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25 हजार लागत, आलू बिकने के बाद हाथ आए 12 हजार
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सातनपुर मंडी में आए आलू को देखते व्यापारी व आढ़ती। संवाद
- फोटो : FARRUKHABAD
फर्रुखाबाद। अक्तूबर में हुई बारिश ने अगैती आलू की फसल को सबसे ज्यादा प्रभावित किया। कायमगंज क्षेत्र के एक किसान के साढ़े तीन बीघा खेत में केवल 19 बोरी (पैकेट) ही आलू निकला है।
गांव इजौर निवासी सोनेलाल ने बताया कि जुताई, बुवाई, खाद सिंचाई, मजदूरी आदि पर 25 हजार रुपये खर्च हुए थे। शुक्रवार को खुदाई की तो केवल 19 बोरी ही आलू निकला। शनिवार को सातनपुर मंडी में दीपू कटियार की आढ़त पर 700 रुपये प्रति बोरी के हिसाब से मात्र 12 हजार रुपये ही मिले। किसान ने बताया कि बारिश से पूरा खेत पानी से भर गया था।
आलू खरीद का नया सत्र कल से
फर्रुखाबाद। आलू मंडी आढ़ती एसोसिएशन के अध्यक्ष सुधीर वर्मा उर्फ रिंकू की देखरेख में सातनपुर मंडी में सोमवार को यज्ञ के साथ नए आलू खरीद के सत्र का शुभारंभ होगा। अध्यक्ष ने बताया कि सुबह नौ बजे यज्ञ का शुरू होगा।
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गांव इजौर निवासी सोनेलाल ने बताया कि जुताई, बुवाई, खाद सिंचाई, मजदूरी आदि पर 25 हजार रुपये खर्च हुए थे। शुक्रवार को खुदाई की तो केवल 19 बोरी ही आलू निकला। शनिवार को सातनपुर मंडी में दीपू कटियार की आढ़त पर 700 रुपये प्रति बोरी के हिसाब से मात्र 12 हजार रुपये ही मिले। किसान ने बताया कि बारिश से पूरा खेत पानी से भर गया था।
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आलू खरीद का नया सत्र कल से
फर्रुखाबाद। आलू मंडी आढ़ती एसोसिएशन के अध्यक्ष सुधीर वर्मा उर्फ रिंकू की देखरेख में सातनपुर मंडी में सोमवार को यज्ञ के साथ नए आलू खरीद के सत्र का शुभारंभ होगा। अध्यक्ष ने बताया कि सुबह नौ बजे यज्ञ का शुरू होगा।
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