षा अवधि की सजा सुनाई। एससीएसटी में सभी को दोषमुक्त कर दिया। 15 दिन के अंदर दोषियों को जिला प्रोबेशन अधिकारी के समक्ष पेश होने के आदेश दिए।
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कंपिल थाना क्षेत्र के मोहल्ला कहारन टोला निवासी शकुंतला देवी ने 15 अप्रैल 1998 को मोहल्ले के अवधेश, बृजपाल, श्यामपाल व प्यारे के खिलाफ मारपीट व एससीएसटी में मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें आरोप लगाया कि पुत्र अजमेरी के साथ गांव के कुछ लोगों ने मारपीट कर दी थी। इसकी पंचायत में परिजनों का विवाद हो गया था। 15 अप्रैल 1998 को यह लोग लाठी डंडे व धारदार हथियार लेकर आए। जातिसूचक गाली-गलौज कर भतीजे रामनरेश, ओमशरन व जेठ मुंशीलाल को मारपीट कर घायल कर दिया था।
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विवेचक ने चारों आरोपियों के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की। मुकदमे की सुनवाई कर रहे न्यायाधीश ने मारपीट व धमकी के मामले में अवधेश, बृजपाल, श्यामपाल, प्यारे को दोषी करार देकर एक वर्ष परिवीक्षा अवधि की सजा सुनाई। एससीएसटी में सभी को दोषमुक्त कर दिया। 15 दिन के अंदर दोषियों को जिला प्रोबेशन अधिकारी के समक्ष पेश होने के आदेश दिए।
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