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चरित्र पर संदेह में बीवी को मार डाला
फैजाबाद/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 03 Dec 2015 11:47 PM IST
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हैदरगंज थाना क्षेत्र के गांव में बुधवार रात एक पति ने क्रूरता की हदें पार कर दीं। पत्नी के चेहरे को कुदाल के पासे व ईंट से कूंचकर हत्या कर दी।
मां के साथ मौजूद मासूम बच्चे पिता से मां को नहीं मारने की मिन्नतें करते रहे लेकिन क्रोध में पागल हो चुके पिता को उन पर भी तरस नहीं आया।
उसने पांच साल के बेटे को भी कुदाल से हमला कर घायल कर दिया है। वारदात के बाद बौखलाया पिता भाग गया। मृत महिला के चाचा ने रिपोर्ट दर्ज करा दी है।
पुलिस का कहना है कि वारदात के पीछे बीवी के चरित्र पर संदेह की बात सामने आई है। सिरसा नियाजपुर मजरे बनकठवा गांव निवासी मुरली के तीन बेटे राजमनि, शिव कुमार व राज कुमार हैं, जो अलग-अलग रहते हैं।
राजमनि का विवाह 15 वर्ष पूर्व तारुन के करनाईपुर निवासी राममूरत की बेटी आशा के साथ हुआ था। जिससे पांच बच्चे आंचल (12), गुंजा (9), कोमल (7), अंशिका (6) व ऋतिक (5) हैं।
बुधवार रात उसका भाई शिव कुमार आरकेस्ट्रा देखने भीटी चला गया था, इसलिए उसकी पत्नी पूनम जेठानी आशा की बेटी गुंजा को साथ लेकर सोई हुई थी।
जबकि दूसरे कमरे में राजमनि उसकी पत्नी आशा व बेटी कोमल व बेटा ऋतिक पुआल पर लेटे हुए थे। आशा के सोते ही राजमनि ने भाई की पत्नी के कमरे की बाहर से कुंडी लगा दी।
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इसको बाद वह कुदाल उठा लाया और अपनी पत्नी आशा (30) के चेहरे व मस्तक पर कुदाल के पासे व पास रखे ईंट से हमला बोल दिया। इसमें आशा की मौत हो गई।
मां के आंचल से लिपट कर सो रहा बेटा ऋतिक व बेटी कोमल चीख-पुकार सुनकर जाग गईं और मां को न मारने की बाप से विनती करने लगीं। बच्चों के जाग जाने व रोने चिल्लाने पर राजमनि ने बौखला कर बेटे ऋतिक पर भी हमला कर दिया।
मासूम के हाथ में कुदाल से कटने की चोट आई है। घटना को अंजाम देने के बाद राजमनि भाग गया। छप्पर में सो रही दादी चंद्रावती व दादा मुरली को दोनों बच्चों ने रोते हुए घटना की जानकारी दी।
चीखने की आवाजें सुन ग्रामीण राजमनि को पकड़ने के लिए दौड़े लेकिन उसका पता नहीं लगा। सुबह घटना की जानकारी पर मृतक आशा के मायके से पहुंचे लोगों ने हंगामा शुरू कर दिया।
घटनास्थल पर पहुंचे थाना प्रभारी कमलापति ओझा ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजवाया। उन्होंने बताया कि मृतका के चाचा संतराम ने राजमनि के विरुद्ध हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई है।
जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा। राजमनि शराबी था और पत्नी को हमेशा शक की निगाह से देखता था। अक्सर वह अपनी पत्नी को मारता-पीटता था।
इससे नाराज आशा अक्सर मायके चली जाया करती थी। पुलिस ने प्रत्यक्षदर्शी बच्चों का भी बयान लिया है। बच्चों की आंखों देखी सुन लोग सहम जा रहे थे।
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मां के साथ मौजूद मासूम बच्चे पिता से मां को नहीं मारने की मिन्नतें करते रहे लेकिन क्रोध में पागल हो चुके पिता को उन पर भी तरस नहीं आया।
उसने पांच साल के बेटे को भी कुदाल से हमला कर घायल कर दिया है। वारदात के बाद बौखलाया पिता भाग गया। मृत महिला के चाचा ने रिपोर्ट दर्ज करा दी है।
पुलिस का कहना है कि वारदात के पीछे बीवी के चरित्र पर संदेह की बात सामने आई है। सिरसा नियाजपुर मजरे बनकठवा गांव निवासी मुरली के तीन बेटे राजमनि, शिव कुमार व राज कुमार हैं, जो अलग-अलग रहते हैं।
राजमनि का विवाह 15 वर्ष पूर्व तारुन के करनाईपुर निवासी राममूरत की बेटी आशा के साथ हुआ था। जिससे पांच बच्चे आंचल (12), गुंजा (9), कोमल (7), अंशिका (6) व ऋतिक (5) हैं।
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बुधवार रात उसका भाई शिव कुमार आरकेस्ट्रा देखने भीटी चला गया था, इसलिए उसकी पत्नी पूनम जेठानी आशा की बेटी गुंजा को साथ लेकर सोई हुई थी।
जबकि दूसरे कमरे में राजमनि उसकी पत्नी आशा व बेटी कोमल व बेटा ऋतिक पुआल पर लेटे हुए थे। आशा के सोते ही राजमनि ने भाई की पत्नी के कमरे की बाहर से कुंडी लगा दी।
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इसको बाद वह कुदाल उठा लाया और अपनी पत्नी आशा (30) के चेहरे व मस्तक पर कुदाल के पासे व पास रखे ईंट से हमला बोल दिया। इसमें आशा की मौत हो गई।
मां के आंचल से लिपट कर सो रहा बेटा ऋतिक व बेटी कोमल चीख-पुकार सुनकर जाग गईं और मां को न मारने की बाप से विनती करने लगीं। बच्चों के जाग जाने व रोने चिल्लाने पर राजमनि ने बौखला कर बेटे ऋतिक पर भी हमला कर दिया।
मासूम के हाथ में कुदाल से कटने की चोट आई है। घटना को अंजाम देने के बाद राजमनि भाग गया। छप्पर में सो रही दादी चंद्रावती व दादा मुरली को दोनों बच्चों ने रोते हुए घटना की जानकारी दी।
चीखने की आवाजें सुन ग्रामीण राजमनि को पकड़ने के लिए दौड़े लेकिन उसका पता नहीं लगा। सुबह घटना की जानकारी पर मृतक आशा के मायके से पहुंचे लोगों ने हंगामा शुरू कर दिया।
घटनास्थल पर पहुंचे थाना प्रभारी कमलापति ओझा ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजवाया। उन्होंने बताया कि मृतका के चाचा संतराम ने राजमनि के विरुद्ध हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई है।
जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा। राजमनि शराबी था और पत्नी को हमेशा शक की निगाह से देखता था। अक्सर वह अपनी पत्नी को मारता-पीटता था।
इससे नाराज आशा अक्सर मायके चली जाया करती थी। पुलिस ने प्रत्यक्षदर्शी बच्चों का भी बयान लिया है। बच्चों की आंखों देखी सुन लोग सहम जा रहे थे।