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आज से खुलेंगे जूनियर स्कूल, तैयारी पूरी
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अयोध्या-उदया पब्लिक स्कूल में क्लास व प्रवेश गेट सेनेटाइज करवाते प्रधानाचार्य
- फोटो : FAIZABAD
अयोध्या। मुख्यमंत्री के निर्देश पर बुधवार से स्कूल खोलने को लेकर तैयारियां पूरी की गई हैं। कोरोना संक्रमण काल के करीब 11 महीने बाद बुधवार से जूनियर विद्यालयों में करीब 80 हजार बच्चे पहली बार चहल-कदमी करते देखे जा सकेंगे। मंगलवार को दिन भर तैयारियों को अंतिम रूप दिया गया।
जिले में बेसिक शिक्षा विभाग के अधीन 566 उच्च प्राथमिक विद्यालय संचालित हैं। कोरोना संक्रमण के बाद मार्च से ही सभी स्कूल बंद किए गए थे। अक्तूबर माह में संक्रमण थमने पर कक्षा नौ से 12 तक के बच्चों की कक्षाएं तो शुरू कर दी गईं, लेकिन छोटे बच्चे अभी तक स्कूल से दूर रहे। संक्रमण काल के दौरान जिले में सरकारी व निजी विद्यालयों को मिलाकर कक्षा छह से आठवीं तक करीब 80 हजार बच्चों ने पंजीकरण कराया। इनमें 74365 बच्चे यूपी बोर्ड के विद्यालयों में पंजीकृत हैं।
इन बच्चों का पंजीकरण तो समयानुसार इस बार भी हो गया, लेकिन स्कूल का मुंह यह अभी तक नहीं देख सके थे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर दो चरणों में प्राइमरी व जूनियर के बच्चों के लिए स्कूल खुलने का निर्देश दिया गया तो बच्चे व अभिभावक से लेकर स्कूल प्रबंधन तक उत्साहित हुए। प्रथम चरण में बुधवार से कक्षा छह से आठवीं तक के बच्चों को स्कूल बुलाया गया है।
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जारी निर्देश के अनुसार सप्ताह में सोमवार एवं बृहस्पतिवार को 50 प्रतिशत उपस्थिति के साथ कक्षा 6, मंगलवार एवं शुक्रवार को कक्षा 7 व बुधवार एवं शनिवार को 50 प्रतिशत उपस्थिति के साथ कक्षा 8 की कक्षाएं संचालित करने को कहा गया है। इस स्थिति में बच्चे को सप्ताह में केवल एक दिन स्कूल आने का मौका मिलेगा। सभी बच्चों को अपने अभिभावकों से प्रारूप के निर्देशानुसार सहमति पत्र लाना आवश्यक होगा। सभी बच्चे विद्यालय में मास्क लगाएंगे। पेन, पेंसिल, कॉपी, टिफिन, पानी की बोतल व किसी भी चीज का आदन-प्रदान नहीं करेंगे। लंच के समय बच्चे कक्षाओं में ही लंच करेंगे व सदैव सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करेंगे।
जिले के सभी स्कूलों में मंगलवार को तैयारियां जोरों पर रहीं। शहर के उदया पब्लिक स्कूल में प्रधानाचार्य जीवेंद्र सिंह ने अपनी मौजूदगी में प्रवेश द्वार, कक्षा कक्ष, शौचालय सहित स्कूल परिसर को सैनिटाइज कराया। शिक्षकों को भी आदेश के क्रियान्वयन के लिए दिशा-निर्देश दिया। प्रधानाचार्य जीवेंद्र सिंह ने कहा कि 6, 7 व 8 के लिए प्रतिदिन 50 फीसदी उपस्थिति के साथ यदि बच्चों के आने का निर्देश हुआ होता तो ज्यादा अच्छा रहता। इस स्थिति में हर बच्चे को सप्ताह में तीन दिन आने का मौका मिलता।
जनता अवध इंटर कॉलेज तुलसी नगर अयोध्या के प्रधानाचार्य वीर बहादुर विक्रमादित्य सिंह ने बताया कि बुधवार से जूनियर की कक्षाएं संचालित करने की तैयारी पूरी हो गई है। बच्चों से सहमति पत्र मांगा जा रहा है। अभी तो फिलहाल कम छात्रों ने ही सहमति दी है।
फिर भी शासन की गाइड लाइन के अनुपालन में हर पहलुओं को ध्यान में रखकर तैयारी की गई है। पूर्व में नौ से बारह तक की कक्षाएं सकुशल संचालित की जा रही हैं। डीआरएम पब्लिक स्कूल के निदेशक तुषार तिवारी ने बताया कि अभिभावकों से सहमति के आधार पर बच्चों को बुधवार से बुलाया गया है। मुख्य द्वार पर सैनिटाइजेशन, थर्मल स्कैनिंग के बाद ही बच्चों को प्रवेश दिया जाएगा। किसी भी वस्तु के आदान-प्रदान के लिए सख्त मना किया गया है। निगरानी के लिए लोगों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। सरकार के निर्देशों का अनुपालन करते हुए कक्षाएं संचालित की जाएंगी।
सरकार की गाइडलाइन को ध्यान में रखकर कक्षाएं संचालित करने के लिए स्कूलों को निर्देश दिया गया है। अपने स्तर से भी निरीक्षण किया जाएगा। किसी प्रकार की लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ कार्रवाई भी होगी। -संतोष देव पांडेय, बीएसए, अयोध्या
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जिले में बेसिक शिक्षा विभाग के अधीन 566 उच्च प्राथमिक विद्यालय संचालित हैं। कोरोना संक्रमण के बाद मार्च से ही सभी स्कूल बंद किए गए थे। अक्तूबर माह में संक्रमण थमने पर कक्षा नौ से 12 तक के बच्चों की कक्षाएं तो शुरू कर दी गईं, लेकिन छोटे बच्चे अभी तक स्कूल से दूर रहे। संक्रमण काल के दौरान जिले में सरकारी व निजी विद्यालयों को मिलाकर कक्षा छह से आठवीं तक करीब 80 हजार बच्चों ने पंजीकरण कराया। इनमें 74365 बच्चे यूपी बोर्ड के विद्यालयों में पंजीकृत हैं।
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इन बच्चों का पंजीकरण तो समयानुसार इस बार भी हो गया, लेकिन स्कूल का मुंह यह अभी तक नहीं देख सके थे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर दो चरणों में प्राइमरी व जूनियर के बच्चों के लिए स्कूल खुलने का निर्देश दिया गया तो बच्चे व अभिभावक से लेकर स्कूल प्रबंधन तक उत्साहित हुए। प्रथम चरण में बुधवार से कक्षा छह से आठवीं तक के बच्चों को स्कूल बुलाया गया है।
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जारी निर्देश के अनुसार सप्ताह में सोमवार एवं बृहस्पतिवार को 50 प्रतिशत उपस्थिति के साथ कक्षा 6, मंगलवार एवं शुक्रवार को कक्षा 7 व बुधवार एवं शनिवार को 50 प्रतिशत उपस्थिति के साथ कक्षा 8 की कक्षाएं संचालित करने को कहा गया है। इस स्थिति में बच्चे को सप्ताह में केवल एक दिन स्कूल आने का मौका मिलेगा। सभी बच्चों को अपने अभिभावकों से प्रारूप के निर्देशानुसार सहमति पत्र लाना आवश्यक होगा। सभी बच्चे विद्यालय में मास्क लगाएंगे। पेन, पेंसिल, कॉपी, टिफिन, पानी की बोतल व किसी भी चीज का आदन-प्रदान नहीं करेंगे। लंच के समय बच्चे कक्षाओं में ही लंच करेंगे व सदैव सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करेंगे।
जिले के सभी स्कूलों में मंगलवार को तैयारियां जोरों पर रहीं। शहर के उदया पब्लिक स्कूल में प्रधानाचार्य जीवेंद्र सिंह ने अपनी मौजूदगी में प्रवेश द्वार, कक्षा कक्ष, शौचालय सहित स्कूल परिसर को सैनिटाइज कराया। शिक्षकों को भी आदेश के क्रियान्वयन के लिए दिशा-निर्देश दिया। प्रधानाचार्य जीवेंद्र सिंह ने कहा कि 6, 7 व 8 के लिए प्रतिदिन 50 फीसदी उपस्थिति के साथ यदि बच्चों के आने का निर्देश हुआ होता तो ज्यादा अच्छा रहता। इस स्थिति में हर बच्चे को सप्ताह में तीन दिन आने का मौका मिलता।
जनता अवध इंटर कॉलेज तुलसी नगर अयोध्या के प्रधानाचार्य वीर बहादुर विक्रमादित्य सिंह ने बताया कि बुधवार से जूनियर की कक्षाएं संचालित करने की तैयारी पूरी हो गई है। बच्चों से सहमति पत्र मांगा जा रहा है। अभी तो फिलहाल कम छात्रों ने ही सहमति दी है।
फिर भी शासन की गाइड लाइन के अनुपालन में हर पहलुओं को ध्यान में रखकर तैयारी की गई है। पूर्व में नौ से बारह तक की कक्षाएं सकुशल संचालित की जा रही हैं। डीआरएम पब्लिक स्कूल के निदेशक तुषार तिवारी ने बताया कि अभिभावकों से सहमति के आधार पर बच्चों को बुधवार से बुलाया गया है। मुख्य द्वार पर सैनिटाइजेशन, थर्मल स्कैनिंग के बाद ही बच्चों को प्रवेश दिया जाएगा। किसी भी वस्तु के आदान-प्रदान के लिए सख्त मना किया गया है। निगरानी के लिए लोगों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। सरकार के निर्देशों का अनुपालन करते हुए कक्षाएं संचालित की जाएंगी।
सरकार की गाइडलाइन को ध्यान में रखकर कक्षाएं संचालित करने के लिए स्कूलों को निर्देश दिया गया है। अपने स्तर से भी निरीक्षण किया जाएगा। किसी प्रकार की लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ कार्रवाई भी होगी। -संतोष देव पांडेय, बीएसए, अयोध्या