{"_id":"672d09f270d1ebf4260ef164","slug":"e-rickshaw-driver-dies-after-consuming-poison-farrukhabad-news-c-22-1-sknp1018-104394-2024-11-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Farrukhabad News: जहर खाने से ई-रिक्शा चालक की मौत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Farrukhabad News: जहर खाने से ई-रिक्शा चालक की मौत
विज्ञापन
फर्रुखाबाद। जहर खाने से हालत बिगड़ने पर लोहिया अस्पताल में भर्ती ई-रिक्शा चालक ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। परिजन शव घर ले जाने पर अड़े रहे, मगर अस्पताल प्रशासन ने मोर्चरी में रखवाकर पुलिस को सूचना दी। भाई ने कहा कि वह कई सालों से टीबी से पीड़ित थे। मां भी बीमार रहती हैं।
मऊदरवाजा थाने के गांव खगऊ निवासी अरविंद (40) को जहर खाने से हालत बिगड़ने पर बुधवार देर रात उसके भाई जीतू ने लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया। करीब एक घंटे इलाज चलने के बाद उसने दम तोड़ दिया। परिजन शव घर ले जाने पर अड़ गए। अस्पताल कर्मियों ने बिना पुलिस को सूचना दिए शव न देने की बात कह दी।
इस पर काफी देर विवाद होता रहा। आखिरकार शव मोर्चरी में रखवाकर पुलिस को सूचना दे दी गई। भाई जीतू ने बताया कि अरविंद कई सालों से टीबी रोग से पीड़ित था। उसकी पत्नी दो बेटी नन्ही व पिंकी को छोड़कर चली गई थी। भाई ई-रिक्शा चलाकर परिवार का भरण पोषण करता था। हालत बिगड़ने पर उसे लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया था। मां राजनश्री मानसिक बीमार हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
मऊदरवाजा थाने के गांव खगऊ निवासी अरविंद (40) को जहर खाने से हालत बिगड़ने पर बुधवार देर रात उसके भाई जीतू ने लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया। करीब एक घंटे इलाज चलने के बाद उसने दम तोड़ दिया। परिजन शव घर ले जाने पर अड़ गए। अस्पताल कर्मियों ने बिना पुलिस को सूचना दिए शव न देने की बात कह दी।
विज्ञापन
इस पर काफी देर विवाद होता रहा। आखिरकार शव मोर्चरी में रखवाकर पुलिस को सूचना दे दी गई। भाई जीतू ने बताया कि अरविंद कई सालों से टीबी रोग से पीड़ित था। उसकी पत्नी दो बेटी नन्ही व पिंकी को छोड़कर चली गई थी। भाई ई-रिक्शा चलाकर परिवार का भरण पोषण करता था। हालत बिगड़ने पर उसे लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया था। मां राजनश्री मानसिक बीमार हैं।
विज्ञापन